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Kushinagar News: बेसिक स्कूलों में बदला विज्ञान का काेर्स, एआई भी पढ़ेंगे बच्चे
Wed, 01 Apr 2026 01:54 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Wed, 01 Apr 2026 01:54 AM IST
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- छठी से आठवीं की विज्ञान भारती पुस्तक में कंप्यूटर के सात पाठ हुए शामिल
पडरौना। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत पाठ्यक्रम में इस बार बदलाव किए गए हैं। शासन की तरफ से डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है। छठी से आठवीं तक की कक्षाओं में विज्ञान भारती पुस्तक में कंप्यूटर के सात पाठ्यक्रम शामिल किए गए हैं। इसमें माइक्रो सॉफ्ट वर्ड, माइक्रो सॉफ्ट एक्सेल, तार्किक सोच, स्केच द्वारा कोडिंग, पायथन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस शामिल किए गए हैं।
बीएसए डॉ. रामजियान मौर्या ने बताया कि परिषदीय विद्यालयों के बच्चों को एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) और नेटवर्किंग जैसी नई तकनीक की शिक्षा दी जाएगी। नए शिक्षा सत्र से विद्यालयों में कंप्यूटर संबंधी विषयों की पढ़ाई शुरू की जाएगी। उन्होंने बताया कि जिले के 2664 परिषदीय विद्यालयों में इस समय प्रेरणा पोर्टल के आधार पर करीब करीब ढाई लाख विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। सरकार इनको बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने का प्रयास कर रही है। इस क्रम में नई शिक्षा नीति लागू की गई है। नई नीति में विद्यार्थियों को डिजिटल शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए कंप्यूटर संबंधी टॉपिक को पाठ्यक्रम में शामिल किया गया है। इसके तहत नए शिक्षा सत्र में परिषदीय विद्यालयों के कक्षा छह, सात व आठ के विद्यार्थियों को एआई, कोडिंग, माइक्रो सॉफ्ट वर्ड, माइक्रो सॉफ्ट पेंट, इंटरनेट, नेटवर्किंग जैसे विषयों की भी जानकारी दी जाएगी।
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पडरौना। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत पाठ्यक्रम में इस बार बदलाव किए गए हैं। शासन की तरफ से डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है। छठी से आठवीं तक की कक्षाओं में विज्ञान भारती पुस्तक में कंप्यूटर के सात पाठ्यक्रम शामिल किए गए हैं। इसमें माइक्रो सॉफ्ट वर्ड, माइक्रो सॉफ्ट एक्सेल, तार्किक सोच, स्केच द्वारा कोडिंग, पायथन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस शामिल किए गए हैं।
बीएसए डॉ. रामजियान मौर्या ने बताया कि परिषदीय विद्यालयों के बच्चों को एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) और नेटवर्किंग जैसी नई तकनीक की शिक्षा दी जाएगी। नए शिक्षा सत्र से विद्यालयों में कंप्यूटर संबंधी विषयों की पढ़ाई शुरू की जाएगी। उन्होंने बताया कि जिले के 2664 परिषदीय विद्यालयों में इस समय प्रेरणा पोर्टल के आधार पर करीब करीब ढाई लाख विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। सरकार इनको बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने का प्रयास कर रही है। इस क्रम में नई शिक्षा नीति लागू की गई है। नई नीति में विद्यार्थियों को डिजिटल शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए कंप्यूटर संबंधी टॉपिक को पाठ्यक्रम में शामिल किया गया है। इसके तहत नए शिक्षा सत्र में परिषदीय विद्यालयों के कक्षा छह, सात व आठ के विद्यार्थियों को एआई, कोडिंग, माइक्रो सॉफ्ट वर्ड, माइक्रो सॉफ्ट पेंट, इंटरनेट, नेटवर्किंग जैसे विषयों की भी जानकारी दी जाएगी।
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