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यूपी: मजदूर की हत्या के मामले में पिता और उसके तीन पुत्रों को उम्रकैद, 20-20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया
Tue, 24 Aug 2021 08:02 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरदोई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरदोई
Published by: शिखा पांडेय
Updated Tue, 24 Aug 2021 08:02 PM IST
सार
मामले की सुनवाई पूरी कर मंगलवार को अपर जिला जज प्रथम मोहम्मद रिजवानुल हक ने चारों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
हरदोई जिले में लगभग सात वर्ष पहले पाली थाना क्षेत्र के भरखनी में मजदूर की हत्या के मामले में मंगलवार को अपर जिला जज प्रथम मोहम्मद रिजवानुल हक ने दोषी पिता और उसके तीन बेटों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। हर दोषी पर 20-20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
जुर्माने की आधी रकम मृतक के आश्रितों को दी जाएगी। पाली थाना क्षेत्र के ग्राम भरखनी निवासी खुशीराम (55) मजदूरी करता था। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता राकेश कुमार वाजपेयी के मुताबिक खुशीराम 11 सितंबर 2014 को गिरीश शुक्ला के घर से मजदूरी कर दिन में साढ़े 11 बजे अपने घर जा रहा था।
रास्ते में बबलू गुप्ता के मकान के पास गांव के ही श्यामू सिंह और उनके पुत्रों सोनू सिंह, अजीत सिंह, बद्री उर्फ अमित सिंह ने खुशीराम को रोक लिया और पुरानी रंजिश में गाली गलौज करने लगे। इस पर खुशीराम ने आपत्ति जताई, तो चारों हमलावर हो गए।
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जुर्माने की आधी रकम मृतक के आश्रितों को दी जाएगी। पाली थाना क्षेत्र के ग्राम भरखनी निवासी खुशीराम (55) मजदूरी करता था। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता राकेश कुमार वाजपेयी के मुताबिक खुशीराम 11 सितंबर 2014 को गिरीश शुक्ला के घर से मजदूरी कर दिन में साढ़े 11 बजे अपने घर जा रहा था।
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रास्ते में बबलू गुप्ता के मकान के पास गांव के ही श्यामू सिंह और उनके पुत्रों सोनू सिंह, अजीत सिंह, बद्री उर्फ अमित सिंह ने खुशीराम को रोक लिया और पुरानी रंजिश में गाली गलौज करने लगे। इस पर खुशीराम ने आपत्ति जताई, तो चारों हमलावर हो गए।
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लाठी डंडों और फावड़ों से खुशीराम पर हमला बोल दिया। शोर सुनकर खुशीराम का भाई राम बहोरे सक्सेना अन्य परिजनों के साथ आ गया तो आरोपी धमकी देकर भाग गए। गंभीर हालत में खुशीराम को परिजन अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई थी।
मृतक के भाई राम बहोरे सक्सेना ने श्यामू सिंह और उनके पुत्रों सोनू सिंह, अजीत सिंह, व बद्री उर्फ अमित सिंह के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामले की सुनवाई पूरी कर मंगलवार को अपर जिला जज प्रथम मोहम्मद रिजवानुल हक ने चारों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
मृतक के भाई राम बहोरे सक्सेना ने श्यामू सिंह और उनके पुत्रों सोनू सिंह, अजीत सिंह, व बद्री उर्फ अमित सिंह के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामले की सुनवाई पूरी कर मंगलवार को अपर जिला जज प्रथम मोहम्मद रिजवानुल हक ने चारों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।