फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Portion of a four-storey building collapses in Mulganj following rainfall in Kanpur

कानपुरः चार मंजिला मकान ढहा, मां-बेटी की मौत, सेना भी बचाव कार्य में जुटी रही

Fri, 14 Aug 2020 08:39 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, कानपुर
अमर उजाला नेटवर्क, कानपुर Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Fri, 14 Aug 2020 08:39 AM IST
विज्ञापन
Portion of a four-storey building collapses in Mulganj following rainfall in Kanpur
बचाव जारी - फोटो : ANI

मूलगंज थाना क्षेत्र के हटिया बर्तन बाजार में गुरुवार रात चार मंजिला मकान का आधे से अधिक हिस्सा ढह गया जिसमें दबकर मां-बेटी की मौत हो गई। सीओ कोतवाली राजेश कुमार पांडेय ने इस मामले की पुष्टि की है।

विज्ञापन


देर रात पुलिस, दमकल, नगर निगम के साथ सेना भी राहत बचाव कार्य में जुटी है। लखनऊ से 22 सदस्यीय एसडीआरएफ की टीम भी रवाना हो गई है। डीएम, डीआईजी समेत पुलिस और प्रशासन के आलाधिकारी भी मौजूद हैं।
विज्ञापन


हटिया बर्तन बाजार में 50 वर्षीय मीना गुप्ता अपने परिवार के साथ तीसरे मंजिल पर रहती थीं। उनकी बीस वर्षीय बेटी प्रीति, व दो बेटे रिंकू और राहुल भी साथ में रहते हैं। उनके पति राम शंकर की मौत हो चुकी है। राम शंकर के भाई गणेश शंकर और प्रेम शंकर का परिवार भी इसी मकान में रहता है। भारी बारिश की वजह से गुरुवार रात करीब साढ़े नौ बजे मकान दरकने लगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन


मकान में मौजूद सभी लोग बाहर भागे लेकिन मीना और प्रीति उसी में रह गए। तब तक मकान का आधे से अधिक हिस्सा ढह गया। मां-बेटी मलबे में दब गए थे। सूचना पर पुलिस, दमकल, नगर निगम की टीमें पहुंच राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। डीएम डॉ. ब्रह्मदेव राम तिवारी, डीआईजी डॉ. प्रीतिंदर सिंह समेत अन्य अफसर पहुंचे।

जानकारी के मुताबिक मलबा अधिक होने की वजह से मां-बेटी को निकलना मुश्किल हो रहा था इसलिए सेना को भी बुलाया गया। कुछ देर बाद लखनऊ से 22 सदस्यीय एनडीआरएफ की टीम भी रवाना हुई। जो देर रात घटना स्थल पहुंची और बचाव कार्य में जुट गई। देर रात तक राहत और बचाव कार्य जारी रहा।

हर तरफ मची चीख पुकार, नहीं कर सका कोई मदद
मकान ढहने की आवाज इलाके में गूंजी। हर तरफ गलियों से सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। लोग चीख पुकार रहे थे। मीना के बेटे और अन्य परिजन भी चीख-चीख कर रो रहे थे लेकिन मलबा इतना था कि कोई कुछ नहीं कर पा रहा था। लोग और पुलिस प्रशासन चाह कर भी तुरंत कुछ मदद नहीं कर पा रहे थे।


बाल-बाल बचा राहुल
मीना और उनके तीनों बच्चे घर पर ही थे। मकान गिरने से ठीक कुछ देर पहले राहुल घर से दूध लेने निकला था। जब मकान दरकने लगा तो रिंकू और अन्य परिजन भी भाग कर बाहर निकल गए। मगर मीना और प्रीति सही समय पर बाहर नहीं निकल सके। इसलिए वो फंस गए।

राहत बचाव कार्य जारी है। सेना भी लगी है। एसडीआरएफ की टीम भी लगाई गई है।
- डॉ. प्रीतिंदर सिंह, डीआईजी

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed