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कानपुर ‘नो यूपीआई डे’: एमडीआर के विरोध में व्यापारी, स्कैनर पर चिपकाया टेप, कहा- अतिरिक्त शुल्क मंजूर नहीं
Fri, 02 Oct 2026 10:34 AM IST
Himanshu Awasthi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: Himanshu Awasthi
Updated Fri, 02 Oct 2026 10:34 AM IST
सार
Kanpur News: कानपुर नगर व ग्रामीण इलाकों में 2,000 से अधिक के यूपीआई लेनदेन पर प्रस्तावित 0.4 प्रतिशत एमडीआर शुल्क के विरोध में व्यापारियों ने नो यूपीआई डे मनाया। उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल के आह्वान पर व्यापारियों ने अपनी दुकानों पर लगे स्कैनर पर काला टेप चिपकाकर विरोध जताया और केवल नकद लेनदेन स्वीकार किया।
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भीतरगांव में नो यूपीआई डे, व्यापारियों ने क्यूआर कोड ढके
- फोटो : amar ujala
विस्तार
कानपुर के भीतरगांव में 2,000 से अधिक के यूपीआई लेनदेन पर प्रस्तावित 0.4 प्रतिशत मर्चेंट डिस्काउंट रेट (एमडीआर) के विरोध में व्यापारी नो यूपीआई डे मना रहे हैं। उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष महेश वर्मा के आह्वान पर कानपुर नगर और ग्रामीण क्षेत्र के व्यापारियों ने गांधीगिरी के तरीके से विरोध दर्ज करा रहे हैं।
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घाटमपुर, साढ़, कुड़नी, सजेती, भीतरगांव और पतारा क्षेत्र की बाजारों में व्यापारियों ने यूपीआई भुगतान स्वीकार नहीं कर रहे हैं। कुड़नी व्यापार संघ के अध्यक्ष मनीष गुप्ता और विभूम द्विवेदी ने बताया व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठानों पर लगे यूपीआई स्कैनर पर काला टेप लगाकर विरोध जताया। ग्राहकों से अपील की कि वे खरीदारी के लिए बाजार में नकद रुपये लेकर आएं।
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प्रस्तावित शुल्क वापस लेने की मांग
व्यापारी पूरे दिन केवल नकद लेनदेन करेंगे। व्यापारियों ने कहा कि यूपीआई लेनदेन पर अतिरिक्त शुल्क लगाए जाने से उन पर आर्थिक बोझ बढ़ेगा। डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने के बाद अब शुल्क लगाने का प्रस्ताव व्यापारियों के हित में नहीं है। उन्होंने सरकार से प्रस्तावित शुल्क वापस लेने की मांग की और कहा कि किसी भी तरह का अतिरिक्त शुल्क स्वीकार नहीं किया जाएगा।