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विपक्षियों से पहले अपनों से लड़ रहे उम्मीदवार
Updated Sat, 28 Oct 2017 12:31 AM IST
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विपक्षियों से पहले अपनों से लड़ रहे दावेदार
टिकट के लिए राजधानी में बैठे सियासी आकाओं की परिक्रमा कर रहे टिकटार्थी, भाजपा-सपा में मची रार
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। निकाय चुनाव की अधिसूचना लागू होने के बावजूद अभी तक किसी भी सियासी दल ने उम्मीदवार की घोषणा नहीं की है। टिकट के लिए दावेदार स्थानीय संगठन से लेकर राजधानी में बैठकर सियासी आकाओं की गणेश परिक्रमा कर रहे हैं। आलम यह है कि चुनावी समर में कूदे प्रत्याशियों को विपक्षियों से पहले अपनों से ही लड़ना पड़ रहा है। सर्वाधिक रार सत्ताधारी दल भाजपा और सपा में देखने को मिल रही है।
इस बार सभी राजनीतिक पार्टियों की ओर से सिम्बल पर चुनाव लड़ाने की घोषणा से सत्ताधारी दल भाजपा और सपा में दावेदारों की भीड़ है। दोनों दलों से एक-एक नगर पंचायत में आधा दर्जन से अधिक उम्मीदवार टिकट की लाइन में हैं। महीनों से स्थानीय संगठन के साथ ही राजधानी लखनऊ में बैठे सियासी आकाओं की गणेश परिक्रमा करने के बावजूद टिकट नहीं फाइनल होने से दावेदारों का हलक सूखने लगा है। इसी बीच शुक्रवार को राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से अधिसूचना जारी होने से सियासी सरगर्मी और बढ़ गई है। कौशाम्बी की मंझनपुर, करारी, सिराथू, भरवारी, चायल, अजुहा तथा सरायअकिल समेत सातों निकायों में प्रथम चरण के तहत वोट डाले जाएंगे। ऐसे में टिकट फाइनल नहीं होने से दावेदार बेचैन हैं। उन्हें विपक्षी उम्मीदवारों से पहले अपनों के बीच टिकट के लिए जंग लड़नी पड़ रही है। इसके विपरीत सियासी दलों की चुप्पी से किसी को कुछ नहीं सूझ रहा है कि आखिर वे करें तो क्या करें।
भाजपा ने भेजा तीन-तीन नामों का पैनल
टिकटार्थियों की सर्वाधिक भीड़ सत्ताधारी दल भाजपा में है। यहां चायल को छोड़कर तकरीबन सभी नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद के लिए आधा दर्जन से अधिक दावेदार लाइन में हैं। सर्वाधिक रार मंझनपुर में है। यहां सभी दावेदार दुविधा में हैं। लगभग यही हाल वार्डों का भी है। पार्टी सूत्रों की मानें तो वार्ड मेंबरों का टिकट स्थानीय स्तर पर ही फाइनल कर दिया जाएगा। मगर अध्यक्षी के लिए प्रांतीय संगठन की मुहर का इंतजार करना होगा। जिला महामंत्री आद्या प्रसाद पांडेय ने बताया कि स्थानीय स्तर से तीन-तीन दावेदारों का पैनल बनाकर प्रांतीय कार्यालय भेज दिया गया है। नवंबर के पहले हफ्ते में टिकटों की घोषणा होने की उम्मीद है। कुल मिलकर इस दल से दावेदारों को टिकट के लिए अभी हफ्ते भर और इंतजार करना पड़ेगा।
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दो दिन में हो जाएगी सपाई उम्मीदवारों की घोषणा
कौशाम्बी की सियासत में डेढ़ दशक तक एकक्षत्र राज करने वाले पूर्व मंत्री इंद्रजीत सरोज के सपा ज्वाइन करने की वजह से जिले में पार्टी नई ऊर्जा के साथ निकाय चुनाव की तैयारी कर रही है। यही वजह है कि पार्टी मे अध्यक्षी के टिकट को लेकर भाजपा से कम भीड़ नहीं है। सातों नगर पंचायतों से तकरीबन 40 उम्मीदवारों ने टिकट के लिए आवेदन कर रखा है। इनमें पुराने कार्यकर्ताओं के साथ ही पूर्व मंत्री के साथ बसपा छोड़कर सपा में शामिल करने वालों की भी खासी तादाद है। इस वजह से संगठन को टिकट फाइनल करने में पसीना छूट रहा है। यहां भी मंझनपुर निकाय चुनाव पार्टी के लिए सिरदर्द बना है। जिलाध्यक्ष खड़ग सिंह पटेल ने बताया कि दो-दो उम्मीदवारों का पैनल बनाकर प्रदेश संगठन को भेजा जा चुका है। एक-दो दिन के भीतर टिकटों की घोषणा कर दी जाएगी।
बसपा में नहीं है खास विवाद
पूर्व मंत्री इंद्रजीत सरोज के निष्कासन से जिले में बसपा की स्थिति गड़बड़ा गई है। उनके बाद से पार्टी के पास स्थानीय स्तर पर कोई ऐसा चेहरा नहीं बचा जो सबको साथ लेकर चलने की काबिलियत रखता हो। हालांकि पार्टी प्रमुख ने युवा चेहरे महेंद्र गौतम को जिला इकाई की कमान सौंपकर कार्यकर्ताओं को बांधने की कोशिश जरूर की है। महेंद्र का दावा है कि जिले की सभी नगर पंचायतों से ठीकठाक संख्या में उम्मीदवारों ने आवेदन कर रखा है। पार्टी हाईकमान के निर्देशानुसार उम्मीदवारों पर मंथन किया जा रहा है। जल्द ही टिकटों की घोषणा कर दी जाएगी।
दो दर्जन उम्मीदवारों ने मांगा कांग्रेस का टिकट
निकाय चुनाव की सरगर्मी में कांग्रेस ने भी जगह बना रखी है। तकरीबन सभी जगहों से तीन-चार दावेदारों ने आवेदन कर रखा है। जिलाध्यक्ष तलत अजीम की मानें तो नवगठित नगर पालिका परिषद भरवारी को छोड़ बाकी छह नगर पंचायतों से उनके पास 24 प्रत्याशियों ने टिकट के लिए आवेदन कर रखा है। सभी आवेदन शनिवार को प्रदेश संगठन को भेज दिया जाएगा। हाईकमान का निर्देश मिलते ही टिकटों की घोषणा कर दी जाएगी।
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टिकट के लिए राजधानी में बैठे सियासी आकाओं की परिक्रमा कर रहे टिकटार्थी, भाजपा-सपा में मची रार
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। निकाय चुनाव की अधिसूचना लागू होने के बावजूद अभी तक किसी भी सियासी दल ने उम्मीदवार की घोषणा नहीं की है। टिकट के लिए दावेदार स्थानीय संगठन से लेकर राजधानी में बैठकर सियासी आकाओं की गणेश परिक्रमा कर रहे हैं। आलम यह है कि चुनावी समर में कूदे प्रत्याशियों को विपक्षियों से पहले अपनों से ही लड़ना पड़ रहा है। सर्वाधिक रार सत्ताधारी दल भाजपा और सपा में देखने को मिल रही है।
इस बार सभी राजनीतिक पार्टियों की ओर से सिम्बल पर चुनाव लड़ाने की घोषणा से सत्ताधारी दल भाजपा और सपा में दावेदारों की भीड़ है। दोनों दलों से एक-एक नगर पंचायत में आधा दर्जन से अधिक उम्मीदवार टिकट की लाइन में हैं। महीनों से स्थानीय संगठन के साथ ही राजधानी लखनऊ में बैठे सियासी आकाओं की गणेश परिक्रमा करने के बावजूद टिकट नहीं फाइनल होने से दावेदारों का हलक सूखने लगा है। इसी बीच शुक्रवार को राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से अधिसूचना जारी होने से सियासी सरगर्मी और बढ़ गई है। कौशाम्बी की मंझनपुर, करारी, सिराथू, भरवारी, चायल, अजुहा तथा सरायअकिल समेत सातों निकायों में प्रथम चरण के तहत वोट डाले जाएंगे। ऐसे में टिकट फाइनल नहीं होने से दावेदार बेचैन हैं। उन्हें विपक्षी उम्मीदवारों से पहले अपनों के बीच टिकट के लिए जंग लड़नी पड़ रही है। इसके विपरीत सियासी दलों की चुप्पी से किसी को कुछ नहीं सूझ रहा है कि आखिर वे करें तो क्या करें।
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भाजपा ने भेजा तीन-तीन नामों का पैनल
टिकटार्थियों की सर्वाधिक भीड़ सत्ताधारी दल भाजपा में है। यहां चायल को छोड़कर तकरीबन सभी नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद के लिए आधा दर्जन से अधिक दावेदार लाइन में हैं। सर्वाधिक रार मंझनपुर में है। यहां सभी दावेदार दुविधा में हैं। लगभग यही हाल वार्डों का भी है। पार्टी सूत्रों की मानें तो वार्ड मेंबरों का टिकट स्थानीय स्तर पर ही फाइनल कर दिया जाएगा। मगर अध्यक्षी के लिए प्रांतीय संगठन की मुहर का इंतजार करना होगा। जिला महामंत्री आद्या प्रसाद पांडेय ने बताया कि स्थानीय स्तर से तीन-तीन दावेदारों का पैनल बनाकर प्रांतीय कार्यालय भेज दिया गया है। नवंबर के पहले हफ्ते में टिकटों की घोषणा होने की उम्मीद है। कुल मिलकर इस दल से दावेदारों को टिकट के लिए अभी हफ्ते भर और इंतजार करना पड़ेगा।
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दो दिन में हो जाएगी सपाई उम्मीदवारों की घोषणा
कौशाम्बी की सियासत में डेढ़ दशक तक एकक्षत्र राज करने वाले पूर्व मंत्री इंद्रजीत सरोज के सपा ज्वाइन करने की वजह से जिले में पार्टी नई ऊर्जा के साथ निकाय चुनाव की तैयारी कर रही है। यही वजह है कि पार्टी मे अध्यक्षी के टिकट को लेकर भाजपा से कम भीड़ नहीं है। सातों नगर पंचायतों से तकरीबन 40 उम्मीदवारों ने टिकट के लिए आवेदन कर रखा है। इनमें पुराने कार्यकर्ताओं के साथ ही पूर्व मंत्री के साथ बसपा छोड़कर सपा में शामिल करने वालों की भी खासी तादाद है। इस वजह से संगठन को टिकट फाइनल करने में पसीना छूट रहा है। यहां भी मंझनपुर निकाय चुनाव पार्टी के लिए सिरदर्द बना है। जिलाध्यक्ष खड़ग सिंह पटेल ने बताया कि दो-दो उम्मीदवारों का पैनल बनाकर प्रदेश संगठन को भेजा जा चुका है। एक-दो दिन के भीतर टिकटों की घोषणा कर दी जाएगी।
बसपा में नहीं है खास विवाद
पूर्व मंत्री इंद्रजीत सरोज के निष्कासन से जिले में बसपा की स्थिति गड़बड़ा गई है। उनके बाद से पार्टी के पास स्थानीय स्तर पर कोई ऐसा चेहरा नहीं बचा जो सबको साथ लेकर चलने की काबिलियत रखता हो। हालांकि पार्टी प्रमुख ने युवा चेहरे महेंद्र गौतम को जिला इकाई की कमान सौंपकर कार्यकर्ताओं को बांधने की कोशिश जरूर की है। महेंद्र का दावा है कि जिले की सभी नगर पंचायतों से ठीकठाक संख्या में उम्मीदवारों ने आवेदन कर रखा है। पार्टी हाईकमान के निर्देशानुसार उम्मीदवारों पर मंथन किया जा रहा है। जल्द ही टिकटों की घोषणा कर दी जाएगी।
दो दर्जन उम्मीदवारों ने मांगा कांग्रेस का टिकट
निकाय चुनाव की सरगर्मी में कांग्रेस ने भी जगह बना रखी है। तकरीबन सभी जगहों से तीन-चार दावेदारों ने आवेदन कर रखा है। जिलाध्यक्ष तलत अजीम की मानें तो नवगठित नगर पालिका परिषद भरवारी को छोड़ बाकी छह नगर पंचायतों से उनके पास 24 प्रत्याशियों ने टिकट के लिए आवेदन कर रखा है। सभी आवेदन शनिवार को प्रदेश संगठन को भेज दिया जाएगा। हाईकमान का निर्देश मिलते ही टिकटों की घोषणा कर दी जाएगी।