{"_id":"65f601d53e11a5d95d0b9774","slug":"administrative-judge-found-everything-fine-during-inspection-lalitpur-news-c-131-1-ltp1002-111956-2024-03-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lalitpur News: प्रशासनिक न्यायाधीश को निरीक्षण में सब कुछ मिला दुरुस्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lalitpur News: प्रशासनिक न्यायाधीश को निरीक्षण में सब कुछ मिला दुरुस्त
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। प्रशासनिक न्यायाधीश मयंक जैन ने जनपद भ्रमण के दौरान दैलवारा संप्रेक्षण गृह, जनपद न्यायाधीश परिसर व महरौनी न्यायालय परिसर का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिवक्ता संघ के कार्यक्रम में भी प्रतिभाग किया।
निरीक्षण के दौरान जो छोटी मोटी कमियां मिलीं, उन्हें दुरुस्त करने के आदेश दिए। अधिवक्ता संघ के महिला सशक्तीकरण कार्यक्रम में वह सपत्नीक शामिल हुए। उन्होंने कहा कि महिलाएं आज के दौर में किसे कम नहीं हैं। विभिन्न क्षेत्रों वे अपनी काबलियत के दम पर आगे बढ़ रही हैं। उन्होंने बताया कि हाईकोर्ट में भी हाल ही में हुई भर्ती में छह सौ पदों में 268 पदों पर महिलाओं का चयन हुआ है। कार्यक्रम के दौरान जनपद स्तर के न्यायाधीश व जिला स्तर की महिला अधिकारी मौजूद रहीं।
-- -- -- --
महरौनी-ललितपुर। महरौनी बार एसोसिएशन ने मुख्य न्यायमूर्ति उच्च न्यायालय प्रयागराज को संबोधित एक ज्ञापन प्रशासनिक न्यायमूर्ति मयंक जैन को सौंपकर अपर जिला जज का पद सृजित करने की मांग उठाई। शनिवार को यहां मुआयना करने आए प्रशासनिक न्यायमूर्ति को बार संघ ने ज्ञापन सौंपकर बताया कि महरौनी वाह्य न्यायालय में अपर जिला जज का पद सृजित करने के सभी मानक पूर्ण हैं। महरौनी वाह्य न्यायालय में पर्याप्त जगह उपलब्ध है। अपर जिला जज का पद महरौनी में सृजित होने से वादों के निस्तारण में शीघ्रता होगी। वहीं अधिवक्ताओं के बैठने के लिए समुचित व्यवस्था की मांग की गई। इस अवसर पर जिला जज चंद्रोदय कुमार, अपर जिला जज कुलदीप सिंह, सुरेश कुमार दिवाकर अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, अतुल सिविल जज (जू डिविजन), प्रेमनारायण सोनी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
-- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -
ग्रामीण क्षेत्रों में शिविर लगाकर लोक अदालत आयोजित करने की मांग
प्रशासनिक न्यायाधीश को अधिवक्ता भगवत प्रसाद पाठक ने एक प्रार्थनापत्र सौंपा। उन्होंने ग्रामीण स्तरों पर लोक अदालत आयोजित करने की मांग उठाई। पत्र में बताया कि ग्रामीण अंचल के लोग जिला एवं तहसील मुख्यालय पर नहीं पहुंच पाते हैं, इसके लिए गांव में शिविर लगाकर लोक अदालत का आयोजन किया जाए। साथ ही उन्होंने प्रशासनिक न्यायमूर्ति से न्यायालय में जाकर निरीक्षण करने की मांग उठाई।
विज्ञापन
ललितपुर। प्रशासनिक न्यायाधीश मयंक जैन ने जनपद भ्रमण के दौरान दैलवारा संप्रेक्षण गृह, जनपद न्यायाधीश परिसर व महरौनी न्यायालय परिसर का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिवक्ता संघ के कार्यक्रम में भी प्रतिभाग किया।
निरीक्षण के दौरान जो छोटी मोटी कमियां मिलीं, उन्हें दुरुस्त करने के आदेश दिए। अधिवक्ता संघ के महिला सशक्तीकरण कार्यक्रम में वह सपत्नीक शामिल हुए। उन्होंने कहा कि महिलाएं आज के दौर में किसे कम नहीं हैं। विभिन्न क्षेत्रों वे अपनी काबलियत के दम पर आगे बढ़ रही हैं। उन्होंने बताया कि हाईकोर्ट में भी हाल ही में हुई भर्ती में छह सौ पदों में 268 पदों पर महिलाओं का चयन हुआ है। कार्यक्रम के दौरान जनपद स्तर के न्यायाधीश व जिला स्तर की महिला अधिकारी मौजूद रहीं।
विज्ञापन
महरौनी-ललितपुर। महरौनी बार एसोसिएशन ने मुख्य न्यायमूर्ति उच्च न्यायालय प्रयागराज को संबोधित एक ज्ञापन प्रशासनिक न्यायमूर्ति मयंक जैन को सौंपकर अपर जिला जज का पद सृजित करने की मांग उठाई। शनिवार को यहां मुआयना करने आए प्रशासनिक न्यायमूर्ति को बार संघ ने ज्ञापन सौंपकर बताया कि महरौनी वाह्य न्यायालय में अपर जिला जज का पद सृजित करने के सभी मानक पूर्ण हैं। महरौनी वाह्य न्यायालय में पर्याप्त जगह उपलब्ध है। अपर जिला जज का पद महरौनी में सृजित होने से वादों के निस्तारण में शीघ्रता होगी। वहीं अधिवक्ताओं के बैठने के लिए समुचित व्यवस्था की मांग की गई। इस अवसर पर जिला जज चंद्रोदय कुमार, अपर जिला जज कुलदीप सिंह, सुरेश कुमार दिवाकर अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, अतुल सिविल जज (जू डिविजन), प्रेमनारायण सोनी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
ग्रामीण क्षेत्रों में शिविर लगाकर लोक अदालत आयोजित करने की मांग
प्रशासनिक न्यायाधीश को अधिवक्ता भगवत प्रसाद पाठक ने एक प्रार्थनापत्र सौंपा। उन्होंने ग्रामीण स्तरों पर लोक अदालत आयोजित करने की मांग उठाई। पत्र में बताया कि ग्रामीण अंचल के लोग जिला एवं तहसील मुख्यालय पर नहीं पहुंच पाते हैं, इसके लिए गांव में शिविर लगाकर लोक अदालत का आयोजन किया जाए। साथ ही उन्होंने प्रशासनिक न्यायमूर्ति से न्यायालय में जाकर निरीक्षण करने की मांग उठाई।