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गोली लगने के बाद भी डकैती बचाई
ब्यूरो, अमर उजाला कानपुर
Updated Thu, 19 Feb 2015 02:30 AM IST
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महाराजपुर थानाक्षेत्र में मंगलवार देर रात स्कूल संचालक के घर घुसे डकैतों ने पकड़ लेने पर उनके बेटे को गोली मार दी। बहू भी बदमाशों से भिड़ गई तो बदमाशों को उल्टे पैर भागना पड़ा। बहू का सिर बदमाशों ने कट्टे की बट मारकर फोड़ दिया और उसे छर्रे भी लगे।
घायल बेटे-बहू को हैलट में भर्ती कराया गया है। एसएसपी शलभ माथुर, एसपी ग्रामीण सुरेंद्र नाथ तिवारी, सीओ सदर रमाशंकर तिवारी और फोरेंसिक टीम ने मौके पर जाकर छानबीन की। घर से करीब 400 मीटर दूर टीवी और गैस सिलेंडर पड़ा मिला।
कोई ठोस सुराग हाथ न लगने और घर से कोई कीमती सामान गायब न होने से पुलिस रंजिश के बिंदु पर भी जांच कर रही है। सरसौल रेलवे स्टेशन के पास रहने वाले शिवलाल वर्मा के तीन विद्यालय हैं। शंकरानंद हॉयर सेकेंड्री, शंकरानंद इंटर कॉलेज और शंकरानंद डिग्री कॉलेज।
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स्कूल के पास ही इनका मकान है। यह पहले इंटर कॉलेज में पढ़ाते थे, अब रिटायर हो चुके हैं। वर्तमान में शिवलाल वर्मा स्कूल प्रबंध समिति के अध्यक्ष और इनके छोटे भाई राजेंद्र प्रसाद वर्मा मैनेजर हैं।
शिवलाल ने बताया कि रात में वह कमरे में, पत्नी कुंती बरामदे में, बेटा रितेश एवं गर्भवती बहू संध्या अपने कमरे में और छोटा बेटा सीतेश अपने मौसेरे भाई सत्येंद्र के साथ अलग कमरे में सो रहा था। देर रात लगभग तीन बजे असलहों से लैस पांच-छह लोग मकान के पीछे की बाउंड्री फांदकर भीतर घुस आए।
बदमाशों ने मेरे और सीतेश के कमरे की कुंडी बाहर से बंद कर दी। बदमाश रितेश के कमरे में घुस गए और बहू संध्या पर तमंचा तानकर अलमारी की चाभी मांगने लगे। मना करने पर तमंचे की बट मारकर घायल कर दिया। इस पर रितेश ने बदमाश को दबोच लिया। बदमाश ने उस पर फायर झोंक दिया।
लेकिन दिलेर रितेश बदमाश को पकड़े-पकड़े बाहर की ओर आने लगा। इसी बीच दूसरे बदमाश ने रितेश के सीने में गोली मार दी। फिर रितेश के कब्जे से बदमाश छूट गया। छूटते ही सभी बदमाश बाउंड्री फांदकर भाग निकले। बकौल शिवलाल फायरिंग और शोर सुनकर उनकी भी नींद टूट गई पर दरवाजा बाहर से बंद था।
बाद में 100 नंबर डॉयल करने पर महाराजपुर पुलिस पहुंची। मुहल्ले में रहने वाले शिव कुमार दीक्षित ने बताया कि बदमाश उनकी छत पर भी चढ़े थे और शोर मचाने पर छत पर बने कमरे की कुंडी बाहर से बंद कर भाग गए। एसएसपी ने सीओ सदर को गांव में ही कैंप करते हुए घटना का खुलासा जल्द से जल्द करने का निर्देश दिया।
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घायल बेटे-बहू को हैलट में भर्ती कराया गया है। एसएसपी शलभ माथुर, एसपी ग्रामीण सुरेंद्र नाथ तिवारी, सीओ सदर रमाशंकर तिवारी और फोरेंसिक टीम ने मौके पर जाकर छानबीन की। घर से करीब 400 मीटर दूर टीवी और गैस सिलेंडर पड़ा मिला।
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कोई ठोस सुराग हाथ न लगने और घर से कोई कीमती सामान गायब न होने से पुलिस रंजिश के बिंदु पर भी जांच कर रही है। सरसौल रेलवे स्टेशन के पास रहने वाले शिवलाल वर्मा के तीन विद्यालय हैं। शंकरानंद हॉयर सेकेंड्री, शंकरानंद इंटर कॉलेज और शंकरानंद डिग्री कॉलेज।
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स्कूल के पास ही इनका मकान है। यह पहले इंटर कॉलेज में पढ़ाते थे, अब रिटायर हो चुके हैं। वर्तमान में शिवलाल वर्मा स्कूल प्रबंध समिति के अध्यक्ष और इनके छोटे भाई राजेंद्र प्रसाद वर्मा मैनेजर हैं।
शिवलाल ने बताया कि रात में वह कमरे में, पत्नी कुंती बरामदे में, बेटा रितेश एवं गर्भवती बहू संध्या अपने कमरे में और छोटा बेटा सीतेश अपने मौसेरे भाई सत्येंद्र के साथ अलग कमरे में सो रहा था। देर रात लगभग तीन बजे असलहों से लैस पांच-छह लोग मकान के पीछे की बाउंड्री फांदकर भीतर घुस आए।
बदमाशों ने मेरे और सीतेश के कमरे की कुंडी बाहर से बंद कर दी। बदमाश रितेश के कमरे में घुस गए और बहू संध्या पर तमंचा तानकर अलमारी की चाभी मांगने लगे। मना करने पर तमंचे की बट मारकर घायल कर दिया। इस पर रितेश ने बदमाश को दबोच लिया। बदमाश ने उस पर फायर झोंक दिया।
लेकिन दिलेर रितेश बदमाश को पकड़े-पकड़े बाहर की ओर आने लगा। इसी बीच दूसरे बदमाश ने रितेश के सीने में गोली मार दी। फिर रितेश के कब्जे से बदमाश छूट गया। छूटते ही सभी बदमाश बाउंड्री फांदकर भाग निकले। बकौल शिवलाल फायरिंग और शोर सुनकर उनकी भी नींद टूट गई पर दरवाजा बाहर से बंद था।
बाद में 100 नंबर डॉयल करने पर महाराजपुर पुलिस पहुंची। मुहल्ले में रहने वाले शिव कुमार दीक्षित ने बताया कि बदमाश उनकी छत पर भी चढ़े थे और शोर मचाने पर छत पर बने कमरे की कुंडी बाहर से बंद कर भाग गए। एसएसपी ने सीओ सदर को गांव में ही कैंप करते हुए घटना का खुलासा जल्द से जल्द करने का निर्देश दिया।