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Lakhimpur Kheri News: महिला की मौत के मामले में डॉक्टर स्टाफ नर्स की लापरवाही आई सामने
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लखीमपुर खीरी। बृहस्पतिवार को जिला अस्पताल में हुई महिला की मौत के मामले की जांच पूरी हो गई। जांच में चिकित्सक सहित स्टाफ नर्स की लापरवाही सामने आई है। कार्रवाई को लेकर सीएमओ को पत्र लिखा गया है।
बता दें कि बृहस्पतिवार दोपहर एलआरपी चौकी क्षेत्र के तहत पटेल नगर मोहल्ला निवासी उर्मिला देवी सड़क हादसे का शिकार हो गई थी। राहगीरों की मदद से उन्हें एंबुलेंस से जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उनकी मौत हो गई थी। इस पर परिजनों ने चिकित्सक पर लापरवाही का आरोप लगाया था। परिजनों का कहना था कि ईएमओ ने महिला का परीक्षण किया और गंभीर हालत होने के बावजूद उन्हें अस्पताल की तीसरी मंजिल पर बने आइसोलेशन वार्ड में लावारिस समझ कर डाल दिया।
जहां कई घंटे तड़पने के बाद महिला की मौत हो गई। मामले को लेकर जिला अस्पताल में जांच कमेटी गठित की गई थी। जांच में पाया गया कि महिला के सिर में गंभीर चोट आई थी। जिला अस्पताल में न्यूरो सर्जन नहीं तैनात हैं, इसलिए घायल महिला को लखनऊ रेफर करना चाहिए था। लावारिस होने के कारण ईएमओ ने उन्हें आइसोलेशन वार्ड में शिफ्ट कर दिया।
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वहीं वार्ड की स्टाफ नर्स ने कान से रक्तस्राव होने के बाद भी लापरवाही बरती है। इसलिए कॉल डे पर तैनात चिकित्सक का एक दिन वेतन काटा गया है, जबकि ईएमओ व स्टाफ नर्स पर कार्रवाई के लिए सीएमओ को पत्र लिखा गया है। संवाद
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बता दें कि बृहस्पतिवार दोपहर एलआरपी चौकी क्षेत्र के तहत पटेल नगर मोहल्ला निवासी उर्मिला देवी सड़क हादसे का शिकार हो गई थी। राहगीरों की मदद से उन्हें एंबुलेंस से जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उनकी मौत हो गई थी। इस पर परिजनों ने चिकित्सक पर लापरवाही का आरोप लगाया था। परिजनों का कहना था कि ईएमओ ने महिला का परीक्षण किया और गंभीर हालत होने के बावजूद उन्हें अस्पताल की तीसरी मंजिल पर बने आइसोलेशन वार्ड में लावारिस समझ कर डाल दिया।
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जहां कई घंटे तड़पने के बाद महिला की मौत हो गई। मामले को लेकर जिला अस्पताल में जांच कमेटी गठित की गई थी। जांच में पाया गया कि महिला के सिर में गंभीर चोट आई थी। जिला अस्पताल में न्यूरो सर्जन नहीं तैनात हैं, इसलिए घायल महिला को लखनऊ रेफर करना चाहिए था। लावारिस होने के कारण ईएमओ ने उन्हें आइसोलेशन वार्ड में शिफ्ट कर दिया।
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वहीं वार्ड की स्टाफ नर्स ने कान से रक्तस्राव होने के बाद भी लापरवाही बरती है। इसलिए कॉल डे पर तैनात चिकित्सक का एक दिन वेतन काटा गया है, जबकि ईएमओ व स्टाफ नर्स पर कार्रवाई के लिए सीएमओ को पत्र लिखा गया है। संवाद