{"_id":"5d0d22708ebc3e079f1b3a23","slug":"woman-eaten-poison-due-to-illegal-relationship","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"महिला ने देवर और मासूम बेटियों के साथ खाया था जहर, अब भाभी के साथ प्रेम संबंध बना चर्चा का विषय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
महिला ने देवर और मासूम बेटियों के साथ खाया था जहर, अब भाभी के साथ प्रेम संबंध बना चर्चा का विषय
Sat, 22 Jun 2019 12:01 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sat, 22 Jun 2019 12:01 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फतेहपुर में देवर और दो मासूम बेटियों के साथ जहर खाने वाली महिला की मौत के दूसरे दिन शुक्रवार को तड़के एक मासूम की भी कानपुर हैलट में इलाज के दौरान मौत हो गई। ससुराल व मायके पक्ष के बीच सहमति के बाद सुबह महिला का गंगा किनारे दाह संस्कार किया गया। गांव में देवर-भाभी के बीच प्रेम-प्रसंग में एक न हो पाने के कारण आत्मघाती कदम उठाए जाने की चर्चा है।
मलवां थाना क्षेत्र सहिबापुर गांव में रहने वाले रामऔतार किसान हैं। परिवार में पत्नी सत्तो देवी के अलावा अविवाहित बेटा शेखर, बहू रीता पत्नी रामशरण, सावित्री पत्नी बबलू हैं। सभी एक ही घर में अलग-अलग रहते हैं। रीता के पति रामशरण की करीब तीन साल पहले दुर्घटना में मौत हो गई थी। सास सत्तो देवी व ग्रामीणों ने बताया कि बुधवार रात रीता (27) ने बेटी जह्नावी (6), मानवी उर्फ गोलू (2) और देवर शेखर (20) के साथ जहर खा लिया था।
विज्ञापन
मलवां थाना क्षेत्र सहिबापुर गांव में रहने वाले रामऔतार किसान हैं। परिवार में पत्नी सत्तो देवी के अलावा अविवाहित बेटा शेखर, बहू रीता पत्नी रामशरण, सावित्री पत्नी बबलू हैं। सभी एक ही घर में अलग-अलग रहते हैं। रीता के पति रामशरण की करीब तीन साल पहले दुर्घटना में मौत हो गई थी। सास सत्तो देवी व ग्रामीणों ने बताया कि बुधवार रात रीता (27) ने बेटी जह्नावी (6), मानवी उर्फ गोलू (2) और देवर शेखर (20) के साथ जहर खा लिया था।
विज्ञापन
सास और देवरानी सावित्री ने पड़ोसियों की मदद से चारों को जिला अस्पताल पहुंचाया था। यहां से सभी को कानपुर रेफर किया गया था। गुरुवार की रात इलाज के दौरान रीता की मौत हो गई थी। कानपुर से शव रात करीब 12 बजे गांव आया। शुक्रवार की तड़के मासूम गोलू (2) की भी मौत हो गई। रीता के मायके हथगाम थाना क्षेत्र के अहिंदा गांव से पिता धिनई, चाचा सवानी, फूफा प्रकाश शुक्रवार सुबह सहिबापुर गांव पहुंचे।
सूचना पर बंगलूरू से यशवंत देवर भी पहुंचा। सास और रीता का भाई अखिलेश कानपुर हैलट में शेखर और मासूम जह्नावी की देखभाल को है। शव आने की सूचना पर ग्रामीणों की भीड़ उमड़ गई। ससुराल व मायके पक्ष के बीच अंतिम संस्कार को लेकर कई घंटे बाद एक मत बना। गंगा किनारे रीता के शव का दाह संस्कार हुआ। इधर, पोस्टमार्टम के बाद मासूम बेटी गोलू के शव का खेत में पिता के समाधि स्थल के पास अंतिम संस्कार करने की बात तय हुई।
सूचना पर बंगलूरू से यशवंत देवर भी पहुंचा। सास और रीता का भाई अखिलेश कानपुर हैलट में शेखर और मासूम जह्नावी की देखभाल को है। शव आने की सूचना पर ग्रामीणों की भीड़ उमड़ गई। ससुराल व मायके पक्ष के बीच अंतिम संस्कार को लेकर कई घंटे बाद एक मत बना। गंगा किनारे रीता के शव का दाह संस्कार हुआ। इधर, पोस्टमार्टम के बाद मासूम बेटी गोलू के शव का खेत में पिता के समाधि स्थल के पास अंतिम संस्कार करने की बात तय हुई।