‘साहब’ के दामाद को नहीं दिलाये ब्रांडेड जूते, उसके बाद सिपाही के साथ हुआ ये सब
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प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक मामला पुलिस लाइन के एक पुलिस अधिकारी के आवास से शुरू हुआ। पीड़ित सिपाही एक मामले में अर्जी लेकर दो दिन पहले अपने अधिकारी के पास पहुंचा। वहां पुलिस अधिकारी के दामाद परिवार के साथ आए थे। हालचाल जानने के बाद दामाद ने सिपाही का मोबाइल नंबर ले लिया। इसके बाद ही सिपाही के नंबर पर कॉल पहुंची।
दामाद ने सिपाही से काम हो जाने की बात पूछी, इसके बाद अपने लिए एक जूते की मांग रख दी। सिपाही ने पहले सम्मान में एक हजार कीमत का जूता दिलाने को तैयार हो गया। पर, कुछ ही देर बाद सिपाही से एक बड़े ब्रांड के जूते की पेशकश की गई। ख्वाहिश पूरी न होने पर दामाद ने सिपाही के नंबर पर दोबारा फोन किया। सिपाही ने उनका फोन ही उठाना बंद कर दिया।
यह खबर पुलिस अफसर तक पहुंची तो दामाद और अपनी तौहीनी मान वह सिपाही पर भड़क उठे। सिपाही का आरोप है कि उसे कार्रवाई की चेतावनी तक दे डाली। जिसकी शिकायत उसने डीजीपी से भी कर दी है।