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ठंड लगने से हुई थी सगे भाइयों की मौत
अमर उजाला ब्यूरो कौशाम्बी
Updated Thu, 01 Dec 2016 12:29 AM IST
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करारी के पचम्भा गांव में सोमवार रात सगे भाइयों की मौत ठंड लगने से हुई थी। सीएमओ के निर्देश पर जांच करने पहुंची डॉक्टरों की टीम ने मौत की वजह कोल्ड डायरिया बताई है। डॉक्टरों ने फूड प्वाइजनिंग की संभावना को सिरे से खारिज कर दिया है। सावित्री का अभी भी इलाज चल रहा है। बुधवार को जांच-पड़ताल करने के बाद डॉक्टरों ने टीम ने सावित्री को दवाएं भी दी है।
पचम्भा निवासी हरिश्चंद्र के बेटे मंजीत, रजीत व संदीप कुमार और बेटी सावित्री ने सोमवार की रात भुना हुआ चावल खा लिया था। गांव के ही लाई-चना भूनने वाले से उन्होंने चावल भुनवाया था। रात करीब 11 बजे इन बच्चों की हालत बिगड़ गई थी। उल्टी-दस्त शुरू होने पर पिता हरिश्चंद्र व मां अनीता देवी बच्चों को लेकर करारी के एक निजी अस्पताल ले गए थे। रंजीत को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था, जबकि संदीप ने इलाज के दौरान जिला मुख्यालय के एक निजी अस्पताल में दम तोड़ा था।
सावित्री का इलाज चल रहा है। मासूमों की मौत से हरिश्चंद्र व उसकी पत्नी बौखला गई थी। सगे भाईयों की मौत की जानकारी होने पर बुधवार को सीएमओ डॉ. एसके उपाध्याय ने डॉक्टरों की टीम भेजी। डॉक्टर इरशाद अहमद व मो. अफजाल अहमद ने पहले घर के लोगों का चेकअप किया। मंजीत का ब्लड सैंपल लिया। इसके अलावा अन्य कई जांच की। इसके बाद पता चला कि रंजीत व संदीप की मौत ठंड लगने के कारण हुई थी। इनको कोल्ड डायरिया हुआ था। जांच के बाद डॉक्टरों ने सावित्री को दी गई दवाओं की भी जांच की। इसके बाद डॉक्टरों ने सावित्री को दूसरी दवाएं दीं।
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हरिश्चंद्र के घर में मचा है कोहराम
दो बेटों की मौत से हरिश्चंद्र के घर में कोहराम मचा हुआ है। रंजीत व संदीप के दम तोड़ने से पिता व मां का रो-रो कर बुरा हाल है। गांव के लोग भी गमगीन हैं। नात-रिश्तेदारों का घर में जमावड़ा लगा है। सावित्री की हालत में अभी सुधार नहीं हुआ है। हरिश्चंद्र बेटी को बचाने के लिए प्रयास कर रहा है।
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पचम्भा निवासी हरिश्चंद्र के बेटे मंजीत, रजीत व संदीप कुमार और बेटी सावित्री ने सोमवार की रात भुना हुआ चावल खा लिया था। गांव के ही लाई-चना भूनने वाले से उन्होंने चावल भुनवाया था। रात करीब 11 बजे इन बच्चों की हालत बिगड़ गई थी। उल्टी-दस्त शुरू होने पर पिता हरिश्चंद्र व मां अनीता देवी बच्चों को लेकर करारी के एक निजी अस्पताल ले गए थे। रंजीत को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था, जबकि संदीप ने इलाज के दौरान जिला मुख्यालय के एक निजी अस्पताल में दम तोड़ा था।
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सावित्री का इलाज चल रहा है। मासूमों की मौत से हरिश्चंद्र व उसकी पत्नी बौखला गई थी। सगे भाईयों की मौत की जानकारी होने पर बुधवार को सीएमओ डॉ. एसके उपाध्याय ने डॉक्टरों की टीम भेजी। डॉक्टर इरशाद अहमद व मो. अफजाल अहमद ने पहले घर के लोगों का चेकअप किया। मंजीत का ब्लड सैंपल लिया। इसके अलावा अन्य कई जांच की। इसके बाद पता चला कि रंजीत व संदीप की मौत ठंड लगने के कारण हुई थी। इनको कोल्ड डायरिया हुआ था। जांच के बाद डॉक्टरों ने सावित्री को दी गई दवाओं की भी जांच की। इसके बाद डॉक्टरों ने सावित्री को दूसरी दवाएं दीं।
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हरिश्चंद्र के घर में मचा है कोहराम
दो बेटों की मौत से हरिश्चंद्र के घर में कोहराम मचा हुआ है। रंजीत व संदीप के दम तोड़ने से पिता व मां का रो-रो कर बुरा हाल है। गांव के लोग भी गमगीन हैं। नात-रिश्तेदारों का घर में जमावड़ा लगा है। सावित्री की हालत में अभी सुधार नहीं हुआ है। हरिश्चंद्र बेटी को बचाने के लिए प्रयास कर रहा है।