इटावा: जुलाई से होगी जनगणना, लोगों से पूछे जाएंगे 31 सवाल, 3889 कर्मचारी लगेंगे
जारी की गई अधिसूचना के अनुसार इस बार सरकार घर के फर्श, दीवार और छत की सामग्री, घर में कमरों की संख्या, शौचालय और उसके प्रकार के बारे में भी जानकारी देनी होगी। इस प्रकार के 31 सवालों का जवाब हर किसी को देना होगा। इनसेट इस तरह के होंगे सवाल जनगणना अधिनियम 1948 के तहत केंद्र सरकार ने जनगणना अधिकारियों को नियुक्त कर उन्हें जानकारी एकत्र करने की जिम्मेदारी सौंप दी है।
31 सितंबर तक चलने वाली इस गणना में जनगणना अधिकारी आपसे कुछ इस तरह के सवाल पूछ सकते हैं। बिल्डिंग नंबर, मकान नंबर। घर के फर्श, दीवार और छत की सामग्री और घर की स्थिति। घर में रहने वाले लोगों की संख्या और मुखिया का नाम। घर में रहने वाले लोगों की जाति। घर के मालिकाना हक के बारे में जानकारी। घर में कमरों की संख्या। घर में शादीशुदा लोगों के बारे में जानकारी।
बिजली और पीने के पानी के बारे में जानकारी। शौचालय और शौचालय का प्रकार। रसोईघर और एलपीजी और पीएनजी गैस कनेक्शन की स्थिति। रेडियो, टीवी, इंटरनेट और मोबाइल के संबंध में जानकारी। वाहन होने पर उसके संबंध में जानकारी। घर में मुख्य तौर पर प्रयोग होने वाले अनाजों के बारे में जानकारी। इस बार सरकार जनगणना के दौरान भविष्य में इस संबंध में आपसे संपर्क करने के लिए परिवार के मुखिया का मोबाइल नंबर भी रजिस्टर कराएगी।
इसके अलावा हर छह प्रगणक पर एक सुपरवाइजर तैनात होगा। जनगणना का फार्म भरते समय एक अंडरटेकिंग भी देनी होगी जिसमें साफ तौर पर कहा जाएगा कि जो भी जानकारी दी जा रही है वह पूरी तरह से सही है। अपर जिला अधिकारी ज्ञान प्रकाश श्रीवास्तव ने बताया कि भवन गणना का काम 16 मई से 30 जून तक होगा। जुलाई में जनगणना का काम शुरू होगा। प्रगणकों की सूची तैयार करा दी गई है। जनगणना का काम निर्धारित समय से कराने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।