{"_id":"60edd53c8ebc3ecccd688762","slug":"thugs-including-47-atm-cards-of-10-banks-arrested","type":"story","status":"publish","title_hn":"कानपुर: 10 बैंकों के 47 एटीएम कार्ड समेत शातिर ठग गिरफ्तार, बैंकों को ऐसे लगाता था चूना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कानपुर: 10 बैंकों के 47 एटीएम कार्ड समेत शातिर ठग गिरफ्तार, बैंकों को ऐसे लगाता था चूना
Tue, 13 Jul 2021 11:34 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Tue, 13 Jul 2021 11:34 PM IST
सार
सुनील ने पुलिस को बताया कि रुपये जैसे ही एटीएम से कैश ट्रे पर आते थे, वह चाबी से शटर फंसा कर मंशीन बंद कर देता था। इससे रुपये निकलने के बाद भी ट्रांजेक्शन कैंसिल बताता था।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कानपुर में क्राइम ब्रांच ने नौबस्ता पुलिस के साथ मिलकर बैंकों को हजारों रुपये का चूना लगाने वाले शातिर ठग को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। पुलिस ने उसके पास से 10 बैंकों के 47 एटीएम कार्ड बरामद किए हैं।
क्राइम ब्रांच के अनुसार एटीएम से छेड़छाड़ कर रुपये पार करने की शिकायतें मिल रही थीं। कई एटीएम के सीसीटीवी कैमरों के फुटेज चेक किए गए तो एक ही शख्स को पाया गया। मंगलवार को कानपुर देहात के सट्टी थाना क्षेत्र में रहने वाले सुनील कुमार सिंह को गिरफ्तार किया गया।
सुनील ने पुलिस को बताया कि रुपये जैसे ही एटीएम से कैश ट्रे पर आते थे, वह चाबी से शटर फंसा कर मंशीन बंद कर देता था। इससे रुपये निकलने के बाद भी ट्रांजेक्शन कैंसिल बताता था। इस पर वह बैंक में शिकायत दर्ज करवाता था।
विज्ञापन
सात दिनों के भीतर मशीन में दर्ज की गई राशि दोबारा बैंक खाते में आ जाती थी। इस तरह से उसने अब तक हजारों रुपये का बैंकों को चूना लगाने की बात कबूली है। पुलिस के अनुसार शातिर के अन्य साथियों की गिरफ्तारी के लिए पूछताछ की जा रही है।
विज्ञापन
क्राइम ब्रांच के अनुसार एटीएम से छेड़छाड़ कर रुपये पार करने की शिकायतें मिल रही थीं। कई एटीएम के सीसीटीवी कैमरों के फुटेज चेक किए गए तो एक ही शख्स को पाया गया। मंगलवार को कानपुर देहात के सट्टी थाना क्षेत्र में रहने वाले सुनील कुमार सिंह को गिरफ्तार किया गया।
विज्ञापन
सुनील ने पुलिस को बताया कि रुपये जैसे ही एटीएम से कैश ट्रे पर आते थे, वह चाबी से शटर फंसा कर मंशीन बंद कर देता था। इससे रुपये निकलने के बाद भी ट्रांजेक्शन कैंसिल बताता था। इस पर वह बैंक में शिकायत दर्ज करवाता था।
विज्ञापन
सात दिनों के भीतर मशीन में दर्ज की गई राशि दोबारा बैंक खाते में आ जाती थी। इस तरह से उसने अब तक हजारों रुपये का बैंकों को चूना लगाने की बात कबूली है। पुलिस के अनुसार शातिर के अन्य साथियों की गिरफ्तारी के लिए पूछताछ की जा रही है।