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कन्नौज: तहसीलदार पर फेंक दी पानी की बोतल, लेखपाल सस्पेंड, पढ़ें पूरा मामला
Sat, 16 Oct 2021 10:59 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
Published by: शिखा पांडेय
Updated Sat, 16 Oct 2021 10:59 PM IST
सार
कन्नौज जिले में तहसीलदार पर पानी की बोतल फेंकने और अभद्रता करने का मामला सामने आया है। इस मामले में आरोपी लेखपाल को निलंबित कर दिया गया है।
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लाल घेरे में आरोपी लेखपाल
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
कन्नौज जिले में संपूर्ण समाधान दिवस में शिकायत के निस्तारण के लिए बुलाने पर लेखपाल ने अपने भाई के साथ उत्तेजित होकर तहसीलदार पर पानी की बोतल फेंककर अभद्रता की। एसडीएम ने लेखपाल को निलंबित कर दिया।
शनिवार को सीडीओ की अध्यक्षता में समाधान दिवस चल रहा था। तभी भखरा गांव निवासी वकील उत्तम सिंह ने क्षेत्रीय लेखपाल अरूण अवस्थी के खिलाफ आय, जाति प्रमाण पत्र निरस्त करने की शिकायत की। जिस पर तहसीलदार अनिल कुमार सरोज ने संबधित लेखपाल को बुलाया।
उनके आने पर जैसे ही तहसीलदार ने लेखपाल से मामले के संदर्भ में पूछताछ की तो लेखपाल व वहां मौजूद उसके भाई ने गाली गलौज शुरू कर दी और पानी की बोतल फेंक कर मारते हुए बाहर निकल गए। बाहर आते ही लेखपाल व उसके भाई ने अपने पिता की जीपीएफ का भुगतान न करने का आरोप लगाकर हंगामा किया।
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लेखपाल के भाई ने आरोप लगाया कि उसके पिता की मौत को करीब डेढ़ साल हो चुके है। परंतु तहसील प्रशासन की लापरवाही के चलते उसका जीपीएफ का पैसा समेत पेंशन के कागजात तैयार नहीं हो सके। एसडीएम राकेश कुमार त्यागी ने बताया कि लेखपाल को निलंबित कर दिया गया है।
दूसरी ओर लेखपाल संघ के अध्यक्ष राजेश पटेल ने बताया कि लेखपाल अरूण अवस्थी की तैनाती अपने पिता की जगह मृतक आश्रित पर हुई थी। लेखपाल की ओर से जीपीएफ भुगतान की मांग की जा रही है। प्रशासन की ओर से लापरवाही बरती जा रही थी। वह जीपीएफ के लिए तहसील के चक्कर काट रहा था। उसका उत्पीड़न हो रहा था।
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शनिवार को सीडीओ की अध्यक्षता में समाधान दिवस चल रहा था। तभी भखरा गांव निवासी वकील उत्तम सिंह ने क्षेत्रीय लेखपाल अरूण अवस्थी के खिलाफ आय, जाति प्रमाण पत्र निरस्त करने की शिकायत की। जिस पर तहसीलदार अनिल कुमार सरोज ने संबधित लेखपाल को बुलाया।
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उनके आने पर जैसे ही तहसीलदार ने लेखपाल से मामले के संदर्भ में पूछताछ की तो लेखपाल व वहां मौजूद उसके भाई ने गाली गलौज शुरू कर दी और पानी की बोतल फेंक कर मारते हुए बाहर निकल गए। बाहर आते ही लेखपाल व उसके भाई ने अपने पिता की जीपीएफ का भुगतान न करने का आरोप लगाकर हंगामा किया।
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लेखपाल के भाई ने आरोप लगाया कि उसके पिता की मौत को करीब डेढ़ साल हो चुके है। परंतु तहसील प्रशासन की लापरवाही के चलते उसका जीपीएफ का पैसा समेत पेंशन के कागजात तैयार नहीं हो सके। एसडीएम राकेश कुमार त्यागी ने बताया कि लेखपाल को निलंबित कर दिया गया है।
दूसरी ओर लेखपाल संघ के अध्यक्ष राजेश पटेल ने बताया कि लेखपाल अरूण अवस्थी की तैनाती अपने पिता की जगह मृतक आश्रित पर हुई थी। लेखपाल की ओर से जीपीएफ भुगतान की मांग की जा रही है। प्रशासन की ओर से लापरवाही बरती जा रही थी। वह जीपीएफ के लिए तहसील के चक्कर काट रहा था। उसका उत्पीड़न हो रहा था।