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अब बाघ और हाथी को खदेड़ देंगी चंपाकली और जयमाला
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- फोटो : demo pic
मजरा पूरब जंगल में 13 लोगों की जान ले चुका है बाघ
तिकुनिया। मजरा पूरब जंगल में दहशत का पर्याय बन चुके हिंसक बाघ को खदेड़ने और पिंजरे में बंद करने के लिए वन विभाग ने कर्तनिया रेंज से चंपाकली और जयमाला हथिनी को मंगवाया है।
मझरा पूरब के प्रधान रामपाल ने बताया कि जंगल का बाघ गांव के 13 लोगों को मौत के घाट उतार चुका है। वन विभाग के उच्च अधिकारियों द्वारा बाघ तथा हाथी से सुरक्षा के लिए 28 नवंबर को पुख्ता इंतजाम किए किए जाने का पक्का आश्वासन दिया था जिसके चलते ग्रामीणों में कुछ राहत ली थी। जंगल की टीम बराबर गश्त कर रही है। पिंजरा भी लगाया है। अब बाघ को खदेड़ने के लिए हथिनी लाई गई है। गांव के लोग दहशत में हैं लिहाजा खेतों में गन्ना की छिलाई करने नहीं जा पा रहे है। उत्तर निघासन वन रेंज बेलरायां के रेंजर विमलेश कुमार ने बताया कि चंपाकली जयमाला को मंगा लिया गया है। इनसे कांबिंग होगी और बाघ को खदेड़ कर जंगल में किया जाएगा या फिर वह पिंजरे में कैद हो जाएगा। चंपाकली जयमाला के साथ गश्त शुरू कर दी है।
आबादी के निकट बाघ ने डाला डेरा
बांकेगंज। दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के भीरा रेंज की बरूआ बीट के जंगल से सटी आबादी के पास खेत में बाघ ने डेरा डाल रखा है।
ग्रामीण कुलवंत सिंह जसवंत सिंह को आबादी से सटे गन्ने खेत में बाघ के ताजे पगचिह्न दिखाई दिए। यह देख उनके होश उड़ गए। रेंजर भीरा राकेश बाबू वर्मा ने बताया कि बाघ की लोकेशन पता लगाने के लिए गन्ने के खेतों में वन कर्मियों की टीम ने ड्रोन कैमरे भी उड़ाए, लेकिन उसका पता नहीं चल सका। रेंजर ने लोगों से गन्ना छिलाई करने समय सतर्कता बरतने के साथ ही बाघ दिखलाई पड़ने पर इसकी सूचना तत्काल वन विभाग को देने की बात कही है। संवाद
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तिकुनिया। मजरा पूरब जंगल में दहशत का पर्याय बन चुके हिंसक बाघ को खदेड़ने और पिंजरे में बंद करने के लिए वन विभाग ने कर्तनिया रेंज से चंपाकली और जयमाला हथिनी को मंगवाया है।
मझरा पूरब के प्रधान रामपाल ने बताया कि जंगल का बाघ गांव के 13 लोगों को मौत के घाट उतार चुका है। वन विभाग के उच्च अधिकारियों द्वारा बाघ तथा हाथी से सुरक्षा के लिए 28 नवंबर को पुख्ता इंतजाम किए किए जाने का पक्का आश्वासन दिया था जिसके चलते ग्रामीणों में कुछ राहत ली थी। जंगल की टीम बराबर गश्त कर रही है। पिंजरा भी लगाया है। अब बाघ को खदेड़ने के लिए हथिनी लाई गई है। गांव के लोग दहशत में हैं लिहाजा खेतों में गन्ना की छिलाई करने नहीं जा पा रहे है। उत्तर निघासन वन रेंज बेलरायां के रेंजर विमलेश कुमार ने बताया कि चंपाकली जयमाला को मंगा लिया गया है। इनसे कांबिंग होगी और बाघ को खदेड़ कर जंगल में किया जाएगा या फिर वह पिंजरे में कैद हो जाएगा। चंपाकली जयमाला के साथ गश्त शुरू कर दी है।
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आबादी के निकट बाघ ने डाला डेरा
बांकेगंज। दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के भीरा रेंज की बरूआ बीट के जंगल से सटी आबादी के पास खेत में बाघ ने डेरा डाल रखा है।
ग्रामीण कुलवंत सिंह जसवंत सिंह को आबादी से सटे गन्ने खेत में बाघ के ताजे पगचिह्न दिखाई दिए। यह देख उनके होश उड़ गए। रेंजर भीरा राकेश बाबू वर्मा ने बताया कि बाघ की लोकेशन पता लगाने के लिए गन्ने के खेतों में वन कर्मियों की टीम ने ड्रोन कैमरे भी उड़ाए, लेकिन उसका पता नहीं चल सका। रेंजर ने लोगों से गन्ना छिलाई करने समय सतर्कता बरतने के साथ ही बाघ दिखलाई पड़ने पर इसकी सूचना तत्काल वन विभाग को देने की बात कही है। संवाद
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