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तिकुनिया हिंसा की जांच से एन पद्मजा को अलग करने की मांग
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प्रतीकात्मक ।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
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लखीमपुर खीरी। भारतीय किसान महासभा ने तिकुनिया में किसानों की हत्या मामले में सरकार से गठित एसआईटी में खीरी जिले की पूर्व एसपी एन पद्मजा को शामिल किए जाने पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि निष्पक्ष जांच के लिए एन पद्मजा को एसआईटी से तत्काल हटाया जाए। वह जांच प्रभावित कर सकती हैं।
किसान नेता और ऐपवा की अध्यक्ष कृष्णा अधिकारी ने कहा कि जिले में एसपी के रूप में एन पद्मजा का रिकार्ड जनांदोलनों और निष्पक्ष मीडिया का दमन करने और फर्जी मुकदमों में फंसाने का रहा है। उन्होंने कहा कि तिकुनिया हत्याकांड में सरकार केंद्रीय मंत्री अजय मिश्र टेनी और उसके पुत्र को बचाने की हर संभव कोशिश में है। इसलिए एसआईटी में ऐसे अधिकारियों का चयन किया गया है जिनका रिकार्ड जनांदोलनों और मानवाधिकार के मामले में बेहद खराब है। उन्होंने कहा कि एन पद्मजा जैसे आरोपित अधिकारियों के रहते एसआईटी कभी निष्पक्ष जांच नहीं कर सकती, इसलिए तत्काल एन पद्मजा को एसआईटी से हटाया जाए।
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किसान नेता और ऐपवा की अध्यक्ष कृष्णा अधिकारी ने कहा कि जिले में एसपी के रूप में एन पद्मजा का रिकार्ड जनांदोलनों और निष्पक्ष मीडिया का दमन करने और फर्जी मुकदमों में फंसाने का रहा है। उन्होंने कहा कि तिकुनिया हत्याकांड में सरकार केंद्रीय मंत्री अजय मिश्र टेनी और उसके पुत्र को बचाने की हर संभव कोशिश में है। इसलिए एसआईटी में ऐसे अधिकारियों का चयन किया गया है जिनका रिकार्ड जनांदोलनों और मानवाधिकार के मामले में बेहद खराब है। उन्होंने कहा कि एन पद्मजा जैसे आरोपित अधिकारियों के रहते एसआईटी कभी निष्पक्ष जांच नहीं कर सकती, इसलिए तत्काल एन पद्मजा को एसआईटी से हटाया जाए।
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