{"_id":"5e91cbf98ebc3e774b5e3472","slug":"corona-lakhimpur-news-bly4023614137","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्क्रीनिंग सेंटरों में 14 दिन गुजार चुके एक हजार से अधिक लोगों को जांच के बाद घर भेजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्क्रीनिंग सेंटरों में 14 दिन गुजार चुके एक हजार से अधिक लोगों को जांच के बाद घर भेजा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लखीमपुर खीरी। गांवों के प्राथमिक विद्यालयों में बने 600 स्क्रीनिंग सेंटरों में क्वारंटीन किए गए 14 दिन बिता चुके लोगों को दूसरे दिन घर भेज दिया गया, अब यह लोग अपने घरों में 14 दिनों तक होम क्वारंटीन रहेंगे। शुक्रवार को ऐसे तीन हजार लोगों को छोड़ा गया था, जबकि शनिवार को करीब एक हजार लोग घरों को भेजे गए। अभी भी करीब पांच हजार लोग स्क्रीनिंग सेंटरों पर रह रहे हैं।
खमरिया ईसानगर ब्लॉक के स्क्रीनिंग सेंटर पर रखे गए 140 लोगों की स्वास्थ्य टीम ने जांच की। बाद में सभी को 14 दिन के लिए होम क्वारंटीन कर दिया गया। सीएचसी अधीक्षक डॉ बीके स्नेही ने बताया कि सीताराम मनार स्कूल में 41, बीआरसी खमरिया में 21, परसिया में आठ, मटरिया में चार, दिलवालपुर में छह, अल्लीपुर में छह, खड़वा में 16, मडवा में छह समेत 140 लोगों को जांच के बाद 14 दिन के लिए होम क्वारंटीन किया गया है।
खीरी टाउन नगर पंचायत खीरी क्षेत्र में राजकीय बालिका इंटर कालेज खीरी टाउन में 79, पूर्व माध्यमिक विद्यालय खीरी टाउन में 57 और जिला पंचायत इंटर कॉलेज खीरी में 13 लोग निवास कर रहे थे। इनमें से 136 लोगों को निर्धारित समय पूर्ण होने के बाद घर भेज दिया गया। अब भी 13 लोग स्क्रीनिंग सेंटर में मौजूद है।
विज्ञापन
ममरी धिरावां स्कूल पहुंची स्वास्थ्य कर्मियों की टीम ने स्क्रीनिंग सेंटर में रखे गए बाहर से आए 28 लोगों का परीक्षण कर 27 लोगों की जांच के बाद घर भेज दिया। इस मौके पर एसओ सुनील कुमार, ग्राम प्रधान राजीव वर्मा मौजूद रहे।
जिला पंचायत सदस्य को देख छलके आंसू
गोला गोकर्णनाथ के तहसील सदर की ग्राम पंचायत खेतौसा के गांव भगौनापुर प्राथमिक विद्यालय में स्क्रीनिंग सेंटर पर जब जिला पंचायत सदस्य महेशचंद कनौजिया फल वितरण करने पहुंचे, तो वहां 14 दिनों से रह रहे मजदूर उमेश कुमार की आंखों से आंसू छलक आए। उमेश ने बताया कि वह अपने परिवार सहित गाजियाबाद कंपनी में मजदूरी करता थे। 29 मार्च को जब गांव आए तो पूरे परिवार को प्राथमिक विद्यालय में रोक दिया गया, तबसे आज तक न कोई डॉक्टर परीक्षण के लिए आया और न ही खाने का कोई इंतजाम हुआ। उमेश के साथ पूजा देवी, काजल शर्मा, परी, राजकुमार, पारुल, स्नेहा, संजय आदि लोग स्क्रीनिंग सेंटर पर चिकित्सकों की बाट जोह रहे हैं कि वह आएं और परीक्षण कर घर जाने की अनुमति दें।
विज्ञापन
खमरिया ईसानगर ब्लॉक के स्क्रीनिंग सेंटर पर रखे गए 140 लोगों की स्वास्थ्य टीम ने जांच की। बाद में सभी को 14 दिन के लिए होम क्वारंटीन कर दिया गया। सीएचसी अधीक्षक डॉ बीके स्नेही ने बताया कि सीताराम मनार स्कूल में 41, बीआरसी खमरिया में 21, परसिया में आठ, मटरिया में चार, दिलवालपुर में छह, अल्लीपुर में छह, खड़वा में 16, मडवा में छह समेत 140 लोगों को जांच के बाद 14 दिन के लिए होम क्वारंटीन किया गया है।
विज्ञापन
खीरी टाउन नगर पंचायत खीरी क्षेत्र में राजकीय बालिका इंटर कालेज खीरी टाउन में 79, पूर्व माध्यमिक विद्यालय खीरी टाउन में 57 और जिला पंचायत इंटर कॉलेज खीरी में 13 लोग निवास कर रहे थे। इनमें से 136 लोगों को निर्धारित समय पूर्ण होने के बाद घर भेज दिया गया। अब भी 13 लोग स्क्रीनिंग सेंटर में मौजूद है।
विज्ञापन
ममरी धिरावां स्कूल पहुंची स्वास्थ्य कर्मियों की टीम ने स्क्रीनिंग सेंटर में रखे गए बाहर से आए 28 लोगों का परीक्षण कर 27 लोगों की जांच के बाद घर भेज दिया। इस मौके पर एसओ सुनील कुमार, ग्राम प्रधान राजीव वर्मा मौजूद रहे।
जिला पंचायत सदस्य को देख छलके आंसू
गोला गोकर्णनाथ के तहसील सदर की ग्राम पंचायत खेतौसा के गांव भगौनापुर प्राथमिक विद्यालय में स्क्रीनिंग सेंटर पर जब जिला पंचायत सदस्य महेशचंद कनौजिया फल वितरण करने पहुंचे, तो वहां 14 दिनों से रह रहे मजदूर उमेश कुमार की आंखों से आंसू छलक आए। उमेश ने बताया कि वह अपने परिवार सहित गाजियाबाद कंपनी में मजदूरी करता थे। 29 मार्च को जब गांव आए तो पूरे परिवार को प्राथमिक विद्यालय में रोक दिया गया, तबसे आज तक न कोई डॉक्टर परीक्षण के लिए आया और न ही खाने का कोई इंतजाम हुआ। उमेश के साथ पूजा देवी, काजल शर्मा, परी, राजकुमार, पारुल, स्नेहा, संजय आदि लोग स्क्रीनिंग सेंटर पर चिकित्सकों की बाट जोह रहे हैं कि वह आएं और परीक्षण कर घर जाने की अनुमति दें।