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पांच लाख की सागौन लकड़ी खा गई पुलिस
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निघासन-ढखेरवा। माननीय के संरक्षण में बेलगाम चौकी इंचार्ज के कारनामों से जनता और पुलिस अफसर दोनों तंग हैं। अफसर जब भी चौकी इंचार्ज पर कार्रवाई करने का मन बनाते हैं तो माननीय बीच में आड़े आ जाते हैं। हाल ही में चौकी इंचार्ज का नया कारनामा सामने आया है। चौकी पुलिस ने पांच लाख की सागौन की लकड़ी चोरी करते बोलेरो पकड़ ली। बाद में मोटी रकम लेकर चोर को बोलेरो समेत छोड़ दिया गया।
लकड़ी की गोटें चौकी इंचार्ज के आवास के बाहर कई दिनों तक पड़ी रहीं। चौकी में तैनात सिपाही के आवास पर कुछ लकड़ी रखवा दी गई। अब वह लकड़ी आवास के बाहर से हटवा दी गई है। वन विभाग भी अपनी लकड़ी चोरी होने पर खामोश है। बेलरायां रेंज में वनमाफिया ने हाल ही में बिना नंबर की एक बोलेरो में सात गोटे सागौन के पकड़े थे। ये लकड़ी जंगल से काटकर ले जाई जा रही थी। ढखेरवा पुलिस ने उनको पुल के पास पकड़ लिया। उसके बाद लकड़ी चोरों से डीलिंग शुरू हुई। सिंगाही थाने का एक सिपाही भी चौकी पहुंच गया। उसने पांच लाख की डील की। सागौन का सौदा चार लाख में तय कर सिपाही वापस लौट गया। रात में ही बोलेरो से लकड़ी उतारकर चौकी इंचार्ज के आवास के पास में बने कमरे में रखवा दी गई। लकड़ी का एक गोटा चौकी के सिपाही के आवास पर रखा गया। फिलहाल पांच लाख की सागौन अब गायब है। इसे ठिकाने लगाने में चौकी इंचार्ज की अहम भूमिका मानी जा रही है।
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लकड़ी की गोटें चौकी इंचार्ज के आवास के बाहर कई दिनों तक पड़ी रहीं। चौकी में तैनात सिपाही के आवास पर कुछ लकड़ी रखवा दी गई। अब वह लकड़ी आवास के बाहर से हटवा दी गई है। वन विभाग भी अपनी लकड़ी चोरी होने पर खामोश है। बेलरायां रेंज में वनमाफिया ने हाल ही में बिना नंबर की एक बोलेरो में सात गोटे सागौन के पकड़े थे। ये लकड़ी जंगल से काटकर ले जाई जा रही थी। ढखेरवा पुलिस ने उनको पुल के पास पकड़ लिया। उसके बाद लकड़ी चोरों से डीलिंग शुरू हुई। सिंगाही थाने का एक सिपाही भी चौकी पहुंच गया। उसने पांच लाख की डील की। सागौन का सौदा चार लाख में तय कर सिपाही वापस लौट गया। रात में ही बोलेरो से लकड़ी उतारकर चौकी इंचार्ज के आवास के पास में बने कमरे में रखवा दी गई। लकड़ी का एक गोटा चौकी के सिपाही के आवास पर रखा गया। फिलहाल पांच लाख की सागौन अब गायब है। इसे ठिकाने लगाने में चौकी इंचार्ज की अहम भूमिका मानी जा रही है।
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