{"_id":"c821a345fe366abf08cec85e10d875cf","slug":"found-flaws-in-road-construction-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सड़क निर्माण में मिली खामियां ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सड़क निर्माण में मिली खामियां
निघासन।
Updated Thu, 28 Jan 2016 04:26 PM IST
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गन्ना विभाग से बन रही सड़कों की जांच करने आई जांच टीम को सड़क निर्माण में कई खामियां मिलीं। जांच टीम ने संबंधित ठेकेदार और जेई को जमकर फटकार लगाते हुए कार्य मानक के अनुसार करने के आदेश दिए।
क्षेत्र के बंधा रोड से पांडेपुरवा, हरसिंगपुर, गुलरीपुरवा के अलावा बेनीपुरवा संपर्क मार्ग का निर्माण गन्ना विभाग करा रहा है। इस पर करीब एक करोड़ रुपये खर्च आएगा।
सड़क निर्माण में बरती जा रही अनियमितताओं की शिकायत ग्रामीणों ने डीएम से की। डीएम के आदेश पर एसडीएम सदर, गन्ना विभाग के एई बृजेश कुमार समेत कई लोगों की टीम गठित कर जांच की। जांच के दौरान सड़क निर्माण में मौरंग के स्थान पर बालू का प्रयोग होता मिला। सड़क पर पत्थरों की कई इंच ऊंची लेयर पड़नी थी। इसमें करीब तीन इंच पत्थर कम डाला गया था।
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टीम में शामिल अफसरों ने ठेकेदार को बुलाकर जमकर फटकार लगाई और कार्य बंद करा दिया। ग्रामीणों ने टीम को बताया कि सड़क में प्रयोग होने वाला पत्थर घटिया किस्म का है। जरा सा दबाव पड़ने पर टूट जाता है। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि इस मामले की शिकायत जब अधिकारियों से की तो ठेकेदार ने अभद्रता भी की। इस संबंध में ठेकेदार ने आरोपों को निराधार बताया है।
इसी विभाग ने दो साल पहले पलिया रोड से दुर्गापुरवा तक सड़क निर्माण कराया था। ग्रामीणों ने घटिया काम कराने का आरोप लगाते हुए कार्य बंद करा दिया था। उसके बाद ठेकेदार ने दोबारा सड़क का निर्माण कराया था।
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क्षेत्र के बंधा रोड से पांडेपुरवा, हरसिंगपुर, गुलरीपुरवा के अलावा बेनीपुरवा संपर्क मार्ग का निर्माण गन्ना विभाग करा रहा है। इस पर करीब एक करोड़ रुपये खर्च आएगा।
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सड़क निर्माण में बरती जा रही अनियमितताओं की शिकायत ग्रामीणों ने डीएम से की। डीएम के आदेश पर एसडीएम सदर, गन्ना विभाग के एई बृजेश कुमार समेत कई लोगों की टीम गठित कर जांच की। जांच के दौरान सड़क निर्माण में मौरंग के स्थान पर बालू का प्रयोग होता मिला। सड़क पर पत्थरों की कई इंच ऊंची लेयर पड़नी थी। इसमें करीब तीन इंच पत्थर कम डाला गया था।
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टीम में शामिल अफसरों ने ठेकेदार को बुलाकर जमकर फटकार लगाई और कार्य बंद करा दिया। ग्रामीणों ने टीम को बताया कि सड़क में प्रयोग होने वाला पत्थर घटिया किस्म का है। जरा सा दबाव पड़ने पर टूट जाता है। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि इस मामले की शिकायत जब अधिकारियों से की तो ठेकेदार ने अभद्रता भी की। इस संबंध में ठेकेदार ने आरोपों को निराधार बताया है।
इसी विभाग ने दो साल पहले पलिया रोड से दुर्गापुरवा तक सड़क निर्माण कराया था। ग्रामीणों ने घटिया काम कराने का आरोप लगाते हुए कार्य बंद करा दिया था। उसके बाद ठेकेदार ने दोबारा सड़क का निर्माण कराया था।