Kanpur Dehat: नाबालिग से दुष्कर्म का मामला, दोषी को दस साल की सजा, सहयोगी महिला को भी तीन साल का कारावास
अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अभियुक्तों को दोषसिद्ध करार देते हुए अनुज उर्फ लल्लू को दस वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 22 हजार रुपये अर्थदंड लगाया है।
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कानपुर देहात के ककवन क्षेत्र में करीब पांच साल पहले एक गांव से नाबालिग को बहलाकर ले जाने व दुष्कर्म के मामले में पॉक्सो कोर्ट ने शुक्रवार को दोषी को दस साल के कारावास की सजा सुनाई। वहीं, अपराध में सहयोगी महिला को तीन साल के कारावास सजा सुनाई है। साथ ही अर्थदंड भी लगाया है।
सहायक शासकीय अधिवक्ता अजय कुमार त्रिपाठी ने बताया कि ककवन क्षेत्र के एक गांव निवासी पीड़िता के चाचा ने मई 2018 में थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया था कि उसकी 14 वर्षीय भतीजी को गांव का ही अनुज उर्फ लल्लू बहलाकर ले गया।
वह सोने चांदी की ज्वैलरी के साथ ही 50 हजार की नकदी भी साथ ले गई। पुलिस ने मामले की विवेचना कर पीड़िता को खोजकर उसके बयानों व चिकित्सीय रिपोर्ट के आधार पर अनुज उर्फ लल्लू व उसकी सहयोगी खुशबू के खिलाफ बहला फुसलाकर ले जाने, दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट में आरोप पत्र अदालत में दाखिल किए थे।
मामले की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश 13 पॉक्सो बाकर शमीम रिजवी की अदालत में चल रही थी। शुक्रवार को अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अभियुक्तों को दोषसिद्ध करार देते हुए अनुज उर्फ लल्लू को दस वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 22 हजार रुपये अर्थदंड लगाया है। वहीं सहयोगी महिला खुशबू को तीन वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। अर्थदंड की आधी धनराशि पीड़िता को देने के आदेश दिए हैं।