{"_id":"69ff9ba4b1c165e1aa07ce13","slug":"candidates-stumped-by-conceptual-questions-in-lecturer-recruitment-exam-time-slips-away-kanpur-news-c-362-1-lu11014-147253-2026-05-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kanpur News: प्रवक्ता भर्ती परीक्षा में अवधारणात्मक सवालों में अटके परीक्षार्थी, फिसल गया समय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kanpur News: प्रवक्ता भर्ती परीक्षा में अवधारणात्मक सवालों में अटके परीक्षार्थी, फिसल गया समय
विज्ञापन
कानपुर। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (यूपीईएसएससी) की ओर से शनिवार को आयोजित प्रवक्ता (पीजीटी) भर्ती परीक्षा शनिवार को जिले के 26 केंद्रों पर दो पालियों में हुई। परीक्षा में कुल 125 बहुविकल्पीय प्रश्न पूछे गए।
परीक्षा देकर कई अभ्यर्थियों ने बताया कि प्रश्न सीधे तथ्यों पर आधारित नहीं बल्कि अवधारणात्मक और विषय की गहन समझ पर केंद्रित थे। प्रश्नपत्र पिछले वर्षों की तुलना में अधिक कठिन रहा। कई परीक्षार्थियों ने निर्धारित समय में 125 प्रश्न हल करने को चुनौतीपूर्ण बताया।
गुरुनानक इंटर कॉलेज से बाहर आए अभ्यर्थियों ने बताया कि भौतिक विज्ञान में क्वांटम मैकेनिक्स और थर्मोडायनामिक्स के कॉन्सेप्ट आधारित न्यूमेरिकल पूछे गए। वाणिज्य में भारतीय अर्थव्यवस्था, वित्तीय प्रबंधन और नई आर्थिक नीतियों पर प्रश्न थे। कृषि विषय में फसल चक्र, मृदा प्रबंधन और जैविक खेती से जुड़े व्यावहारिक प्रश्न पूछे गए।
विज्ञापन
पहली पाली में भौतिक विज्ञान, जीव विज्ञान, गृह विज्ञान, इतिहास और शिक्षा शास्त्र की परीक्षा हुई। इसमें 10,384 अभ्यर्थी पंजीकृत थे लेकिन केवल 3,701 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। 6683 अनुपस्थित रहे। वहीं दूसरी पाली में अंग्रेजी, कृषि, वाणिज्य और समाजशास्त्र की परीक्षा हुई। इसमें पंजीकृत 11,869 अभ्यर्थियों में से 4,007 उपस्थित और 7862 अनुपस्थित रहे।
परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे से निगरानी करने के साथ पुलिस बल तैनात किया गया था। महिला अभ्यर्थियों को केंद्र में प्रवेश से पहले कानों की बालियां, गले की चेन और अंगूठियां तक उतारनी पड़ीं। शहर में लखनऊ, लखीमपुर, बलिया सहित प्रदेश के अन्य जिलों से भी अभ्यर्थी शामिल हुए।
भौतिक विज्ञान के पेपर में कई सवाल कॉन्सेप्ट आधारित थे। इन्हें हल करने में समय का पता ही नहीं चला। इस बार प्रश्न पत्र पिछले बार की तुलना में अधिक कठिन रहा। दीप्ति दुबे, लखनऊ
कई प्रश्न इस प्रकार पूछे गए थे कि विकल्प लगभग समान लग रहे थे और सही उत्तर चुनने में काफी समय लग रहा था। वाणिज्य और कृषि में नया पैटर्न नजर आया। - अल्का, लखनऊ
विज्ञापन
परीक्षा देकर कई अभ्यर्थियों ने बताया कि प्रश्न सीधे तथ्यों पर आधारित नहीं बल्कि अवधारणात्मक और विषय की गहन समझ पर केंद्रित थे। प्रश्नपत्र पिछले वर्षों की तुलना में अधिक कठिन रहा। कई परीक्षार्थियों ने निर्धारित समय में 125 प्रश्न हल करने को चुनौतीपूर्ण बताया।
विज्ञापन
गुरुनानक इंटर कॉलेज से बाहर आए अभ्यर्थियों ने बताया कि भौतिक विज्ञान में क्वांटम मैकेनिक्स और थर्मोडायनामिक्स के कॉन्सेप्ट आधारित न्यूमेरिकल पूछे गए। वाणिज्य में भारतीय अर्थव्यवस्था, वित्तीय प्रबंधन और नई आर्थिक नीतियों पर प्रश्न थे। कृषि विषय में फसल चक्र, मृदा प्रबंधन और जैविक खेती से जुड़े व्यावहारिक प्रश्न पूछे गए।
विज्ञापन
पहली पाली में भौतिक विज्ञान, जीव विज्ञान, गृह विज्ञान, इतिहास और शिक्षा शास्त्र की परीक्षा हुई। इसमें 10,384 अभ्यर्थी पंजीकृत थे लेकिन केवल 3,701 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। 6683 अनुपस्थित रहे। वहीं दूसरी पाली में अंग्रेजी, कृषि, वाणिज्य और समाजशास्त्र की परीक्षा हुई। इसमें पंजीकृत 11,869 अभ्यर्थियों में से 4,007 उपस्थित और 7862 अनुपस्थित रहे।
परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे से निगरानी करने के साथ पुलिस बल तैनात किया गया था। महिला अभ्यर्थियों को केंद्र में प्रवेश से पहले कानों की बालियां, गले की चेन और अंगूठियां तक उतारनी पड़ीं। शहर में लखनऊ, लखीमपुर, बलिया सहित प्रदेश के अन्य जिलों से भी अभ्यर्थी शामिल हुए।
भौतिक विज्ञान के पेपर में कई सवाल कॉन्सेप्ट आधारित थे। इन्हें हल करने में समय का पता ही नहीं चला। इस बार प्रश्न पत्र पिछले बार की तुलना में अधिक कठिन रहा। दीप्ति दुबे, लखनऊ
कई प्रश्न इस प्रकार पूछे गए थे कि विकल्प लगभग समान लग रहे थे और सही उत्तर चुनने में काफी समय लग रहा था। वाणिज्य और कृषि में नया पैटर्न नजर आया। - अल्का, लखनऊ