फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lalitpur News ›   सहकारी समितियों पर रबी सीजन के लिए खाद पर्याप्त

सहकारी समितियों पर रबी सीजन के लिए खाद पर्याप्त

Mon, 15 Oct 2018 01:21 AM IST
Updated Mon, 15 Oct 2018 01:21 AM IST
विज्ञापन
सहकारी समितियों पर रबी सीजन के लिए खाद पर्याप्त
सहकारी समितियों पर रबी सीजन के लिए खाद पर्याप्त
विज्ञापन

ललितपुर। सहकारिता विभाग ने रबी सीजन की अभी से तैयारी शुरू कर दी है। समितियों पर खाद, बीज की उपलब्धता बनाई जा रही है। वर्तमान में विभाग के पास चार हजार मीट्रिक टन डीएपी व 2188 मीट्रिक टन बफर स्टाक है। खरीफ के बाद अब रबी सीजन पर विभागों ने ध्यान देना प्रारंभ कर दिया है। इसी सीजन में किसानों को बड़ी मात्रा में खाद की जरूरत होती है। इसमें डीएपी की सबसे ज्यादा मांग रहती है। कई बार तो कमी होने की स्थिति में दुकानदार मनमानी करने लगते हैं। इससे किसानों को परेशान होना पड़ता है। सहकारिता विभाग ने इससे निपटने के लिए पहले से ही तैयारी शुरू कर दी है। खाद की उपलब्धता रखने के लिए लक्ष्य निर्धारित कर दिया है। इसके सापेक्ष इस समय 4 हजार मीट्रिक टन डीएपी, 2188 मीट्रिक टन यूरिया, 103 मीट्रिक टन एनपीके बफर स्टाक में है। एक रैक माह के अंत तक आने की संभावना जताई जा रही है।


खाद के दाम बढ़े
डीएपी और यूरिया के दामों में बढ़ोत्तरी हो चुकी है। इससे विभाग के पास पृथक-पृथक रेट की डीएपी व यूरिया उपलब्धता हो गई है। इससे किसानों में रेट को लेकर भ्रम उत्पन्न न हो, इसे ध्यान में रखकर प्रिंट रेट पर किसानों को खाद खरीदने की सलाह दी जा रही है। एआर का कहना है कि जो बोरी जिस रेट में उपलब्ध है, वह उसी रेट में बेची जाएगी।
विज्ञापन


प्रिंट रेट पर ही खाद खरीदें किसान
किसान प्रिंट रेट पर ही खाद खरीदें। यदि किसी किसान को कोई शिकायत है तो वह 9793160960 मोबाइल नंबर पर संपर्क कर सकता है।
रमेश कुमार गुप्ता, सहायक निबंधक, सहकारी समितियां
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed