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Kushinagar News: आर्थिक तंगी ने पहुंचाया विदेश, टूरिस्ट वीजा के खेल ने बढ़ाया दर्द
Wed, 18 Dec 2024 12:01 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Wed, 18 Dec 2024 12:01 AM IST
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कुशीनगर। पूर्वांचल से लेकर बिहार तक फैली बेरोजगारी ने युवाओं को बड़े सपने संजोकर विदेश जाने को मजबूर किया। अपनी आर्थिक स्थिति ठीक करने गए इन युवा की मजबूरी मजबूती में नहीं बदल सकी। पिछले दिनों जो युवा स्थानीय एजेंटों के चक्कर में विदेश में खुशियां ढूंढने निकले थे, वह चकनाचूर हुए सपने और सीख लेकर वापस लौट रहे हैं।
जल्द विदेश जाने के चक्कर में टूरिस्ट वीजा के जरिए ही वहां भेज दिए जाते हैं। इसके बाद एजेंट की ओर से दिलाई गई नौकरी की लालच में वह ऐसे फंसते हैं कि उनका वीजा भी रद्द होता है और मानसिक प्रताड़ना झेलते हुए चरवाहे और मजदूरी का काम करने को मजबूर हो जाते हैं। आवाज उठाने पर कई दफा कानून की आड़ में टूरिस्ट वीजा और अन्य कागजी कमी को दिखाते हुए जेल में बंद कर दिया जाता है। स्वदेश लौटने के बाद लोगों में सीख और चीख भरी होती है जो कभी विदेश न जाने की होती है।
जीवनशैली के साथ घर की स्थिति को सुदृढ़ करने और विदेशी मुद्रा डॉलर की चमक के बीच लोग विशेषकर युवा ऐसे अनाधिकृत एजेंटों के चक्कर में फंसकर विदेश जा रहे हैं कि रुपये गंवाने के साथ इन लोगों के सजे हुए सपने चकनाचूर हो रहे हैं। दरअसल, विदेश में अच्छी नौकरी और मोटी तनख्वाह हर किसी की चाहत होती है। ऐसी ही ख्वाहिश रखने वाले अक्सर ठगों के जाल में फंस भी जाते हैं। जो नौकरी का झांसा देकर उनसे रुपये ही नहीं ऐंठते, बल्कि उन्हें विदेश में बेच भी दे रहे हैं।
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कभी इन्हें टूरिस्ट वीजा पर भेजकर फंसा दिया जा रहा है तो कभी जिस काम के लिए भेजा जाता है, वहां वह काम नहीं होता। जिले के ऐसे अब भी कई युवा इस झांसे में आकर सऊदी अरब, ओमान, किग्रिस्तान, दुबई आदि जगहों पर या तो होटलों में बर्तन धो रहे हैं या चरवाहा बने हुए हैं। सच्चाई सामने आने पर जिले में सक्रिय संस्था के सदस्यों की मदद से उनकी वतन वापसी होती है।
एसपी संतोष कुमार मिश्रा ने बताया कि विदेश भेजने के नाम पर ठगी करने वाले नेटवर्क को तोड़ने में पुलिस की टीमें लगी हैं। जालसाजों के सक्रिय नेटवर्क के बारे में जो भी शिकायतें मिल रही हैं। उस पर कार्रवाई की जा रही है। लोगों को भी इसको लेकर जागरूक रहने की जरूरत है। जिले में अवैध तरीके प्रशिक्षण देने और विदेश भेजने के लिए खोले गए ऑफिस संचालकों पर भी पुलिस की नजर है।
मदद करता है प्रवासी भारतीय मदद समूह : जिले के अलावा आसपास पूर्वांचल और उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों से विदेश में फंसे लोगों के लिए जिले के अरविंद कुमार सागर की ओर से संचालित समूह कारगर साबित हो रहा है। इसमें जिले के हर क्षेत्र से युवा जुड़े हुए हैं, जिनके दायित्व का बंटवारा हुआ है। इसमें जिले के अलावा प्रदेश और देश स्तर पर भी पदों का चयन किया गया है जो लगातार विदेश मंत्रालय से सामंजस्य बनाए रहते हैं। इस समूह ने अबतक विदेश में फंसे 704 से अधिक लोगों की वतन वापसी कराई है। इस टीम में छोटेलाल यादव, जीडी अंसारी, जीएल अंसारी, जितेंद्र प्रजापति, सुनील आर्य, आशीष तिवारी, अविनाश पिंटू, विजय कुमार आदि युवा अलग-अलग क्षेत्र में लोगों को वापस लाने में मदद कर रहे हैं।
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जल्द विदेश जाने के चक्कर में टूरिस्ट वीजा के जरिए ही वहां भेज दिए जाते हैं। इसके बाद एजेंट की ओर से दिलाई गई नौकरी की लालच में वह ऐसे फंसते हैं कि उनका वीजा भी रद्द होता है और मानसिक प्रताड़ना झेलते हुए चरवाहे और मजदूरी का काम करने को मजबूर हो जाते हैं। आवाज उठाने पर कई दफा कानून की आड़ में टूरिस्ट वीजा और अन्य कागजी कमी को दिखाते हुए जेल में बंद कर दिया जाता है। स्वदेश लौटने के बाद लोगों में सीख और चीख भरी होती है जो कभी विदेश न जाने की होती है।
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जीवनशैली के साथ घर की स्थिति को सुदृढ़ करने और विदेशी मुद्रा डॉलर की चमक के बीच लोग विशेषकर युवा ऐसे अनाधिकृत एजेंटों के चक्कर में फंसकर विदेश जा रहे हैं कि रुपये गंवाने के साथ इन लोगों के सजे हुए सपने चकनाचूर हो रहे हैं। दरअसल, विदेश में अच्छी नौकरी और मोटी तनख्वाह हर किसी की चाहत होती है। ऐसी ही ख्वाहिश रखने वाले अक्सर ठगों के जाल में फंस भी जाते हैं। जो नौकरी का झांसा देकर उनसे रुपये ही नहीं ऐंठते, बल्कि उन्हें विदेश में बेच भी दे रहे हैं।
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कभी इन्हें टूरिस्ट वीजा पर भेजकर फंसा दिया जा रहा है तो कभी जिस काम के लिए भेजा जाता है, वहां वह काम नहीं होता। जिले के ऐसे अब भी कई युवा इस झांसे में आकर सऊदी अरब, ओमान, किग्रिस्तान, दुबई आदि जगहों पर या तो होटलों में बर्तन धो रहे हैं या चरवाहा बने हुए हैं। सच्चाई सामने आने पर जिले में सक्रिय संस्था के सदस्यों की मदद से उनकी वतन वापसी होती है।
एसपी संतोष कुमार मिश्रा ने बताया कि विदेश भेजने के नाम पर ठगी करने वाले नेटवर्क को तोड़ने में पुलिस की टीमें लगी हैं। जालसाजों के सक्रिय नेटवर्क के बारे में जो भी शिकायतें मिल रही हैं। उस पर कार्रवाई की जा रही है। लोगों को भी इसको लेकर जागरूक रहने की जरूरत है। जिले में अवैध तरीके प्रशिक्षण देने और विदेश भेजने के लिए खोले गए ऑफिस संचालकों पर भी पुलिस की नजर है।
मदद करता है प्रवासी भारतीय मदद समूह : जिले के अलावा आसपास पूर्वांचल और उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों से विदेश में फंसे लोगों के लिए जिले के अरविंद कुमार सागर की ओर से संचालित समूह कारगर साबित हो रहा है। इसमें जिले के हर क्षेत्र से युवा जुड़े हुए हैं, जिनके दायित्व का बंटवारा हुआ है। इसमें जिले के अलावा प्रदेश और देश स्तर पर भी पदों का चयन किया गया है जो लगातार विदेश मंत्रालय से सामंजस्य बनाए रहते हैं। इस समूह ने अबतक विदेश में फंसे 704 से अधिक लोगों की वतन वापसी कराई है। इस टीम में छोटेलाल यादव, जीडी अंसारी, जीएल अंसारी, जितेंद्र प्रजापति, सुनील आर्य, आशीष तिवारी, अविनाश पिंटू, विजय कुमार आदि युवा अलग-अलग क्षेत्र में लोगों को वापस लाने में मदद कर रहे हैं।