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Kanpur News: गैंगस्टर अवनीश दीक्षित ने भेजा नोटिस का जवाब...मैं बीमार हूं
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कानपुर। कारोबारी अमित गुप्ता की पीटकर हत्या के मामले में जेल भेजे गए हिस्ट्रीशीटर संजय ढाबा से संबंधों का पता लगाने के लिए पुलिस ने गैंगस्टर अवनीश दीक्षित को नोटिस भेजा। इसके जवाब में अवनीश ने कोरे कागज पर सिर्फ इतना लिखा है कि मैं बीमार हूं...। डीसीपी सेंट्रल अतुल श्रीवास्तव ने बताया कि अवनीश का उक्त जवाब जीडी में तस्करा डालकर दर्जकर लिया गया है। उसे दोबारा नोटिस भेजा जा रहा है।
काकादेव ओम चौराहे पर पांच सितंबर की रात मामूली बात पर कारोबारी अमित गुप्ता की पीटकर हत्या कर दी गई थी। मामले में पुलिस ने हिस्ट्रीशीटर संजय ढाबा, हिस्ट्रीशीटर हितेंद्र श्रीवास्तव उर्फ मोनू नेता, कुशल श्रीवास्तव व अश्वनी यादव के खिलाफ मामला दर्ज किया था। पुलिस ने संजय का हाफ एनकाउंटर किया था जबकि बाकी तीनों आरोपियों ने सरेंडर कर दिया था। संजय ने पुलिस को बताया कि सोशल मीडिया पर अपने को बेगुनाह बताते हुए वीडियो वायरल करने के लिए उसे गैंगस्टर अवनीश दीक्षित ने उकसाया था। इसके बाद ही गैंगस्टर का नाम उक्त हत्याकांड से जुड़ गया था। मामले में अपना पक्ष रखने के लिए पुलिस ने अवनीश को पांच दिन पहले नोटिस भेजा था जिसके जवाब में अवनीश ने जवाब भेजा है। डीसीपी का कहना है कि जवाब से संतुष्ट न होने पर अवनीश को दोबारा नोटिस जारी किया गया है।
होटल में कमरा लिया था पर खेतों में सोते थे
मोनू नेता और कुशल को पुलिस ने शुक्रवार को कस्टडी रिमांड में लिया था। दोनों ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि वारदात के बाद उन्हें हर पल गिरफ्तारी का डर था। दोनों पहले नोएडा गए थे। कुछ दिन बाद कानपुर लौटे तो रनियां के पास उन्हें ऐसा लगा कि मानो पुलिस पीछा कर रही है। फिर वहीं से सीधे गोवर्धन निकल गए। वहां होटल में कमरा लिया। सोने के लिए रात में पास के खेतों पर जाते थे। वहीं, पर संजय ढाबा के कहने पर उन्होंने भी अपनी-अपनी बेगुनाही के वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल किए थे।
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काकादेव ओम चौराहे पर पांच सितंबर की रात मामूली बात पर कारोबारी अमित गुप्ता की पीटकर हत्या कर दी गई थी। मामले में पुलिस ने हिस्ट्रीशीटर संजय ढाबा, हिस्ट्रीशीटर हितेंद्र श्रीवास्तव उर्फ मोनू नेता, कुशल श्रीवास्तव व अश्वनी यादव के खिलाफ मामला दर्ज किया था। पुलिस ने संजय का हाफ एनकाउंटर किया था जबकि बाकी तीनों आरोपियों ने सरेंडर कर दिया था। संजय ने पुलिस को बताया कि सोशल मीडिया पर अपने को बेगुनाह बताते हुए वीडियो वायरल करने के लिए उसे गैंगस्टर अवनीश दीक्षित ने उकसाया था। इसके बाद ही गैंगस्टर का नाम उक्त हत्याकांड से जुड़ गया था। मामले में अपना पक्ष रखने के लिए पुलिस ने अवनीश को पांच दिन पहले नोटिस भेजा था जिसके जवाब में अवनीश ने जवाब भेजा है। डीसीपी का कहना है कि जवाब से संतुष्ट न होने पर अवनीश को दोबारा नोटिस जारी किया गया है।
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होटल में कमरा लिया था पर खेतों में सोते थे
मोनू नेता और कुशल को पुलिस ने शुक्रवार को कस्टडी रिमांड में लिया था। दोनों ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि वारदात के बाद उन्हें हर पल गिरफ्तारी का डर था। दोनों पहले नोएडा गए थे। कुछ दिन बाद कानपुर लौटे तो रनियां के पास उन्हें ऐसा लगा कि मानो पुलिस पीछा कर रही है। फिर वहीं से सीधे गोवर्धन निकल गए। वहां होटल में कमरा लिया। सोने के लिए रात में पास के खेतों पर जाते थे। वहीं, पर संजय ढाबा के कहने पर उन्होंने भी अपनी-अपनी बेगुनाही के वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल किए थे।
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