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पीयूष की जमानत अर्जी खारिज
ब्यूरो, अमर उजाला कानपुर
Updated Tue, 19 May 2015 01:59 AM IST
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जिला जज अरुण कुमार गुप्ता की कोर्ट ने ज्योति मर्डर केस में अभियुक्त पीयूष श्यामदासानी की जमानत अर्जी खारिज कर दी है। ज्योति मर्डर केस में ज्योति के पति पीयूष श्यामदासानी, मनीषा मखीजा, अवधेश, सोनू, रेनू और आशीष को अभियुक्त बनाया गया है। सभी अभियुक्त जेल में है।
सोमवार को पीयूष श्यामदासानी की जमानत अर्जी पर सुनवाई हुई। विशेष लोक सेवक अभियोजक दामोदर मिश्र और शासकीय अधिवक्ता धर्मेंद्र पाल सिंह ने बताया कि बचाव पक्ष के अधिवक्ता सईद नकवी ने कोर्ट में कहा कि ज्योति का मर्डर लूट के इरादे से अवधेश, सोनू, रेनू और आशीष ने किया था।
बाद में ये लोग पकड़े गए तो पति पीयूष को फंसाने के लिए कहानी गढ़ते हुए पुलिस को उसका नाम बता दिया। पीयूष को पुलिस ने गलत तरीके से फंसाया है। इसलिए उसे जमानत दी जाए। वहीं अभियोजन ने कहा कि पति पीयूष ने पूर्व नियोजित योजना के तहत भाड़े के हत्यारों से ज्योति का मर्डर कराया।
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वह हत्या कराने के लिए ही उसे खाना खिलाने के लिए रेस्टोरेंट ले गया था। इसलिए उसकी जमानत मंजूर न की जाए। दोनों पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने पीयूष की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
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सोमवार को पीयूष श्यामदासानी की जमानत अर्जी पर सुनवाई हुई। विशेष लोक सेवक अभियोजक दामोदर मिश्र और शासकीय अधिवक्ता धर्मेंद्र पाल सिंह ने बताया कि बचाव पक्ष के अधिवक्ता सईद नकवी ने कोर्ट में कहा कि ज्योति का मर्डर लूट के इरादे से अवधेश, सोनू, रेनू और आशीष ने किया था।
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बाद में ये लोग पकड़े गए तो पति पीयूष को फंसाने के लिए कहानी गढ़ते हुए पुलिस को उसका नाम बता दिया। पीयूष को पुलिस ने गलत तरीके से फंसाया है। इसलिए उसे जमानत दी जाए। वहीं अभियोजन ने कहा कि पति पीयूष ने पूर्व नियोजित योजना के तहत भाड़े के हत्यारों से ज्योति का मर्डर कराया।
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वह हत्या कराने के लिए ही उसे खाना खिलाने के लिए रेस्टोरेंट ले गया था। इसलिए उसकी जमानत मंजूर न की जाए। दोनों पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने पीयूष की जमानत अर्जी खारिज कर दी।