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इस बार भी कम पढ़े-लिखों की नुमाइंदगी ज्यादा
लखीमपुर खीरी।
Updated Tue, 03 Nov 2015 05:38 PM IST
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नवनिर्वाचित जिला पंचायत में इस बार भी कम पढ़े लिखे लोगों की नुमांइदगी ज्यादा है। 72 सीटों वाली खीरी जिला पंचायत में चार सदस्य तो निपट निरक्षर हैं जिन्हें हस्ताक्षर करना तक नहीं आता। जबकि 22 ऐसे सदस्य चुने गए हैं जो प्राइमरी शिक्षा से ऊपर नहीं पढ़ पाए हैं। उच्च शिक्षित सदस्यों की संख्या भी 22 है। इनमें छह परास्नातक और 16 स्नातक हैं।
जिले की विकास योजनाएं बनाने और उन्हें क्रियान्वित कराने की जिम्मेदारी निभाने वाली जिला पंचायत में कम पढ़े लिखे लोगों का प्रतिनिधित्व चिंता का विषय तो है लेकिन सुखद यह है कि करीब एक तिहाई ऐसे भी सदस्य है जो न केवल शिक्षित है बल्कि अनुभवी भी हैं। इनकी योग्यता का लाभ जिला पंचायत को मिल सकता है।
जिला पंचायत की 72 सीटों पर चुने गए सदस्यों की शैक्षिक योग्यता का जब आकलन किया गया तो पता चला कि केवल परास्नातक तक शिक्षित छह उम्मीदवार ही चुनाव जीत सके हैं। 16 स्नातक सदस्य चुने गए हैं। स्नातक और परास्नातक उम्मीदवारों को प्राइमरी तक शिक्षित उम्मीदवारों ने पटकनी दे दी।
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चौंकाने वाला तथ्य यह है कि चुने गए 72 जिला पंचायत सदस्यों में से सबसे ज्यादा संख्या 22 प्राइमरी शिक्षित लोगों की है। 14 जूनियर हाईस्कूल, आठ हाईस्कूल और दो इंटरमीडिएट तक शिक्षित सदस्य हैं। यह भी यह रोचक तथ्य है कि निर्वाचित सदस्यों में सबसे ज्यादा निरक्षर महिला सदस्य हैं तो उच्च शिक्षा में महिला सदस्य पुरुष सदस्यों से कहीं आगे हैं।
--
नवनिर्वाचित जिला पंचायत सदस्यों का शैक्षिक स्तर
निरक्षर 04
प्राइमरी 22
जूनियर हाईस्कूल 14
हाईस्कूल 08
इंटरमीडिएट 02
स्नातक 16
परास्नातक 06
..........................................
योग.............................72
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जिले की विकास योजनाएं बनाने और उन्हें क्रियान्वित कराने की जिम्मेदारी निभाने वाली जिला पंचायत में कम पढ़े लिखे लोगों का प्रतिनिधित्व चिंता का विषय तो है लेकिन सुखद यह है कि करीब एक तिहाई ऐसे भी सदस्य है जो न केवल शिक्षित है बल्कि अनुभवी भी हैं। इनकी योग्यता का लाभ जिला पंचायत को मिल सकता है।
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जिला पंचायत की 72 सीटों पर चुने गए सदस्यों की शैक्षिक योग्यता का जब आकलन किया गया तो पता चला कि केवल परास्नातक तक शिक्षित छह उम्मीदवार ही चुनाव जीत सके हैं। 16 स्नातक सदस्य चुने गए हैं। स्नातक और परास्नातक उम्मीदवारों को प्राइमरी तक शिक्षित उम्मीदवारों ने पटकनी दे दी।
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चौंकाने वाला तथ्य यह है कि चुने गए 72 जिला पंचायत सदस्यों में से सबसे ज्यादा संख्या 22 प्राइमरी शिक्षित लोगों की है। 14 जूनियर हाईस्कूल, आठ हाईस्कूल और दो इंटरमीडिएट तक शिक्षित सदस्य हैं। यह भी यह रोचक तथ्य है कि निर्वाचित सदस्यों में सबसे ज्यादा निरक्षर महिला सदस्य हैं तो उच्च शिक्षा में महिला सदस्य पुरुष सदस्यों से कहीं आगे हैं।
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नवनिर्वाचित जिला पंचायत सदस्यों का शैक्षिक स्तर
निरक्षर 04
प्राइमरी 22
जूनियर हाईस्कूल 14
हाईस्कूल 08
इंटरमीडिएट 02
स्नातक 16
परास्नातक 06
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योग.............................72