फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lakhimpur Kheri News ›   Mahapanchayat roared farmers would no longer tolerate abuse

महापंचायत में गरजे किसान, शोषण अब नहीं होगा बर्दाश्त

Mon, 11 Jan 2016 07:20 PM IST
पलियाकलां
पलियाकलां Updated Mon, 11 Jan 2016 07:20 PM IST
विज्ञापन
Mahapanchayat roared farmers would no longer tolerate abuse
सोमवार को केन सोसायटी में किसान गन्ना मूल्य भुगतान न किए जाने पर मिल प्रबंधन पर जमकर गरजे और कहा कि ये शोषण अब बर्दाश्त नहीं होगा। महापंचायत में एसडीएम के कहने पर आए चीनी मिल अधिकारी से केन सोसायटी चेयरमैन और वाइस चेयरमैन की नोकझोंक भी हुई। उन्होंने मिल अधिकारी पर किसानों और प्रशासन को गुमराह करने का भी आरोप लगाया। हालांकि एसडीएम आलोक वर्मा ने हालात संभाल लिए और मिल अधिकारी से भुगतान सुनिश्चित कराने के लिए कहा, जिस पर उन्होंने नवीन सत्र का पांच दिन के भुगतान का वायदा किया। इस बात को किसान मान नहीं रहे थे लेकिन एसडीएम के कहने पर उन्होंने बात मान ली।
विज्ञापन

पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत दिन में 11 बजे महापंचायत शुरू हुई जिसमें किसानों ने जमकर भड़ास निकाली और कहा कि चीनी मिल उनका शोषण कर रही है कि इलाके की अन्य ग्रुप की चीनी मिलों ने एक एक महीने का भुगतान कर दिया है लेकिन पलिया मिल ने नवीन सत्र में एक ढेला भी नहीं दिया है। किसान बदहाल हो गया और उसके पास रुपया नहीं है जिससे उसके कार्य नहीं चल पा रहे हैं। महापंचायत को केन सोसायटी चेयरमैन विकास कपूर, वाइस चेयरमैन फरजंद अली बुंदु मियां, किसान मजदूर पार्टी के विधानसभा क्षेत्र अध्यक्ष मनप्रीत सिंह, उपाध्यक्ष हरेेंद्र सिंह सोनी, शेष प्रकाश शर्मा, कमलेश मिश्रा, शेर सिंह सेखों, परमजीत सिंह, शिवराज राणा, आनंद कुमार मौर्या, नंदलाल, जसवंत सिंह, तरसेम सिंह, जोगेंद्र सिंह, मोहम्मददीन, नयरुल इस्लाम खान आदि ने संबोधित किया और मांग की कि 14 दिन का छोड़ समस्त बकाया भुगतान किया जाए।
विज्ञापन

जानकारी हुई तो एसडीएम आलोक वर्मा, सीओ रामआसरे सिंह, एसओ केपी सिंह, एसएसआई केएन सिंह, एसआई नितीश भारद्वाज भी वहां पहुंच गए। एसडीएम ने फोन कर चीनी मिल के अधिकारी ओपी चौहान को बुलवाया और अलग ले जाकर वार्ता की। इसके बाद चीनी मिली अधिकारी को अपने साथ लेकर किसानों के पास पहुंचे। यहां किसानों ने चीनी मिल अधिकारी की एक न सुनी और इसको लेकर चेयरमैन श्री कपूर और वाइस चेयरमैन बुुंदू मियां की नोंकझोक भी चीनी मिल अधिकारी से हुई। यहां एसडीएम ने हालात संभाले और फिर चीनी मिल अधिकारी को साथ लेकर वार्ता की। अधिकारी ने उच्चाधिकारियों से वार्ता कर 26 से 30 नवंबर तक का भुगतान शुक्रवार को कराने का वायदा किया, जिस पर किसान राजी नहीं हुए तो एसडीएम ने उन्हें मनाया और महापंचायत खत्म हुई। इस मौके पर जिला पंचायत सदस्य पति करुण राना, गुुरदेव सिंह, रामनरेश, सिराजुददीन, रामपाल, जीवन सिंह, सुनील गुप्ता, जाकिर प्रधान, शिवकुमार मौर्या, महेश शर्मा रिंटू, सुहेल खान, साबिर अली आदि सैकड़ों  किसान मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

शुक्रवार को नहीं हुआ भुगतान तो किसान करेंगे 18 जनवरी को आंदोलन
किसानों ने कहा है कि अगर मिल वायदे के मुताबिक शुक्रवार को भुगतान नहीं करती है तो फिर किसान 18 जनवरी को आंदोलन शुरू कर देंगे। फिर कोई चेतावनी नहीं दी जाएगी, इसमें चक्काजाम भी शामिल रहेगा।
एक दिन बाद होगी बैठक, फिर किया जाएगा एक-एक सप्ताह में भुगतान
यहां यह भी तय हुआ कि इस भुगतान को छोड़ एक दिन बाद एक बैठक की जाएगी। जिसमें चीनी मिल अधिकारियों समेत एसडीएम भी मौजूद होंगे और फिर इसके तहत प्रत्येक सप्ताह में चार दिन का भुगतान सुनिश्चित कराया जाएगा।
देखते ही बनता था किसानोॅ का गुस्सा, निर्णय नहीं होता तो शुरू हो जाता आंदोलन
महापंचायत में किसानों का गुस्सा देखते ही बनता था अगर भुगतान करने का वायदा नहीं होता तो किसान आंदोलन शुरू कर देते। किसानों ने जनप्रतिनिधियों को भी जमकर कोसा।

पिछले सत्र का अब नहीं है कोई बकाया
चीनी मिल ने डिफर के 11.40 रुपये में शेष रह गए भुगतान की एडवाइज भेज दी है। इसमें शेष करीब 94 लाख 28 हजार रुपये थे। यह एडवाइज सोमवार को भेजी गई है। अब जो भी बकाया शेष है वह नवीन सत्र का है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed