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Kushinagar News: 24 से 31 तक होगी द्वितीय सत्रीय परीक्षा, परखेंगे बच्चों की शैक्षिक प्रगति
Thu, 15 Jan 2026 02:08 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Thu, 15 Jan 2026 02:08 AM IST
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पडरौना। परिषदीय व मान्यता प्राप्त विद्यालयों में विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति को परखने के लिए बेसिक शिक्षा परिषद ने द्वितीय सत्रीय परीक्षा का कार्यक्रम जारी कर दिया है। परीक्षा 24 जनवरी से 31 जनवरी के बीच विद्यालय स्तर पर आयोजित की जाएगी।
बेसिक शिक्षा निदेशक के निर्देश के तहत परीक्षा की संपूर्ण जिम्मेदारी विद्यालय प्रशासन को सौंपी गई है। प्रधानाध्यापक या प्रभारी प्रधानाध्यापक कक्षावार प्रश्नपत्र तैयार कराएंगे, जिनमें दिसंबर 2025 तक पढ़ाए गए पाठ्यक्रम से ही प्रश्न पूछे जाएंगे।
इससे छात्रों पर अतिरिक्त पाठ्यभार नहीं पड़ेगा और वास्तविक सीख का आकलन हो सकेगा। परीक्षा के बाद उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन संबंधित अध्यापक करेंगे।
मूल्यांकन के आधार पर विद्यार्थियों की शैक्षणिक स्थिति का विश्लेषण किया जाएगा और अभिभावकों को उनके बच्चों की प्रगति की जानकारी दी जाएगी। खास तौर पर कमजोर विद्यार्थियों को चिह्नित कर उनकी अतिरिक्त पढ़ाई कराई जाएगी, ताकि समय रहते उनकी शैक्षणिक कमियों को दूर किया जा सके।
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इस बारे में बीएसए डॉ. रामजियावन मौर्या ने बताया कि परीक्षा से जुड़े सभी अभिलेख विद्यालय स्तर पर सुरक्षित रखे जाएंगे, जबकि आयोजन पर होने वाला खर्च कंपोजिट ग्रांट से वहन किया जाएगा।
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बेसिक शिक्षा निदेशक के निर्देश के तहत परीक्षा की संपूर्ण जिम्मेदारी विद्यालय प्रशासन को सौंपी गई है। प्रधानाध्यापक या प्रभारी प्रधानाध्यापक कक्षावार प्रश्नपत्र तैयार कराएंगे, जिनमें दिसंबर 2025 तक पढ़ाए गए पाठ्यक्रम से ही प्रश्न पूछे जाएंगे।
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इससे छात्रों पर अतिरिक्त पाठ्यभार नहीं पड़ेगा और वास्तविक सीख का आकलन हो सकेगा। परीक्षा के बाद उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन संबंधित अध्यापक करेंगे।
मूल्यांकन के आधार पर विद्यार्थियों की शैक्षणिक स्थिति का विश्लेषण किया जाएगा और अभिभावकों को उनके बच्चों की प्रगति की जानकारी दी जाएगी। खास तौर पर कमजोर विद्यार्थियों को चिह्नित कर उनकी अतिरिक्त पढ़ाई कराई जाएगी, ताकि समय रहते उनकी शैक्षणिक कमियों को दूर किया जा सके।
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इस बारे में बीएसए डॉ. रामजियावन मौर्या ने बताया कि परीक्षा से जुड़े सभी अभिलेख विद्यालय स्तर पर सुरक्षित रखे जाएंगे, जबकि आयोजन पर होने वाला खर्च कंपोजिट ग्रांट से वहन किया जाएगा।