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लाइनमैन की लापरवाही से अंधेरे में डूबा रहा गांव
अमर उजाला ब्यूरो कौशाम्बी
Updated Sun, 03 Jul 2016 12:23 AM IST
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पेरई उपकेंद्र के दुर्गापुर गांव में दस दिन से अंधेरा छाया रहा। लापरवाह लाइनमैन ने ट्रांसफार्मर फुंकने की बात कहकर आपूर्ति बाधित कर दी थी। शनिवार को नए जेई ने आपूर्ति जुड़वाया तो ट्रांसफार्मर से बराबर बिजली मिली। आपूर्ति मिलने पर उपभोक्ताओं में खुशी के साथ-साथ लाइनमैन के खिलाफ नाराजगी भी दिखी।
दुर्गापुर गांव के उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति देने के लिए ढाई सौ केवीए का ट्रांसफार्मर 15 दिन पहले लगवाया गया था। चार दिन बाद ट्रांसफार्मर का फ्यूज अचानक उड़ गया। ग्राम प्रधान भरत द्विवेदी सहित गांव के लक्ष्मी नारायन, नंदलाल, रामबाबू, वरुण पांडेय आदि ने मामले की शिकायत तत्कालीन जेई शिवबाबू निषाद से की। शिकायत पर पहुंचे प्राइवेट लाइनमैन ने ट्रांसफार्मर फुंकने की बात कहकर कनेक्शन काट दिया। इसके चलते गांव में दस दिन से अंधेरा छाया रहा।
ग्रामीणों ने ट्रांसफार्मर बदले जाने की मांग नवागत जेई महेंद्र कुमार से की तो उन्होंने लाइनमैन को भेजकर टेस्टिंग कराई। टेस्टिंग के दौरान प्राइवेट लाइनमैन के कारनामे की पोल तब खुली जब उसी ट्रांसफार्मर से बराबर आपूर्ति हुई। बिजली मिलने पर ग्रामीणों ने राहत की सांस ली पर लाइनमैन की लापरवाही के प्रति ग्रामीणों में खासी नाराजगी देखी गई।
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दुर्गापुर गांव के उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति देने के लिए ढाई सौ केवीए का ट्रांसफार्मर 15 दिन पहले लगवाया गया था। चार दिन बाद ट्रांसफार्मर का फ्यूज अचानक उड़ गया। ग्राम प्रधान भरत द्विवेदी सहित गांव के लक्ष्मी नारायन, नंदलाल, रामबाबू, वरुण पांडेय आदि ने मामले की शिकायत तत्कालीन जेई शिवबाबू निषाद से की। शिकायत पर पहुंचे प्राइवेट लाइनमैन ने ट्रांसफार्मर फुंकने की बात कहकर कनेक्शन काट दिया। इसके चलते गांव में दस दिन से अंधेरा छाया रहा।
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ग्रामीणों ने ट्रांसफार्मर बदले जाने की मांग नवागत जेई महेंद्र कुमार से की तो उन्होंने लाइनमैन को भेजकर टेस्टिंग कराई। टेस्टिंग के दौरान प्राइवेट लाइनमैन के कारनामे की पोल तब खुली जब उसी ट्रांसफार्मर से बराबर आपूर्ति हुई। बिजली मिलने पर ग्रामीणों ने राहत की सांस ली पर लाइनमैन की लापरवाही के प्रति ग्रामीणों में खासी नाराजगी देखी गई।
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