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Kushinagar News: टीबी का प्रभावी उपचार संभव, लक्षण दिखते ही कराएं इलाज
Tue, 11 Aug 2026 02:24 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Tue, 11 Aug 2026 02:24 AM IST
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पडरौना। शहर के उदित नारायण पीजी कॉलेज के वनपस्ति विज्ञान प्रयोगशाला में सोमवार को 50वीं बटालियन एनसीसी की तरफ से जागरूकता सेमिनार का आयोजन हुआ। इसमें विद्यार्थियों और एनसीसी कैडेट्स को टीबी के लक्षण, बचाव, उपचार आदि की जानकारी दी गई। अंत में कॉलेज परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया।
मुख्य वक्ता डॉ. विवेक कुमार ने कहा कि वैज्ञानिकों के निरंतर प्रयासों से अब टीबी का प्रभावी उपचार संभव है। यदि किसी व्यक्ति में लंबे समय तक खांसी, बुखार, वजन कम होना, रात में पसीना आना अथवा खांसी के साथ खून आने जैसे लक्षण दिखाई दें, तो उसे तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर संपर्क कर चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि टीबी के उपचार में प्रयुक्त कुछ प्रमुख दवाओं का प्रभाव कम या समाप्त हो सकता है। इसलिए समय पर जांच एवं चिकित्सकीय सलाह के अनुसार पूरा उपचार करना आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों एवं एनसीसी कैडेट्स से अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखने, टीबी के प्रति जागरूकता फैलाने और रोग से संबंधित भ्रांतियों को दूर करने के लिए प्रेरित किया। इसके बाद प्राचार्य प्रोफेसर ममता मणि त्रिपाठी की अगुवाई में कॉलेज परिसर में पौधारोपण कर छात्र-छात्राओं को पर्यावरण के प्रति जागरूक किया गया। अंत में एनसीसी के एएनओ डॉ. लेफ्टिनेंट नरेंद्र त्रिपाठी ने सभी अतिथियों के प्रति आभार जताया।
इस दौरान अरुण कुमार, सुमित कुमार, निर्भय कुमार, अभिषेक पांडेय, अमर कुशवाहा, सलोनी गुप्ता, आंचल, प्रियंका यादव, आशुतोष, विकास आदि मौजूद रहे।
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मुख्य वक्ता डॉ. विवेक कुमार ने कहा कि वैज्ञानिकों के निरंतर प्रयासों से अब टीबी का प्रभावी उपचार संभव है। यदि किसी व्यक्ति में लंबे समय तक खांसी, बुखार, वजन कम होना, रात में पसीना आना अथवा खांसी के साथ खून आने जैसे लक्षण दिखाई दें, तो उसे तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर संपर्क कर चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि टीबी के उपचार में प्रयुक्त कुछ प्रमुख दवाओं का प्रभाव कम या समाप्त हो सकता है। इसलिए समय पर जांच एवं चिकित्सकीय सलाह के अनुसार पूरा उपचार करना आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों एवं एनसीसी कैडेट्स से अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखने, टीबी के प्रति जागरूकता फैलाने और रोग से संबंधित भ्रांतियों को दूर करने के लिए प्रेरित किया। इसके बाद प्राचार्य प्रोफेसर ममता मणि त्रिपाठी की अगुवाई में कॉलेज परिसर में पौधारोपण कर छात्र-छात्राओं को पर्यावरण के प्रति जागरूक किया गया। अंत में एनसीसी के एएनओ डॉ. लेफ्टिनेंट नरेंद्र त्रिपाठी ने सभी अतिथियों के प्रति आभार जताया।
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इस दौरान अरुण कुमार, सुमित कुमार, निर्भय कुमार, अभिषेक पांडेय, अमर कुशवाहा, सलोनी गुप्ता, आंचल, प्रियंका यादव, आशुतोष, विकास आदि मौजूद रहे।