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Lakhimpur Kheri News: छात्रों को त्रुटियां सुधारने का मिला अंतिम मौका
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लखीमपुर खीरी। विभिन्न स्कूलों में पंजीकृत छात्र-छात्राओं को त्रुटियों में सुधार के लिए अंतिम मौका दिया जा रहा है। 31 जनवरी तक छात्र-छात्रा अपने नाम आदि में संशोधन करा सकेंगे।
डीआईओएस डॉ. महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि नाम, जन्मतिथि में बदलाव को लेकर साक्ष्य भी देने होंगे। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर बदलाव किए जाएंगे। मार्कशीट और प्रमाणपत्र में नाम, जन्मतिथि, माता पिता का नाम गलत होने पर छात्र-छात्राओं को बोर्ड के चक्कर काटने पड़ते थे, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा।
किसी प्रकार की गलती होने पर उसमें बदलाव कराने का अंतिम मौका दिया गया है। नई व्यवस्था में शासन ने यू-डायस पर समस्त स्कूलों का पंजीकरण अनिवार्य कर दिया है। इसको लेकर पंजीकृत स्कूलों को यू-डायस कोड भी मिला है। इसकी मदद से छात्र-छात्राओं की पूरी जानकारी दर्ज कराई जा रही है।
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मौजूदा समय में सभी छात्र-छात्राओं के लिए परमानेंट अकाउंट नंबर (पैन) व ऑटोमेटिक एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री (अपार) भी अनिवार्य कर दी गई है। साक्ष्यों के साथ स्कूल पहुंचने पर प्रबंधक पहले एसआर रजिस्टर में नाम सुधार करेंगे, इसके बाद ही यू-डायस पर बदलाव किया जा सकेगा। डीआईओएस डॉ. महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मौजूदा समय में यू डायस पोर्टल पर डाटा फीड किया जा रहा है।
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डीआईओएस डॉ. महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि नाम, जन्मतिथि में बदलाव को लेकर साक्ष्य भी देने होंगे। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर बदलाव किए जाएंगे। मार्कशीट और प्रमाणपत्र में नाम, जन्मतिथि, माता पिता का नाम गलत होने पर छात्र-छात्राओं को बोर्ड के चक्कर काटने पड़ते थे, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा।
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किसी प्रकार की गलती होने पर उसमें बदलाव कराने का अंतिम मौका दिया गया है। नई व्यवस्था में शासन ने यू-डायस पर समस्त स्कूलों का पंजीकरण अनिवार्य कर दिया है। इसको लेकर पंजीकृत स्कूलों को यू-डायस कोड भी मिला है। इसकी मदद से छात्र-छात्राओं की पूरी जानकारी दर्ज कराई जा रही है।
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मौजूदा समय में सभी छात्र-छात्राओं के लिए परमानेंट अकाउंट नंबर (पैन) व ऑटोमेटिक एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री (अपार) भी अनिवार्य कर दी गई है। साक्ष्यों के साथ स्कूल पहुंचने पर प्रबंधक पहले एसआर रजिस्टर में नाम सुधार करेंगे, इसके बाद ही यू-डायस पर बदलाव किया जा सकेगा। डीआईओएस डॉ. महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मौजूदा समय में यू डायस पोर्टल पर डाटा फीड किया जा रहा है।