डॉक्टरों की लापरवाही से नवजात की मौत, एंबुलेंस और ऑक्सीजन न मिलने से बच्चे ने रास्ते में तोड़ा दम
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यहां से फिर जिला अस्पताल के एसएनसीयू वार्ड में ले जाने को कहा गया, लेकिन एंबुलेंस नहीं उपलब्ध कराई गई। परिजन बाइक से जिला अस्पताल लेकर पहुंच तो यहां मृत घोषित कर दिया गया। मौत का कारण आक्सीजन न मिल पाना बताया गया है।
तिर्वा निवासी शिव सिंह की पत्नी मालती ने सीएचसी तिर्वा में सुबह करीब साढ़े दस बजे बच्चे को जन्म दिया। नवजात की हालत गंभीर थी। उसे सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। चिकित्सकों ने उसे जिला अस्पताल ले जाने को कहा। परिजन नवजात को नजदीक के नर्सिंग होम ले गए। करीब एक घंटे उपचार चला।
बाइक से लाने से नवजात को ऑक्सीजन नहीं मिल सकी। चिकित्सकों ने परीक्षण के बाद मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों के अनुसार बच्चे की रास्ते में ही मौत हो गई थी। प्रसूता मालती ने कहा कि सीएचसी में बच्चे को ऑक्सीजन नहीं दी गई थी। वहीं स्टाफ का कहना है कि उनके पास ऑक्सीजन की सुविधा नहीं है।
मामले की जांच कराऊंगा। सीएचसी स्टाफ को एंबुलेंस से रेफर करना चाहिए था। यह बड़ी लापरवाही है। इसमें जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई होगी।
डॉ. कृष्ण स्वरूप, मुख्य चिकित्साधिकारी, कन्नौज