फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lakhimpur Kheri News ›   Natural death Was struck elephant

स्वाभाविक मौत मरा था हाथी

Thu, 24 Dec 2015 11:44 PM IST
पलियाकलां
पलियाकलां Updated Thu, 24 Dec 2015 11:44 PM IST
विज्ञापन
Natural death Was struck elephant
नार्थ खीरी फारेस्ट डिवीजन की मकनपुर बीट में मिले हाथी की मौत स्वाभाविक हुई थी। बृहस्पतिवार को तीन चिकित्सकों के पैनल ने हाथी का पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम के बाद उसका शव वहीं पास में दफना दिया गया है।
विज्ञापन

बुधवार को एक हाथी का शव बिलहिया चंबरबोझ के आगे नार्थ खीरी डिवीजन वन विभाग की मकनपुर बीट में एक नाले के पार पड़ा मिला था। इसकी जानकारी ग्रामीणों ने दोपहर करीब दो बजे वन विभाग को दी थी। जानकारी पाकर डीएफओ मनोज शुक्ला, बीट के हरेंद्र कुमार पांडे, वन दरोगा विजेंद्र सिंह, एसडीओ अशोक कुमार समेत तमाम वनकर्मी और अधिकारी मौके पर पहुंच गए थे ।
विज्ञापन

उन्होंने वहां जाकर जांच की लेकिन उनको खास जानकारी नहीं हो पाई थी। हाथी के शरीर पर कोई भी चोट के निशान नहीं पाए गए थे। इस कारण वनाधिकारियों ने उसकी मौत का कारण जानने के लिए तीन चिकित्सकों के पैनल से पोस्टमार्टम कराने का फैसला किया था। इसके तहत डॉ. सौरभ सिंघई, डॉ. नेहा सिंघई और डॉ. डीआर निगम के तीन सदस्सीय पैनल ने बृहस्पतिवार को हाथी का पोस्टमार्टम किया। वनाधिकारियों के मुुताबिक इसमें कोई भी चोट के निशान नहीं मिले हैं। उसकी मौत स्वाभाविक बताई गई है। रिपोर्ट महकमे को सौंप दी गई है। इस दौरान पार्क के उपनिदेशक पीपी सिंह, एसडीओ अशोक कुमार, रेंजर आरके दीक्षित समेत तमाम वन महकमे के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

वन क्षेत्राधिकारी, नार्थ खीरी डिवीजन पलिया आरके दीक्षित ने बताया कि हाथी की मौत स्वाभाविक हुई है। तीन सदस्यीय पैनल ने अपनी रिपोर्ट सौंप दी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed