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Lakhimpur Kheri News: 10 और मकान शारदा की तेज धारा में समाए
Fri, 19 Sep 2025 11:45 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Fri, 19 Sep 2025 11:45 PM IST
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ग्रंट नंबर 12 गांव में नदी में गिरता मकान।संवाद
निघासन। ग्रंट नंबर 12 गांव में शारदा नदी का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। कटान की रफ्तार इतनी तेज हो गई है कि हर दिन दहाई के आंकड़े में मकान नदी में समा रहे हैं। शुक्रवार सुबह तक 10 और घर शारदा नदी की तेज धारा में समा गए। यहां नदी अब तक गांव के 101 मकानों को लील चुकी है।
बृहस्पतिवार शाम से शुक्रवार सुबह तक गांव की रामश्री, चंद्रकली, डालचंद, महेश, लज्जावती, अभिषेक, शिवराम, शांतई, धर्मेंद्र और राधेश्याम के मकान नदी में समा गए। उजड़े परिवारों ने बताया कि उन्हें अब बचाव की कोई राह नजर नहीं आ रही है। दिन ढलते ही अंधेरे में खुले आसमान के नीचे रात गुजारनी पड़ रही है।
ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की तरफ से कोई ठोस बचाव कार्य नहीं किया गया। सिर्फ मुआवजे का आश्वासन देकर खानापूरी की जा रही है। पीड़ितों का कहना है कि लगातार गुहार लगाने के बावजूद न तो राहत सामग्री मिल पा रही है और न ही सुरक्षित ठिकाने।
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उधर, तहसीलदार मुकेश वर्मा ने बताया कि कटानग्रस्त क्षेत्र पर नजर रखने के लिए लेखपाल को लगाया गया है। शासन को रोजाना रिपोर्ट भेजी जा रही है और जल्द ही प्रभावित परिवारों को मुआवजा दिलाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
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बृहस्पतिवार शाम से शुक्रवार सुबह तक गांव की रामश्री, चंद्रकली, डालचंद, महेश, लज्जावती, अभिषेक, शिवराम, शांतई, धर्मेंद्र और राधेश्याम के मकान नदी में समा गए। उजड़े परिवारों ने बताया कि उन्हें अब बचाव की कोई राह नजर नहीं आ रही है। दिन ढलते ही अंधेरे में खुले आसमान के नीचे रात गुजारनी पड़ रही है।
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ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की तरफ से कोई ठोस बचाव कार्य नहीं किया गया। सिर्फ मुआवजे का आश्वासन देकर खानापूरी की जा रही है। पीड़ितों का कहना है कि लगातार गुहार लगाने के बावजूद न तो राहत सामग्री मिल पा रही है और न ही सुरक्षित ठिकाने।
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उधर, तहसीलदार मुकेश वर्मा ने बताया कि कटानग्रस्त क्षेत्र पर नजर रखने के लिए लेखपाल को लगाया गया है। शासन को रोजाना रिपोर्ट भेजी जा रही है और जल्द ही प्रभावित परिवारों को मुआवजा दिलाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।