{"_id":"5b7ac58a42c792465274a61b","slug":"security-of-all-prisons-in-state-is-being-increased","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"हर नजर पर रहेगी कैमरे की नजर, मुन्ना बजरंगी की हत्या के बाद अब कुछ ऐसा होगा प्रदेश की जेलों का हाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हर नजर पर रहेगी कैमरे की नजर, मुन्ना बजरंगी की हत्या के बाद अब कुछ ऐसा होगा प्रदेश की जेलों का हाल
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Updated Tue, 21 Aug 2018 08:03 AM IST
विज्ञापन
डेमो पिक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत जेल में मुन्ना बजरंगी की हत्या के बाद प्रदेश की सभी जेलों की सुरक्षा बढ़ाई जा रही है। बांदा स्थित मंडल कारागार की सुरक्षा और पुख्ता करने के लिए 10 अत्याधुनिक नाइट विजन व बुलेट सीसी कैमरे लगाए जा रहे हैं। इनकी खासियत यह है कि ये अंधेरे में भी बंदियों की गतिविधियों पर निगाह रखते हुए रिकार्डिंग करेंगे। मौजूदा में लगे कैमरे सिर्फ दिन में ही कारगर हैं।
मंडल कारागार में मौजूदा समय में बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी, पंजाब आर्मरी डकैती में मुंबई के कुख्यात आरोपी, पूर्वांचल के शार्प शूटर, अंतर्राज्यीय डकैतों सहित कुल 1250 बंदी निरुद्ध हैं। इसमें से करीब 400 सजायाफ्ता हैं। जेल में सुरक्षा कर्मी (स्टाफ) कम है। सुरक्षा के मद्देनजर जेल में पिछले वर्ष जैमर समेत 20 सीसी कैमरे लगाए गए थे, लेकिन जैमर थ्री जीवी के हैं। कैमरों की क्षमता महज 20 मीटर दायरे की है। रात के समय ये कैमरे कारगर नहीं हैं।
विज्ञापन
मंडल कारागार में मौजूदा समय में बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी, पंजाब आर्मरी डकैती में मुंबई के कुख्यात आरोपी, पूर्वांचल के शार्प शूटर, अंतर्राज्यीय डकैतों सहित कुल 1250 बंदी निरुद्ध हैं। इसमें से करीब 400 सजायाफ्ता हैं। जेल में सुरक्षा कर्मी (स्टाफ) कम है। सुरक्षा के मद्देनजर जेल में पिछले वर्ष जैमर समेत 20 सीसी कैमरे लगाए गए थे, लेकिन जैमर थ्री जीवी के हैं। कैमरों की क्षमता महज 20 मीटर दायरे की है। रात के समय ये कैमरे कारगर नहीं हैं।
विज्ञापन
बुलेट कैमरों में 80 मीटर तक की गतिविधियों को देखा जा सकेगा
डेमो पिक
जेल अधिकारियों की मांग पर शासन ने अब यहां पीटी जेड के दो नाइट विजन और आठ बुलेट कैमरे उपलब्ध कराए हैं। इन कैमरों को लगाया जा रहा है। नाइट विजन कैमरों की खूबी यह है कि ये रात में भी बेहतर रिकार्डिंग करते हैं। बुलेट कैमरों में 80 मीटर तक की गतिविधियों को देखा जा सकेगा।
इसके अलावा शासन ने जैमर की क्षमता बढ़ाते हुए फोर जीवी करने की स्वीकृति प्रदान कर दी है। डिप्टी जेलर तारकेश्वर का कहना है कि कैमरे आ गए है। वायरिंग का काम किया जा रहा है। एक दो दिन में कैमरे लगा दिए जाएंगे। एक नाइट विजन कैमरा जेल के बाहर परिसर में लगाया जाएगा।
इसके अलावा शासन ने जैमर की क्षमता बढ़ाते हुए फोर जीवी करने की स्वीकृति प्रदान कर दी है। डिप्टी जेलर तारकेश्वर का कहना है कि कैमरे आ गए है। वायरिंग का काम किया जा रहा है। एक दो दिन में कैमरे लगा दिए जाएंगे। एक नाइट विजन कैमरा जेल के बाहर परिसर में लगाया जाएगा।