मझगईं। बाढ़ के कारण दूल्हों को मंडप तक पहुंचने और अपनी-अपनी दुल्हन विदा कराने के लिए कहीं ट्रैक्टर तो कहीं नाव का सहारा लेना पड़ा।
ग्राम पंचायत छेदुई पतिया के धोबीपुरवा निवासी तोताराम के पुत्र का विवाह पलिया के मोहल्ला सिंगहिया के एक परिवार की बेटी से तय हुआ था। मंगलवार को बरात पलिया आनी थी। मलिनियां, नौगवां व रपटा पुल पर पानी ज्यादा होने के कारण दूल्हा अकेला ही ट्रैक्टर से पलिया पहुंचा और शादी की। छेदुई पतिया के ही रामकुमार राठौर के बेटे राकेश की शादी बल्लीपुर में होनी थी। बम्हनपुर के पास तेज बहाव होने के कारण नाव की व्यवस्था कर राकेश बरात लेकर बल्लीपुर पहुंचे। तब वर-वधू ने सात फेरे लिए। इसके अलावा कुछ अन्य दूल्हे भी शादी के लिए बाढ़ के पानी को पार कर पहुंचे।
उधर, बाढ़ की वजह से नौगवां कस्बे के सिद्ध बाबा मंदिर पर तीन शादियां कराई गईं। नाश्ते और खाने का इंतजाम भी वहीं किया गया। वहीं बिजुआ क्षेत्र के गांव रेवतीपुरवा में दूल्हा नाव से गांव पहुंचा। बरात पीलीभीत के पूरनपुर से आई थी।

मझगईं क्षेत्र में ट्रैक्टर पर बैठकर दुल्हन को विदा करने जाता दूल्हा।