{"_id":"69d2a45b7893a5842f03b614","slug":"bjp-leader-beaten-up-for-refusing-to-pay-extortion-money-kanpur-news-c-214-1-knj1007-147123-2026-04-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kanpur News: रंगदारी देने से मना करने पर भाजपा नेता को पीटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kanpur News: रंगदारी देने से मना करने पर भाजपा नेता को पीटा
विज्ञापन
छिबरामऊ। जिला पंचायत अध्यक्ष के देवर की शादी में शामिल होने गए भाजपा नेता से कुछ लोगों ने रंगदारी मांगी। मना करने पर इन युवकों ने साथियों के साथ सौरिख तिराहे पर घेर लिया और भाजपा नेता की पिटाई कर दी। पीड़ित ने रविवार को कार्रवाई के लिए पुलिस को तहरीर दी है।
मोहल्ला भैनपुरा निवासी भाजपा किसान मोर्चा नगर अध्यक्ष गौरव शाक्य ने बताया कि शनिवार को जिला पंचायत अध्यक्ष के देवर की शादी में शामिल होने गया था। वहां पर मौजूद अकबरपुर व मोहल्ला सराफान निवासी युवकों ने उन्हें बुलाया और एक लाख रुपये महीना रंगदारी देने को कहा। रंगदारी देने से मना करने पर इन युवकों ने उन्हें अंजाम भुगतने की धमकी दी।
इसके बाद वह जिपंस प्रमोद राजपूत व अपने साथियों के साथ घर लौट रहे थे। यह सभी युवकों ने 10 अज्ञात साथियों के साथ उन्हें घेर लिया और उस पर हमला कर पिटाई कर दी। साथियाें ने उसे बचाया। तब यह सभी जान से मारने की धमकी देते हुए चले गए। कोतवाल विष्णुकांत तिवारी ने बताया कि मामला शराब के नशे में कहासुनी का है। रंगदारी मांगने का आरोप बेबुनियाद है। तहरीर के आधार पर जांच की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
मोहल्ला भैनपुरा निवासी भाजपा किसान मोर्चा नगर अध्यक्ष गौरव शाक्य ने बताया कि शनिवार को जिला पंचायत अध्यक्ष के देवर की शादी में शामिल होने गया था। वहां पर मौजूद अकबरपुर व मोहल्ला सराफान निवासी युवकों ने उन्हें बुलाया और एक लाख रुपये महीना रंगदारी देने को कहा। रंगदारी देने से मना करने पर इन युवकों ने उन्हें अंजाम भुगतने की धमकी दी।
विज्ञापन
इसके बाद वह जिपंस प्रमोद राजपूत व अपने साथियों के साथ घर लौट रहे थे। यह सभी युवकों ने 10 अज्ञात साथियों के साथ उन्हें घेर लिया और उस पर हमला कर पिटाई कर दी। साथियाें ने उसे बचाया। तब यह सभी जान से मारने की धमकी देते हुए चले गए। कोतवाल विष्णुकांत तिवारी ने बताया कि मामला शराब के नशे में कहासुनी का है। रंगदारी मांगने का आरोप बेबुनियाद है। तहरीर के आधार पर जांच की जा रही है।
विज्ञापन