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गड्ढे में डूबने से बालक की गई जान
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ललितपुर। थाना मड़ावरा अंतर्गत ग्राम गढ़ौलीकलां में एक बालक मंगलवार की शाम को खेत से घर लौटा और खेलने के बाहर निकल गया। काफी देर तक नहीं लौटने पर परिजनों ने उसे खोजा की तो उसकी चप्पलें बाड़े के पीछे बने गड्ढे में मिली। परिजनों व ग्रामीणों ने गड्ढे में कूदकर देखा तो उसका शव गड्ढे में डूबा मिला। मड़ावरा थाना पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मड़ावरा क्षेत्र के ग्राम गढ़ौलीकलां निवासी अंश (11) पुत्र जय सिंह कुर्मी बीते मंगलवार की शाम को करीब साढ़े पांच बजे खेत से घर लौटा। इससे पहले उसने घर के बाहर ठेला पर चाट टिक्की खाई। फिर घर में गया और कुछ ही मिनट रूककर खेलने की बात कहकर घर से निकल गया। जब वह करीब डेढ़ घंटे तक भी नहीं लौटा तो परिजनों को चिंता हुई। तब परिजनों व अन्य लोगों ने उस काफी देर खोजा लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला। इसके बाद परिजन देर शाम करीब सात बजे जब बाडे़ के पीछे गए तो वहां बने गड्ढे के समीप अंश की चप्पलें दिखाई दीं। यह देख परिजनों में चीख पुकार मच गई। इसी समय आसपास के लोग एकत्र हो गए।
ग्रामीणों ने गड्ढे के गहरे पानी में उतरकर रात पौने नौ बजे उसका शव बाहर निकाला। यह नजारा देखकर परिजनों में कोहराम मच गया। जानकारी मिलने पर थाना मड़ावरा पुलिस मौके पर पहुुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के पिता जय सिंह ने बताया कि उसका बेटा कभी गड्ढे की तरफ नहीं जाता था और न ही उसकी किसी ने रंजिश थी। उसने कहा कि उसका बेटा खेलते हुए बाड़े के पीछे चला गया होगा। उसने बताया कि यह गड्ढा पूर्व प्रधान ने सिंचाई के लिए बनवाया था और यह गड्ढा करीब पंद्रह फुट गहरा होगा।
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बालक की पानी में डूबने से मौत होने की सूचना पर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। घटना की तहरीर मिलने पर जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। - धर्मेंद्र सिंह, थाना इंचार्ज, मड़ावरा
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मड़ावरा क्षेत्र के ग्राम गढ़ौलीकलां निवासी अंश (11) पुत्र जय सिंह कुर्मी बीते मंगलवार की शाम को करीब साढ़े पांच बजे खेत से घर लौटा। इससे पहले उसने घर के बाहर ठेला पर चाट टिक्की खाई। फिर घर में गया और कुछ ही मिनट रूककर खेलने की बात कहकर घर से निकल गया। जब वह करीब डेढ़ घंटे तक भी नहीं लौटा तो परिजनों को चिंता हुई। तब परिजनों व अन्य लोगों ने उस काफी देर खोजा लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला। इसके बाद परिजन देर शाम करीब सात बजे जब बाडे़ के पीछे गए तो वहां बने गड्ढे के समीप अंश की चप्पलें दिखाई दीं। यह देख परिजनों में चीख पुकार मच गई। इसी समय आसपास के लोग एकत्र हो गए।
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ग्रामीणों ने गड्ढे के गहरे पानी में उतरकर रात पौने नौ बजे उसका शव बाहर निकाला। यह नजारा देखकर परिजनों में कोहराम मच गया। जानकारी मिलने पर थाना मड़ावरा पुलिस मौके पर पहुुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के पिता जय सिंह ने बताया कि उसका बेटा कभी गड्ढे की तरफ नहीं जाता था और न ही उसकी किसी ने रंजिश थी। उसने कहा कि उसका बेटा खेलते हुए बाड़े के पीछे चला गया होगा। उसने बताया कि यह गड्ढा पूर्व प्रधान ने सिंचाई के लिए बनवाया था और यह गड्ढा करीब पंद्रह फुट गहरा होगा।
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बालक की पानी में डूबने से मौत होने की सूचना पर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। घटना की तहरीर मिलने पर जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। - धर्मेंद्र सिंह, थाना इंचार्ज, मड़ावरा