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कोल्हुआ गांव में पांव पसार रहा चिकनगुनिया
अमर उजाला ब्यूरो कौशाम्बी
Updated Tue, 13 Sep 2016 11:58 PM IST
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सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कौशाम्बी के कोल्हुआ मजरा छेकवा में चार दिन से चिकनगुनिया बुखार पांव पसार रहा है। अब तक इसकी जद में गांव के आधा दर्जन से अधिक लोग आ चुके हैं। तेज बुखार से ग्रसित मरीजों के हाथ-पांव सूज रहे हैं। इसे लेकर ग्रामीण डरे हुए हैं। उधर बीमारी को लेकर महकमे के जिम्मेदार तनिक भी संजीदा नहीं दिख रहे।
कोल्हुआ गांव में चार दिन पहले चिकनगुनिया बुखार ने दस्तक दी है। बुखार से शरीर शिथिल होने के साथ-साथ हाथ और पैर भी सूज रहे हैं। चार दिन के भीतर गांव के धर्मेंद्र (25), कुलदीप पाल (30), बाबूलाल (27), जलसेन पाल (30), कमला देवी (50), सेवालाल (36) सहित दर्जनभर लोगों को बीमारी अपनी जद में ले चुका है।
पीड़ितों का आरोप है कि वह सीएचसी बारा चिकित्सक को दिखाने गए थे, लेकिन उन्हें दवा न होने की बात कहकर लौटा दिया गया। इससे मजबूर बुखार पीड़ितों का अपना इलाज गांव के झोला छाप चिकित्सक से कराना पड़ रहा है। बीमारी से पीड़ितों को थोड़ा बहुत आराम तो मिलता है पर पूरी तरह से ठीक नहीं हो रहे। उधर धीरे-धीरे बीमारी एक-एक कर ग्रामीणों को अपनी चपेट में लेती जा रही है।
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कोल्हुआ गांव में चार दिन पहले चिकनगुनिया बुखार ने दस्तक दी है। बुखार से शरीर शिथिल होने के साथ-साथ हाथ और पैर भी सूज रहे हैं। चार दिन के भीतर गांव के धर्मेंद्र (25), कुलदीप पाल (30), बाबूलाल (27), जलसेन पाल (30), कमला देवी (50), सेवालाल (36) सहित दर्जनभर लोगों को बीमारी अपनी जद में ले चुका है।
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पीड़ितों का आरोप है कि वह सीएचसी बारा चिकित्सक को दिखाने गए थे, लेकिन उन्हें दवा न होने की बात कहकर लौटा दिया गया। इससे मजबूर बुखार पीड़ितों का अपना इलाज गांव के झोला छाप चिकित्सक से कराना पड़ रहा है। बीमारी से पीड़ितों को थोड़ा बहुत आराम तो मिलता है पर पूरी तरह से ठीक नहीं हो रहे। उधर धीरे-धीरे बीमारी एक-एक कर ग्रामीणों को अपनी चपेट में लेती जा रही है।
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