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यूपी: गलत और अधूरी जानकारी देने पर आठ अफसरों पर जुर्माना, राज्य सूचना आयुक्त ने सभी पर 25-25 हजार का अर्थदंड लगाया
Tue, 14 Dec 2021 04:51 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Tue, 14 Dec 2021 04:51 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
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राज्य सूचना आयुक्त सुुभाष चंद्र सिंह ने सोमवार को समीक्षा बैठक के दौरान अपर नगर आयुक्त, सहायक नगर आयुक्त, जन सूचना अधिकारी सहित नगर निगम के आठ अफसरों पर अर्थदंड लगाया है। आरटीआई के तहत मांगी गई सूचनाओं के गलत जवाब देने या अधूरी जानकारी देने के आरोप में 25-25 हजार का जुर्माना लगाया गया है।
राज्य सूचना आयुक्त की अध्यक्षता में नगर निगम मुख्यालय स्थित सभागार में सूचना का अधिकार अधिनियम 2005 और उत्तर प्रदेश सूचना का अधिकार नियमावली 2015 के प्रावधानों के अंतर्गत सभी अपर नगर आयुक्तों, नगर निगम विभिन्न विभागों के जन सूचना अधिकारियों की समीक्षा बैठक हुई।
सूचनाओं की 30 दिन में जानकारी न देने पर नाराजगी जताई। आधे से ज्यादा जन सूचना अधिकारियों के अनुपस्थित रहने पर भी नाराजगी जताई। राज्य सूचना आयुक्त ने यह भी कहा कि इस लापरवाही से लगता है कि नगर निगम के अधिकारी आरटीआई एक्ट के तहत मांगी गई सूचनाओं को गंभीरता से नहीं लेते। बैठक में नगर निगम के एक अधिकारी ने भी यह बात स्वीकार की। राज्य सूचना आयुक्त ने सूचनाओं के समय से निस्तारण के लिए मासिक समीक्षा बैठक करने के भी निर्देश दिए।
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राज्य सूचना आयुक्त की अध्यक्षता में नगर निगम मुख्यालय स्थित सभागार में सूचना का अधिकार अधिनियम 2005 और उत्तर प्रदेश सूचना का अधिकार नियमावली 2015 के प्रावधानों के अंतर्गत सभी अपर नगर आयुक्तों, नगर निगम विभिन्न विभागों के जन सूचना अधिकारियों की समीक्षा बैठक हुई।
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सूचनाओं की 30 दिन में जानकारी न देने पर नाराजगी जताई। आधे से ज्यादा जन सूचना अधिकारियों के अनुपस्थित रहने पर भी नाराजगी जताई। राज्य सूचना आयुक्त ने यह भी कहा कि इस लापरवाही से लगता है कि नगर निगम के अधिकारी आरटीआई एक्ट के तहत मांगी गई सूचनाओं को गंभीरता से नहीं लेते। बैठक में नगर निगम के एक अधिकारी ने भी यह बात स्वीकार की। राज्य सूचना आयुक्त ने सूचनाओं के समय से निस्तारण के लिए मासिक समीक्षा बैठक करने के भी निर्देश दिए।
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