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चुनाव बहिष्कार के लिए चिपकाए पोस्टर
अमर उजाला ब्यूरो, कुशीनगर।
Updated Wed, 15 Feb 2017 12:07 AM IST
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मतदान के बहिष्कार के निर्णय के साथ प्रदर्शन करते ग्रामीण।
- फोटो : Amar Ujala
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पडरौना विधानसभा क्षेत्र के गांव चैती खास के लोगों ने अपने घरों पर चुनाव बहिष्कार का पोस्टर चिपका दिया है। मंगलवार को इस गांव के लोगों ने रैली निकालकर चुनाव बहिष्कार की बात दोहराई। एक सप्ताह पहले ही इस गांव के लोगों ने प्रदर्शन कर चुनाव बहिष्कार की चेतावनी दे दी थी।
विशुनपुरा ब्लॉक के गांव चैती मुसहरी के चैती खास टोला के लोगों ने अब विद्युतीकरण नहीं होने के विरोध में चुनाव बहिष्कार का ऐलान किया है। आठ टोले में विभक्त इस गांव के नौका टोला, गजराज टोला, जगजीवन नगर, खैरा टोला, घरमोरवा, मिनवा छापर और विशुनपुरा बुजुर्ग में काफी पहले विद्युतीकरण हो चुका है, लेकिन चैती खास टोले पर अब तक कार्य नहीं करा पाए हैं। करीब 700 मतदाओं वाले इस गांव के लोग अंधेरे में रहने को विवश हैं।
बिहार सीमा पर बसे इस गांव के हरिद्वार प्रसाद, राजेश गोंड, संजय यादव, हरिलाल यादव, श्रीनारायन साहनी, कमलेश यादव, भोला, जगदेव, सुखारी आदि का कहना है कि चुनाव आते ही नेता विद्युतीकरण का वादा करके वोट ले जाते हैं, परंतु यह काम अब तक नहीं हो सका। गांव के सुरेश, मोहन यादव, विक्रम गोंड़, भोला, तुफानी ठाकुर आदि का कहना है कि जनप्रतिनिधियों व प्रशासनिक अफसरों पर उनका विश्वास नहीं रहा, इस लिए वे इस बार मतदान में हिस्सा नहीं लेंगे।
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विशुनपुरा ब्लॉक के गांव चैती मुसहरी के चैती खास टोला के लोगों ने अब विद्युतीकरण नहीं होने के विरोध में चुनाव बहिष्कार का ऐलान किया है। आठ टोले में विभक्त इस गांव के नौका टोला, गजराज टोला, जगजीवन नगर, खैरा टोला, घरमोरवा, मिनवा छापर और विशुनपुरा बुजुर्ग में काफी पहले विद्युतीकरण हो चुका है, लेकिन चैती खास टोले पर अब तक कार्य नहीं करा पाए हैं। करीब 700 मतदाओं वाले इस गांव के लोग अंधेरे में रहने को विवश हैं।
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बिहार सीमा पर बसे इस गांव के हरिद्वार प्रसाद, राजेश गोंड, संजय यादव, हरिलाल यादव, श्रीनारायन साहनी, कमलेश यादव, भोला, जगदेव, सुखारी आदि का कहना है कि चुनाव आते ही नेता विद्युतीकरण का वादा करके वोट ले जाते हैं, परंतु यह काम अब तक नहीं हो सका। गांव के सुरेश, मोहन यादव, विक्रम गोंड़, भोला, तुफानी ठाकुर आदि का कहना है कि जनप्रतिनिधियों व प्रशासनिक अफसरों पर उनका विश्वास नहीं रहा, इस लिए वे इस बार मतदान में हिस्सा नहीं लेंगे।
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