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Kushinagar News: सात साल से दूसरे विभाग के भवन में चल रहा रजिस्ट्री कार्यालय
Mon, 11 Aug 2025 01:50 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Mon, 11 Aug 2025 01:50 AM IST
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कप्तानगंज। तहसील परिसर में सात वर्षों से दूसरे विभाग के जर्जर भवन में रजिस्ट्री कार्यालय चल रहा है। राजस्व परिषद से अभी तक भूमि आवंटित न होने के कारण रजिस्ट्री कार्यालय को अपना नया भवन नहीं मिल सका। बारिश के समय छत टपकती है। जिसके चलते कार्यालय के कर्मचारियों के साथ-साथ जमीन का क्रय विक्रय करने वाले लोगों व अधिवक्ताओं को काफी दिक्कत होती है।
हाटा तहसील से वर्ष 2015 में कप्तानगंज को अलग कर नया तहसील का दर्जा दिया गया था। लेकिन जमीन की रजिस्ट्री को लेकर हाटा तहसील जाना पड़ता था। वर्ष 2018 में रामकोला के विधायक रहे रामानंद बौद्ध के सहयोग से कप्तानगंज तहसील परिसर में रजिस्ट्री कार्यालय को पुराने सिंचाई विभाग के डाक बगला में ही खोला गया। तभी से यह पुराने जर्जर भवन में ही कार्यालय संचालन में है। अधिक बरसात होने पर इसका छत टपकता है, कई जगह से बरजा टूट कर गिर रहा है।
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मिर्जा एकतदार हुसैन, मंत्री उमेश कुमार दुबे, पूर्व अध्यक्ष राम प्रताप सिंह, विनोद कुमार मिश्रा, परमहंस कुमार, दिनेश कुमार राव, राजनंदन लाल श्रीवास्तव, संजय सिंह, संजय पाण्डेय, हीरा पाण्डेय , देवेन्द्र लाल श्रीवास्तव, दीनानाथ शर्मा सहित अन्य अधिवक्ताओं का कहना है कि पुराने जर्जर भवन होने के कारण भवन में जाने के लिए भय तो लगता है। इस भवन में जमीन के क्रय विक्रय करने वाले लोगों के बैठने और खड़ा होने तक का जगह नहीं है। नए भवन के लिए पूर्व एसडीएम व्यास नारायण उमराव के समय तहसील परिसर में रजिस्ट्री कार्यालय के लिए भूमि आवंटित को लेकर रिपोर्ट तैयार कर जिला मुख्यालय भेजी गई थी। लेकिन अभी तक नए भवन के लिए भूमि आवंटित नहीं हुआ। प्रभारी सब रजिस्ट्रार रामनिवास ने बताया कि भूमि आवंटित राजस्व परिषद द्वारा नहीं हुआ है। जैसे ही भूमि आवंटित होती है, विभाग द्वारा नए भवन बनाया जाएगा।
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हाटा तहसील से वर्ष 2015 में कप्तानगंज को अलग कर नया तहसील का दर्जा दिया गया था। लेकिन जमीन की रजिस्ट्री को लेकर हाटा तहसील जाना पड़ता था। वर्ष 2018 में रामकोला के विधायक रहे रामानंद बौद्ध के सहयोग से कप्तानगंज तहसील परिसर में रजिस्ट्री कार्यालय को पुराने सिंचाई विभाग के डाक बगला में ही खोला गया। तभी से यह पुराने जर्जर भवन में ही कार्यालय संचालन में है। अधिक बरसात होने पर इसका छत टपकता है, कई जगह से बरजा टूट कर गिर रहा है।
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बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मिर्जा एकतदार हुसैन, मंत्री उमेश कुमार दुबे, पूर्व अध्यक्ष राम प्रताप सिंह, विनोद कुमार मिश्रा, परमहंस कुमार, दिनेश कुमार राव, राजनंदन लाल श्रीवास्तव, संजय सिंह, संजय पाण्डेय, हीरा पाण्डेय , देवेन्द्र लाल श्रीवास्तव, दीनानाथ शर्मा सहित अन्य अधिवक्ताओं का कहना है कि पुराने जर्जर भवन होने के कारण भवन में जाने के लिए भय तो लगता है। इस भवन में जमीन के क्रय विक्रय करने वाले लोगों के बैठने और खड़ा होने तक का जगह नहीं है। नए भवन के लिए पूर्व एसडीएम व्यास नारायण उमराव के समय तहसील परिसर में रजिस्ट्री कार्यालय के लिए भूमि आवंटित को लेकर रिपोर्ट तैयार कर जिला मुख्यालय भेजी गई थी। लेकिन अभी तक नए भवन के लिए भूमि आवंटित नहीं हुआ। प्रभारी सब रजिस्ट्रार रामनिवास ने बताया कि भूमि आवंटित राजस्व परिषद द्वारा नहीं हुआ है। जैसे ही भूमि आवंटित होती है, विभाग द्वारा नए भवन बनाया जाएगा।
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