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कार्यप्रणाली न सुधरी तो रुकेगी वेतन वृद्धि
ब्यूरो/अमर उजाला
Updated Tue, 16 Jun 2015 01:11 AM IST
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स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को पटरी पर लाने के लिए सभी चिकित्साधिकारियों ने नियमित निरीक्षण के साथ समयबद्ध तरीके से आख्या भेजने के निर्देश दिए हैं। ओपीडी में आ रही कमी को दूर करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं। इसके बाद भी विभागीय स्तर पर उदासीनता बरती जा रही है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. सत्येंद्र कुमार ने बांसी में तैनात डा. गंगाराम को निरीक्षण आख्या प्रस्तुत न करने तथा किसलवास में तैनात डा. प्रदीप, गदयाना में तैनात डा. जयराम वर्मा एवं बुढ़वार में तैनात डा. अब्दुल कलीम को ओपीडी में कमी पाए जाने पर चेतावनी जारी करते हुए एक माह में सुधार की हिदायत दी है। वहीं, एडी के लोकेशन सत्यापन के दौरान मोबाइल स्विच ऑफ मिलने पर महरौनी में तैनात डा. पूजा गुप्ता एवं सीएमएस जिला चिकित्सालय के निर्देशों की अवहेलना करने पर कल्यानपुरा में तैनात डा. निर्भय नारायण का वेतन रोकने के निर्देश दिए हैं।
वहीं, दूसरी ओर ग्रामीण क्षेत्रों में कार्यरत स्वास्थ्य कार्यकर्ता और पर्यवेक्षक की मनमानी रोकने के लिए उनकी वेतन वृद्धि रोके जाने का निर्णय लिया है। इसके लिए सभी पीएचसी और सीएचसी स्तर से उनकी आख्या मांगी जा रही है।
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वहीं, दूसरी ओर ग्रामीण क्षेत्रों में कार्यरत स्वास्थ्य कार्यकर्ता और पर्यवेक्षक की मनमानी रोकने के लिए उनकी वेतन वृद्धि रोके जाने का निर्णय लिया है। इसके लिए सभी पीएचसी और सीएचसी स्तर से उनकी आख्या मांगी जा रही है।
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