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बाघ ने किसान पर हमला कर मार डाला
कुकरा/बांकेगंज (खीरी)।
Updated Thu, 11 Feb 2016 08:15 PM IST
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गांव कुकरा के मोहल्ला सिरसा निवासी 55 वर्षीय रइस गुरुवार सवेरे 10 बजे घर से भीरा-कुकरा सड़क मार्ग होकर अपने 30 वर्षीय भतीजे अकील उर्फ पप्पू संग साइकिल से पलिया के गांव नरौसा स्थित बड़ी बिटिया की ससुराल जा रहे थे। साइकिल पर पीछे बैठे रईस मैलानी रेंज के सलेमपुर बीट जंगल बार्डर स्थित रपटा पुल के दक्षिणी किनारे रुककर लघुशंका करने लगे। इस दौरान जंगल में पहले से छिपे बैठे बाघ ने रईस पर अचानक हमला कर दिया। इससे रईस की गर्दन बुरी तरह जख्मी हो गई और वह तुरंत गिर पड़े। रईस के जमीन पर गिरते ही बाघ ने दूसरा हमला कर उनका सीना फाड़ डाला। रईस की मौके पर ही मौत हो गई। चाचा पर बाघ के हमले से घबराए भतीजे अकील ने शोर मचाया तो पीछे आ रहे राहगीरों ने वहां पहुंचकर शोर करना शुरू कर दिया, जिस पर बाघ ने रईस का शव छोड़ दिया और झाड़ियों में छिपकर दहाड़ने लगा। लोगों ने वन विभाग और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंचे वन और पुलिस कर्मियों ने आग जलाकर बाघ को भगाया। थाना मैलानी के प्रभारी इंस्पेक्टर एसएन द्विवेदी ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
इंसानी दखलंदाजी के चलते बाघ हमलों की बढ़ रहीं घटनाएं
बांकेगंज। दक्षिण खीरी वन प्रभाग के मैलानी और किशनपुर सेंक्चुरी वन क्षेत्र में इंसानों पर बाघ के हमले की कई घटनाएं पहले भी हो चुकी है। गुरुवार को उल्ल नदी पुल पर जंगल के अंदर बाघ के हमले में घायल हुए रईस नामक व्यक्ति को अपनी जान गवांनी पड़ी। इंसानों और बाघों के बीच बढ़ते टकराव के पीछे जंगल में बढ़ती इंसानी दखलंदाजी माना जा रहा है।
20 नवंबर 2014- साउथ खीरी के भीरा और मैलानी रेंज बार्डर स्थित उल्ल नदी किनारे ग्राम सीतारामपुर निवासी 18 वर्षीय लक्ष्मन पुत्र बालक राम साथियों संग घास काटने गया था। झाड़ियों में छिपे बैठे बाघ ने उस पर हमला कर गंभीर घायल कर दिया।
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दिसंबर 2012- जटपुरा रेंज के गांव खंजनपुर निवासी इंदर नामक युवक मड़हा सेंक्चुरी वन क्षेत्र में फूस काटने गया था। वहां झाड़ियों में छिपे बाघ ने इंदर पर हमला कर दिया।
07 जनवरी 2014-गांव पहाड़पुर में जंगल किनारे खेत की रखवाली कर रहे दस वर्षीय किशोर अजय पर बाघ ने हमला कर घायल कर दिया था।
04 मार्च 2015-मैलानी रेंज की खरेहटा बीट में हिरन शिकार के लिए खाबड़ लगाने गए शिकारियों पर झाड़ियों में छिपे बैठे बाघ ने हमला कर गंभीर घायल कर दिया।
गुरुवार को सलेमपुर बीट जंगल मे कुकरा निवासी रईस पर हमला कर मौत के घाट उतार दिया। इसको लेकर लोगों मे दहशत है।
बाघ के हमले से हर ओर दहशत
वन विभाग ने जारी किया जंगल के रास्ते पर अलर्ट
कुकरा (खीरी)। कुकरा भीरा मार्ग पर बाघ के हमले के बाद इलाके में हर ओर दहशत फैल गई है। लोग खेत की रखवाली करने और पशुओं के चराने ले जाने से घबराने लगे हैं। उधर डीएफओ साउथ नीरज कुमार ने जंगल के रास्ते पर अलर्ट घोषित कर दिया है। गांवों में लोगों को जंगल के रास्ते पर जाने से मना कर दिया गया है।
गृहस्थी के अकेले कमाऊ थे रईस
कुकरा। परिवार वाले बताते हैं कि रईस की चार बेटियां और एक बेटा है। दो बेटियों की शादी हो चुकी हैं। दोनों बेटियों की उम्र भी शादी लायक हो गई है। रईस की मौत के बाद पूरा परिवार बिखर गया है।
बाघ की मौजूदगी की पहले भी दी गई थी सूचना
कुकरा। कसबे के लोग बताते हैं कि भीरा जंगल के आस पास खेतों में बाघ की चहलकदमी और पग चिन्हों के निशान होने की वन कर्मियों को सूचना दी गई थी लेकिन वनकर्मी इसे मजाक बताते रहे। उन्होंने कोई वैकल्पिक कदम नहीं उठाया जिससे रईस की जान चली गई।
पत्नी सालिमा को दी गई तात्कालिक सहायता
रेंजर मैलानी डीएस यादव ने मृतक रईस की पत्नी सालिमा को दस हजार रुपये नकद आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई।
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इंसानी दखलंदाजी के चलते बाघ हमलों की बढ़ रहीं घटनाएं
बांकेगंज। दक्षिण खीरी वन प्रभाग के मैलानी और किशनपुर सेंक्चुरी वन क्षेत्र में इंसानों पर बाघ के हमले की कई घटनाएं पहले भी हो चुकी है। गुरुवार को उल्ल नदी पुल पर जंगल के अंदर बाघ के हमले में घायल हुए रईस नामक व्यक्ति को अपनी जान गवांनी पड़ी। इंसानों और बाघों के बीच बढ़ते टकराव के पीछे जंगल में बढ़ती इंसानी दखलंदाजी माना जा रहा है।
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20 नवंबर 2014- साउथ खीरी के भीरा और मैलानी रेंज बार्डर स्थित उल्ल नदी किनारे ग्राम सीतारामपुर निवासी 18 वर्षीय लक्ष्मन पुत्र बालक राम साथियों संग घास काटने गया था। झाड़ियों में छिपे बैठे बाघ ने उस पर हमला कर गंभीर घायल कर दिया।
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दिसंबर 2012- जटपुरा रेंज के गांव खंजनपुर निवासी इंदर नामक युवक मड़हा सेंक्चुरी वन क्षेत्र में फूस काटने गया था। वहां झाड़ियों में छिपे बाघ ने इंदर पर हमला कर दिया।
07 जनवरी 2014-गांव पहाड़पुर में जंगल किनारे खेत की रखवाली कर रहे दस वर्षीय किशोर अजय पर बाघ ने हमला कर घायल कर दिया था।
04 मार्च 2015-मैलानी रेंज की खरेहटा बीट में हिरन शिकार के लिए खाबड़ लगाने गए शिकारियों पर झाड़ियों में छिपे बैठे बाघ ने हमला कर गंभीर घायल कर दिया।
गुरुवार को सलेमपुर बीट जंगल मे कुकरा निवासी रईस पर हमला कर मौत के घाट उतार दिया। इसको लेकर लोगों मे दहशत है।
बाघ के हमले से हर ओर दहशत
वन विभाग ने जारी किया जंगल के रास्ते पर अलर्ट
कुकरा (खीरी)। कुकरा भीरा मार्ग पर बाघ के हमले के बाद इलाके में हर ओर दहशत फैल गई है। लोग खेत की रखवाली करने और पशुओं के चराने ले जाने से घबराने लगे हैं। उधर डीएफओ साउथ नीरज कुमार ने जंगल के रास्ते पर अलर्ट घोषित कर दिया है। गांवों में लोगों को जंगल के रास्ते पर जाने से मना कर दिया गया है।
गृहस्थी के अकेले कमाऊ थे रईस
कुकरा। परिवार वाले बताते हैं कि रईस की चार बेटियां और एक बेटा है। दो बेटियों की शादी हो चुकी हैं। दोनों बेटियों की उम्र भी शादी लायक हो गई है। रईस की मौत के बाद पूरा परिवार बिखर गया है।
बाघ की मौजूदगी की पहले भी दी गई थी सूचना
कुकरा। कसबे के लोग बताते हैं कि भीरा जंगल के आस पास खेतों में बाघ की चहलकदमी और पग चिन्हों के निशान होने की वन कर्मियों को सूचना दी गई थी लेकिन वनकर्मी इसे मजाक बताते रहे। उन्होंने कोई वैकल्पिक कदम नहीं उठाया जिससे रईस की जान चली गई।
पत्नी सालिमा को दी गई तात्कालिक सहायता
रेंजर मैलानी डीएस यादव ने मृतक रईस की पत्नी सालिमा को दस हजार रुपये नकद आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई।