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Kushinagar News: फ्लाईओवर के निर्माण की सुस्त रफ्तार, अधूरी सर्विस रोड बढ़ा रहीं दुश्वारियां
Sun, 29 Mar 2026 02:28 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Sun, 29 Mar 2026 02:28 AM IST
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पटहेरिया में ओवरवृज के लिए एक लेन पर एक पाया तैयार।स्रोत-सोशल मीडिया
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पडरौना। जिले से गुजरने वाले एनएच-28 पर सुगम, सुरक्षित व जाम से मुक्त यातायात के लिए पांच फ्लाईओवर के निर्माण की सुस्त रफ्तार लोगों पर भारी पड़ रही है। निर्माणाधीन फ्लाईओवर वाले स्थानों से सफर के दौरान लोगों को परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं। अधूरी पड़ी सर्विस रोड ने राहगीरों व दुकानदारों की दुश्वारियां बढ़ा दी हैं। पांच जगहों पर बनने वाले फ्लाईओवर में से सिर्फ पटहेरिया में मुख्य लेन का काम शुरू हो पाया है, शेष चार जगहों पर काम ठप पड़ा है।
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने एनएच-28 स्थित पांच प्रमुख स्थानों हाटा में बाघनाथ चौराहा व केन यूनियन चौराहा, फाजिलनगर, पटहेरिया और सलेमगढ़ में स्वीकृत फ्लाईओवरों का निर्माण कार्य महीनों पूर्व शुरू कराया था, लेकिन विभागीय उदासीनता और कार्यदायी संस्था की सुस्ती से निर्माण कार्य गति नहीं पकड़ रहा है। जिस रफ्तार से विकास का सपना दिखाकर काम शुरू किया गया था, अब उतनी ही ढिलाई बरती जा रही है। स्थिति यह है कि न तो सर्विस रोड पूरी तरह से तैयार है और न ही मुख्य लेन पर काम दिख रहा है। निर्माण के नाम पर सर्विस रोड को खोदकर उस पर गिट्टी डालकर छोड़ दी गई है। इससे राहगीरों को धूल के गुबार के बीच से गुजरना पड़ रहा है। इसका खामियाजा राहगीरों के साथ-साथ स्थानीय दुकानदार भी भुगत रहे हैं। इन स्थानों पर लगने वाले जाम में घंटों समय बर्बाद हो रहा है, इसके बावजूद जिम्मेदार मौन साधे हैं।
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फ्लाईओवर निर्माण कार्य को लेकर अभी कुछ दिक्कतें सामने आई हैं। उन्हें दूर करने के लिए अगले महीने विभागीय बैठक रखी गई है। बैठक के बाद निर्माण कार्य में तेजी आने की संभावना है। कुछ जगहों पर स्थानीय लोगों की तरफ से स्वीकृत निर्माण कार्य में बदलाव करते हुए काम कराए जाने की मांग सामने आई है। उन्हें भी सुलझाया जाएगा, ताकि निर्माण कार्य में कोई बाधा न उत्पन्न हो। -ललित प्रताप पाल, पीडी, एनएचएआई गोरखपुर
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अधूरी सर्विस रोड ने बढ़ाईं मुश्किलें
फ्लाईओवर का मुख्य काम शुरू करने से पहले आवागमन के लिए मजबूत सर्विस रोड का निर्माण जरूरी है, लेकिन धरातल पर सच्चाई इसके विपरीत है। हाटा से लेकर सलेमगढ़ तक सर्विस रोड उखाड़कर उस पर गिट्टी डालकर छोड़ दी गई है। इससे सर्विस रोड में गड्ढों और धूल के कारण दोपहिया वाहन चालकों की दुश्वारियां बढ़ गई हैं। गिट्टी बिछी हुई सर्विस रोड पर पानी का छिड़काव न होने से गुजरने वाले राहगीरों के सांस में धूल घुल रही है तो वहीं आसपास के दुकानदारों की भी परेशानी बढ़ी हुई है।
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सिर्फ पटहेरिया में दिख रही हलचल
फ्लाईओवर निर्माण की मौजूदा स्थिति देखें तो केवल पटहेरिया में मुख्य लेन पर कुछ काम नजर आ ररा है। यहां पिलर का काम शुरू किया गया है, लेकिन हाटा के बाघनाथ व केन यूनियन चौराहा और सलेमगढ़ में स्थिति जस की तस बनी हुई है। इन जगहों पर केवल सर्विस रोड की खुदाई करने के बाद गिट्टी डालकर छोड़ दी गई है। इससे संकरे रास्तों पर ट्रैफिक का दबाव बढ़ गया है।
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व्यवसाय और सेहत पर बुरा असर
हाईवे किनारे स्थित इन पांचों प्रमुख बाजारों के व्यापारियों के धंधे पर निर्माण की धीमी रफ्तार होने के चलते प्रभावित हो रहा है। दुकान के सामने उड़ती धूल और जाम के कारण ग्राहक रुकने से कतराते हैं। लोगों का कहना है कि निर्माण की रफ्तार काफी सुस्त है। मौजूदा समय में मौके पर मजदूर और मशीनें नहीं दिखाई दे रही हैं। अधूरे पड़े सर्विस रोड से गुजरने वाले राहगीरों के सेहत पर धूल के गुबार से परेशानी बढ़ रही है।
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प्रशासनिक दावों की खुली पोल
भले ही प्रशासनिक बैठकों में विकास कार्यों को समय से पूरा करने के निर्देश दिए जाते हों, लेकिन एनएचएआई और निर्माण एजेंसी के बीच तालमेल की कमी साफ झलक रही है। पटहेरिया को छोड़कर अन्य चार स्थानों पर निर्माण कार्य की गति काफी धीमी है। इससे आने वाले मौसम के दौरान हालात और भी बदतर होने की आशंका जताई जा रही
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जब से फ्लाईओवर का निर्माण काम शुरू हुआ है। हमारी दुकानदारी चौपट हो गई है। दिन भर उड़ने वाली धूल सामान पर जम जाती है। ग्राहक रुकना तो दूर, यहां से जल्दी से जल्द निकल जाना चाहते हैं। सर्विस रोड का बुरा हाल है। प्रशासन को इसकी सुध लेने की फुर्सत नहीं है। -संतोष कुमार मद्धेशिया, दुकानदार पटहेरिया
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फ्लाईओवर बनना जरूरी है, लेकिन जनता की सेहत की कीमत पर नहीं। दिन भर उड़ रही धूल हाईवे के किनारे रहने वाले लोगों की सांस में घुल रही है। बीमारियां होने का अंदेशा बना हुआ है। निर्माण एजेंसी न तो सड़कों पर पानी का छिड़काव करती है न ही इधर-उधर पड़े मलबे का सही निस्तारण। -योगेश गुप्ता, पटहेरिया
फ्लाईओवर निर्माण से पहले सर्विस लेन तैयार करने के लिए सड़क खोदकर छोड़ दी गई है, लेकिन अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया गया है। इसके चलते धूल, मिट्टी के बीच से ही आवागमन करना पड़ रहा है। इस रास्ते से मरीजों को गुजरने को काफी दिक्कतें हो रही हैं। -शक्ति सिंह, हाटा कस्बावासी
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फ्लाईओवर निर्माण की रफ्तार काफी धीमी है। सर्विस रोड को खोदकर उसे तत्काल बनाया जाना चाहिए था, लेकिन निर्माण एजेंसी की तरफ से सर्विस रोड को खोदकर उस पर गिट्टी डालकर छोड़ दी गई। इससे गुजरने वाले दो पहिया वाहन चालक प्रतिदिन गिरकर चोटिल होते रहते हैं। जल्द काम पूरा कराने की आवश्यकता है। -गोरख गुप्ता, हाटा कस्बावासी
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भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने एनएच-28 स्थित पांच प्रमुख स्थानों हाटा में बाघनाथ चौराहा व केन यूनियन चौराहा, फाजिलनगर, पटहेरिया और सलेमगढ़ में स्वीकृत फ्लाईओवरों का निर्माण कार्य महीनों पूर्व शुरू कराया था, लेकिन विभागीय उदासीनता और कार्यदायी संस्था की सुस्ती से निर्माण कार्य गति नहीं पकड़ रहा है। जिस रफ्तार से विकास का सपना दिखाकर काम शुरू किया गया था, अब उतनी ही ढिलाई बरती जा रही है। स्थिति यह है कि न तो सर्विस रोड पूरी तरह से तैयार है और न ही मुख्य लेन पर काम दिख रहा है। निर्माण के नाम पर सर्विस रोड को खोदकर उस पर गिट्टी डालकर छोड़ दी गई है। इससे राहगीरों को धूल के गुबार के बीच से गुजरना पड़ रहा है। इसका खामियाजा राहगीरों के साथ-साथ स्थानीय दुकानदार भी भुगत रहे हैं। इन स्थानों पर लगने वाले जाम में घंटों समय बर्बाद हो रहा है, इसके बावजूद जिम्मेदार मौन साधे हैं।
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फ्लाईओवर निर्माण कार्य को लेकर अभी कुछ दिक्कतें सामने आई हैं। उन्हें दूर करने के लिए अगले महीने विभागीय बैठक रखी गई है। बैठक के बाद निर्माण कार्य में तेजी आने की संभावना है। कुछ जगहों पर स्थानीय लोगों की तरफ से स्वीकृत निर्माण कार्य में बदलाव करते हुए काम कराए जाने की मांग सामने आई है। उन्हें भी सुलझाया जाएगा, ताकि निर्माण कार्य में कोई बाधा न उत्पन्न हो। -ललित प्रताप पाल, पीडी, एनएचएआई गोरखपुर
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अधूरी सर्विस रोड ने बढ़ाईं मुश्किलें
फ्लाईओवर का मुख्य काम शुरू करने से पहले आवागमन के लिए मजबूत सर्विस रोड का निर्माण जरूरी है, लेकिन धरातल पर सच्चाई इसके विपरीत है। हाटा से लेकर सलेमगढ़ तक सर्विस रोड उखाड़कर उस पर गिट्टी डालकर छोड़ दी गई है। इससे सर्विस रोड में गड्ढों और धूल के कारण दोपहिया वाहन चालकों की दुश्वारियां बढ़ गई हैं। गिट्टी बिछी हुई सर्विस रोड पर पानी का छिड़काव न होने से गुजरने वाले राहगीरों के सांस में धूल घुल रही है तो वहीं आसपास के दुकानदारों की भी परेशानी बढ़ी हुई है।
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सिर्फ पटहेरिया में दिख रही हलचल
फ्लाईओवर निर्माण की मौजूदा स्थिति देखें तो केवल पटहेरिया में मुख्य लेन पर कुछ काम नजर आ ररा है। यहां पिलर का काम शुरू किया गया है, लेकिन हाटा के बाघनाथ व केन यूनियन चौराहा और सलेमगढ़ में स्थिति जस की तस बनी हुई है। इन जगहों पर केवल सर्विस रोड की खुदाई करने के बाद गिट्टी डालकर छोड़ दी गई है। इससे संकरे रास्तों पर ट्रैफिक का दबाव बढ़ गया है।
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व्यवसाय और सेहत पर बुरा असर
हाईवे किनारे स्थित इन पांचों प्रमुख बाजारों के व्यापारियों के धंधे पर निर्माण की धीमी रफ्तार होने के चलते प्रभावित हो रहा है। दुकान के सामने उड़ती धूल और जाम के कारण ग्राहक रुकने से कतराते हैं। लोगों का कहना है कि निर्माण की रफ्तार काफी सुस्त है। मौजूदा समय में मौके पर मजदूर और मशीनें नहीं दिखाई दे रही हैं। अधूरे पड़े सर्विस रोड से गुजरने वाले राहगीरों के सेहत पर धूल के गुबार से परेशानी बढ़ रही है।
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प्रशासनिक दावों की खुली पोल
भले ही प्रशासनिक बैठकों में विकास कार्यों को समय से पूरा करने के निर्देश दिए जाते हों, लेकिन एनएचएआई और निर्माण एजेंसी के बीच तालमेल की कमी साफ झलक रही है। पटहेरिया को छोड़कर अन्य चार स्थानों पर निर्माण कार्य की गति काफी धीमी है। इससे आने वाले मौसम के दौरान हालात और भी बदतर होने की आशंका जताई जा रही
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जब से फ्लाईओवर का निर्माण काम शुरू हुआ है। हमारी दुकानदारी चौपट हो गई है। दिन भर उड़ने वाली धूल सामान पर जम जाती है। ग्राहक रुकना तो दूर, यहां से जल्दी से जल्द निकल जाना चाहते हैं। सर्विस रोड का बुरा हाल है। प्रशासन को इसकी सुध लेने की फुर्सत नहीं है। -संतोष कुमार मद्धेशिया, दुकानदार पटहेरिया
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फ्लाईओवर बनना जरूरी है, लेकिन जनता की सेहत की कीमत पर नहीं। दिन भर उड़ रही धूल हाईवे के किनारे रहने वाले लोगों की सांस में घुल रही है। बीमारियां होने का अंदेशा बना हुआ है। निर्माण एजेंसी न तो सड़कों पर पानी का छिड़काव करती है न ही इधर-उधर पड़े मलबे का सही निस्तारण। -योगेश गुप्ता, पटहेरिया
फ्लाईओवर निर्माण से पहले सर्विस लेन तैयार करने के लिए सड़क खोदकर छोड़ दी गई है, लेकिन अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया गया है। इसके चलते धूल, मिट्टी के बीच से ही आवागमन करना पड़ रहा है। इस रास्ते से मरीजों को गुजरने को काफी दिक्कतें हो रही हैं। -शक्ति सिंह, हाटा कस्बावासी
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फ्लाईओवर निर्माण की रफ्तार काफी धीमी है। सर्विस रोड को खोदकर उसे तत्काल बनाया जाना चाहिए था, लेकिन निर्माण एजेंसी की तरफ से सर्विस रोड को खोदकर उस पर गिट्टी डालकर छोड़ दी गई। इससे गुजरने वाले दो पहिया वाहन चालक प्रतिदिन गिरकर चोटिल होते रहते हैं। जल्द काम पूरा कराने की आवश्यकता है। -गोरख गुप्ता, हाटा कस्बावासी

पटहेरिया में ओवरवृज के लिए एक लेन पर एक पाया तैयार।स्रोत-सोशल मीडिया

पटहेरिया में ओवरवृज के लिए एक लेन पर एक पाया तैयार।स्रोत-सोशल मीडिया