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Kushinagar News: विद्युत कर्मचारी ओटीएस में व्यस्त.... उपभोक्ता रहे परेशान

Sun, 26 Jan 2025 12:05 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर Updated Sun, 26 Jan 2025 12:05 AM IST
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Electrical workers busy in OTS... consumers remain worried
कसया गुरवलिया बाजार। कभी रिले खराब, कभी मेन लाइन में फाॅल्ट और कभी हाइटेंशन तार टूट जाने के कारण प्रभावित रहने वाली फाजिलनगर की विद्युत वितरण व्यवस्था तमाम प्रयासों के बाद भी सुधर नहीं पा रही है। शुक्रवार सुबह से रात तक विद्युत उपकेंद्र से जुड़े फीडरों और गांव में लगभग 20 घंटे विद्युत बाधित रही। वहीं मेन लाइन का डिस्क पंक्चर हो जाने से 22 घंटे तक कुशीनगर नगर पालिका के कई वार्डों में आपूर्ति ठप रही। पंक्चर डिस्क को ढूंढ़ने में लाइनमैनों को 20 घंटे से अधिक समय लग गया। इसके अलावा पडरौना शहर के फीडर नंबर दो से जुड़े दो मोहल्ले की आपूर्ति फाॅल्ट के कारण रात को ठप रही। इससे पहले एक सप्ताह पूर्व मेन लाइन में अचानक फॉल्ट आने के कारण 30 घंटे से अधिक प्रभावित हुई थी।
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ट्रांसफाॅर्मर की बुशिंग में आई खराबी से तेल का रिसाव हुआ और इसके कारण उपभोक्ताओं को समस्या का सामना करना पड़ा। इधर, विद्युत विभाग के कर्मचारी दिन भर एकमुश्त समाधान योजना में व्यस्त रहे। विद्युत उपकेंद्र पहुंचे एक्सईएन आरके सिंह ने विद्युत कर्मचारियों से समस्या को समझते हुए समाधान के लिए निर्देशित किया। बुशिंग बदलने के बाद गोरखपुर से तेल मंगाई गई। एक्सईएन के आने के बाद विभाग कुछ देर के लिए सजग हुआ, लेकिन एक्सईएन के लौट जाने के बाद सभी गायब दिखे। देर रात तक उपकेंद्र पर उपभोक्ता जमे रहे। स्थानीय लोगों ने राजन शुक्ला और अन्य उपभोक्ताओं के साथ मिलकर संविदा कर्मचारियों से मदद लेकर एक दूसरे फीडर को जोड़कर विद्युत व्यवस्था को चलाने का प्रयास करते रहे।
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विद्युत उपकेंद्र फाजिलनगर से जोकवा, रहसू, फाजिलनगर दक्षिणी, फाजिलनगर कस्बा, न्यू साउथ, ओल्ड साउथ, पटहेरवा समेत सात फीडर संचालित होते हैं। इन फीडरों से कस्बा समेत 200 से अधिक गांव जुड़े हैं। ट्रांसफाॅर्मर की बुशिंग में आई खराबी के कारण ट्रांसफाॅर्मर से तेल का ऐसा रिसाव हुआ कि फाजिलनगर विद्युत उपकेंद्र से की जाने वाली आपूर्ति 20 घंटे तक बाधित रही। उपकेंद्र पर 10 एमवीए के ट्रांसफाॅर्मर से जोकवा, पटहेरवा, रहसु और जौरा फीडर की आपूर्ति होती है। अधिक दबाव के कारण अचानक शुक्रवार सुबह 06 बजे बुशिंग फटने से पूरा तेल गिर गया। उपभोक्ता उग्र हुए तो बात एक्सईएन तक पहुंची और 09 बजे सुबह आरके सिंह विद्युत उपकेंद्र पहुंचे। अन्य अधीनस्थ विद्युत कर्मचारियों और अवर अभियंताओं को कड़े निर्देश दिए। बावजूद इसके उनके जाने के बाद विभाग एकमुश्त समाधान योजना में व्यस्त हो गया। सभी अवर अभियंता स्थानीय स्तर पर गायब दिखे। दिन भर कोई हरकत नहीं हुई। उपभोक्ताओं का एक जत्था विद्युत उपकेंद्र पहुंचा और समाधान की जद्दोजहद करने लगे। जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि राजन शुक्ला, सभासद अब्बास अंसारी, गोलू सिंह आदि युवाओं ने मोर्चा संभालते हुए संविदा कर्मियों के मदद से एक एक फीडर से अटैच कर विद्युत आपूर्ति बहाल कराई।
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युवाओं का आरोप है कि अवर अभियंताओं की लापरवाही से लगातार विद्युत उपकेंद्र से जुड़े उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जिले में तेज की कमी से देर रात तक विद्युत विभाग की मांग पर 12 बजे तक जिले में तेल पहुंचा, जिसको गरम कर शनिवार सुबह ट्रांसफाॅर्मर में डाल दिया गया। सुबह सात बजे कटी बिजली देर रात 12 तक पटरी पर नहीं आ सकी। किसी तरह दूसरे फीडर की आपूर्ति रोक के थोड़ी-थोड़ी बिजली अलग-अलग फीडरों को दी गई। रहसु रोककर जोकवा और टाउन फीडर रोक कर परहेरवा की आपूर्ति हुई।

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उपभोक्ता खफा, बोले आए दिन गुल रहती बत्ती

-नगर व गांवों के लोग आए दिन बिजली कटौती की समस्या झेल रहे हैं, लेकिन इसके बाद भी व्यवस्था में कोई बदलाव नहीं किया जा रहा है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि एक सप्ताह पूर्व इस उपकेंद्र से जुड़ी बिजली मेन लाइन फॉल्ट के कारण 30 घंटे गुल रही थी। तब विभाग को फॉल्ट खोजने में 22 घंटे लगे थे। इसके अलग लगातार इंसुलेटर खराब होने, जंपर कटने, तार टूटने, ओवरलोड होने से आपूर्ति बाधित रहती है। शुक्रवार को नई समस्या आ गई। जहां ट्रांसफाॅर्मर का तेल बहने से विद्युत ठप रही। क्षेत्र के बलिराम जायसवाल, राजेश राय, छोटे तिवारी, परशुराम सिंह, भोलानाथ सिंह, मुन्ना सिंह आदि उपभोक्ताओं ने कहा कि आए दिन खराबी से आपूर्ति बाधित होना आम बात है। इसके अलावा यहां के कर्मचारियों की लापरवाही भी किसी से छिपी नहीं है।
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तीन-तीन अवर अभियंता...मौके पर एक भी नहीं, फोन से भी दूरी
फाजिलनगर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े उपभोक्ताओं की समस्या महज विद्युत वितरण व्यवस्था नहीं है। इसके अलावा कर्मचारियों की लापरवाही और तानाशाही भी परेशानी का सबब बनते आई है। पिछले वर्षों में इनके लापरवाही पर आंदोलन और आवास घेराव भी हो चुका है, लेकिन जिम्मेदार बाज नहीं आते। शुक्रवार को हुई समस्या में भी यही हाल रहा, जहां दिन में अवर अभियंता ओटीएस के समाधान में मशगूल रहे। जब उन्हें जानकारी हुई तो थोड़ी सक्रियता दिखाकर इतिश्री कर ली। इनपर आरोप है कि यह मौके पर रहना कम पसंद करते हैं इसके अलावा फोन भी नहीं उठाते, जिससे उपभोक्ताओं में खासी नाराजगी है। एसडीओ का भी यही हाल है।
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बिजली के लिए विभाग से ज्यादा दौड़ते हैं युवा

-फाजिलनगर विद्युत उपकेंद्र से की जाने वाली आपूर्ति में कभी केबल फाॅल्ट तो कभी जर्जर तार टूटने जैसी घटनाएं रोज होती रहती है। ऐसे में फाजिलनगर के युवा इसके लिए संकटमोचन हैं, जो अधिकारियों से पहले स्थल पर लाइनमैन को साथ लेकर पहुंचते हैं और फाॅल्ट ठीक कराते हैं। वहीं उपकेंद्र स्तर पर फाॅल्ट होने से रातों रात जागकर यह टीम फाॅल्ट ठीक कराती हैं। इस टीम में राहुल सिंह, राजन शुक्ल, सुनील आर्य, अंकित मिश्र आदि लोगों ने 400 से अधिक लोगों को एक ग्रुप के माध्यम से जोड़ा है, जहां पल-पल की विद्युत से जुड़ी अपडेट को यह युवा डालते रहते हैं, जिससे लोगों में उम्मीद कायम रहती है।
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टेस्टिंग में असंतुष्टि पर कटी बिजली...उपभोक्ता परेशान



फाजिलनगर के अलावा कसया 132 केवीए से होने वाली गोपालगढ़ की आपूर्ति भी घंटों प्रभावित रही। दरअसल, आपूर्ति बहाल करने से पहले विद्युत विभाग टेस्टिंग कर मानक के अनुरूप बिजली सप्लाई शुरू करता है, लेकिन रात में कोहरे के कारण टेस्टिंग में असंतोषजनक परिणाम दिखने पर रात 10 बजे के बाद विद्युत बहाल नहीं की गई। इधर, फाजिलनगर में विद्युत प्रभावित होने के कारण भी इसका असर दिखा। सुबह आपूर्ति बहाल हो गई थी।

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क्या कहते हैं उपभोक्ता



फाजिलनगर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े लोगों के लिए अभियंताओं का रिस्पॉन्स बेहद खराब है। ओटीएस के बहाने विद्युत विभाग तो खूब वसूली कर रहा, लेकिन विद्युत की वितरण व्यवस्था पर कोई विशेष देखरेख नहीं है। इससे आए दिन फाॅल्ट और अन्य चीजों के कारण आपूर्ति बाधित होती है।

-राजन शुक्ला, उपभोक्ता, महुअवा खुर्द



जब बिजली खराब होती है तो मौके पर बिजली कर्मचारियों से अधिक तो स्थानीय जागरूक युवा दिखते हैं। उपभोक्ताओं के परेशानी से विभाग को कोई लेनादेना नहीं है। 20 घंटे विद्युत आपूर्ति बाधित रहने से पानी और रोशनी का संकट था। युवाओं की मदद से बिजली बहाल हुई।


विवेक सिंह, उपभोक्ता, गड़हिया



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कोट
फाजिलनगर में मैं खुद मौके पर गया था। टेक्निकल दिक्कतों के कारण तेल का रिसाव हुआ था। गोरखपुर से तेल मंगाकर डाल दिया गया है। विद्युत आपूर्ति प्रभावित जरूर हुई थी, लेकिन हम उपभोक्ताओं को समस्या न हो इसके लिए प्रयास कर रहे हैं। सभी विद्युत कर्मचारी लगे हुए हैं किसी की फोन न उठाने और रिस्पांस नहीं देने की शिकायत नहीं मिली है। लेकिन, इसके लिए अधीनस्थों को निर्देशित किया जाएगा। गोपालगढ़ बिजली टेस्टिंग के कारण प्रभावित हुई थी। कोई विशेष समस्या नहीं थी। एक डिस्क भी पंक्चर हुई थी।

- आरके सिंह, एक्सईएन, विद्युत वितरण निगम कसया
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