{"_id":"5ee3ad958ebc3e42f95f0e17","slug":"wild-animals-lakhimpur-news-bly409056328","type":"story","status":"publish","title_hn":"बाघ के हमले में घायल युवक को निजी अस्पताल में भर्ती कराया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बाघ के हमले में घायल युवक को निजी अस्पताल में भर्ती कराया
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ममरी। बाघ के हमले में घायल सुशील को परिवार वालों ने निजी अस्पताल में भर्ती कराया है। वह जिला अस्पताल में चल रहे इलाज से संतुष्ट नहीं थे। वह वहां पांच दिन से भर्ती था। यह जानकारी सुंदरपुर के प्रधान प्रतिनिधि रामकुमार वर्मा ने दी।
उन्होंने बताया अब तक वन विभाग ने सहायता राशि नहीं दी है, जिस कारण घायल का सही तरह से इलाज नहीं हो पा रहा है।
इधर, ग्रामीणों का कहना है कि बाघ अब भी कठिना नदी के पास झाड़ी में मौजूद है, आरोप लगाया कि वन कर्मी उसे पकड़ने की कोशिश नहीं कर रहे हैं। यही वजह है कि भयभीत लोग खेतों की ओर नहीं जा रहे हैं, वनकर्मी भी अब कांबिंग नहीं कर रहे हैं। फारेस्टर जगदीश वर्मा का कहना है कि हमले की सूचना डब्ल्यूडब्ल्यूएफ परियोजनाधिकारी को दे दी गई थी। सहायता राशि में हो रहे विलंब का पता लगाया जा रहा है। बाघ को जंगल में खदेड़ने की रणनीति बनाई जाएगी।
विज्ञापन
उन्होंने बताया अब तक वन विभाग ने सहायता राशि नहीं दी है, जिस कारण घायल का सही तरह से इलाज नहीं हो पा रहा है।
इधर, ग्रामीणों का कहना है कि बाघ अब भी कठिना नदी के पास झाड़ी में मौजूद है, आरोप लगाया कि वन कर्मी उसे पकड़ने की कोशिश नहीं कर रहे हैं। यही वजह है कि भयभीत लोग खेतों की ओर नहीं जा रहे हैं, वनकर्मी भी अब कांबिंग नहीं कर रहे हैं। फारेस्टर जगदीश वर्मा का कहना है कि हमले की सूचना डब्ल्यूडब्ल्यूएफ परियोजनाधिकारी को दे दी गई थी। सहायता राशि में हो रहे विलंब का पता लगाया जा रहा है। बाघ को जंगल में खदेड़ने की रणनीति बनाई जाएगी।
विज्ञापन