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एआई सहायक तकनीक, शिक्षा को देगा नई दिशा : प्रो. सुधीर
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कानपुर। सीएसजेएमयू के दीन दयाल उपाध्याय सभागार में सोमवार को राष्ट्रीय कार्यशाला पेडागॉजी 5.0 - एडवांसिंग टीचिंग एंड रिसर्च विद एआई एंड टेक्नोलॉजी का शुभारंभ हुआ।
आयोजन शिक्षा विभाग, प्रोजेक्ट एंड ईआरजी और आईक्यूएसी के बैनर हुआ। उद्घाटन सत्र में प्रति कुलपति प्रो. सुधीर कुमार अवस्थी ने कहा कि एआई एक सहायक तकनीक है जो चॉकबोर्ड से चैटबॉट तक की यात्रा में शिक्षा को नई दिशा देगा।
मुख्य वक्ता कर्नाटक केंद्रीय विवि के डॉ. के. थियागु ने शिक्षण व शोध में एआई एप्स के प्रयोग पर प्रकाश डाला। विशिष्ट अतिथि डॉ. अंशु यादव (डीन छात्र कल्याण) ने एआई को शिक्षा की भावी संरचना का हिस्सा बताया।
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डीन एकेडमिक्स प्रो. बृष्टि मित्रा ने इसे महाविद्यालयों तक विस्तारित करने की आवश्यकता बताई। प्रथम तकनीकी सत्र में डॉ. अनुराधा कलानी ने एकेडमिक राइटिंग विषय पर व्याख्यान दिया। कार्यशाला में प्राध्यापक व शोधार्थी मौजूद रहे।
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आयोजन शिक्षा विभाग, प्रोजेक्ट एंड ईआरजी और आईक्यूएसी के बैनर हुआ। उद्घाटन सत्र में प्रति कुलपति प्रो. सुधीर कुमार अवस्थी ने कहा कि एआई एक सहायक तकनीक है जो चॉकबोर्ड से चैटबॉट तक की यात्रा में शिक्षा को नई दिशा देगा।
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मुख्य वक्ता कर्नाटक केंद्रीय विवि के डॉ. के. थियागु ने शिक्षण व शोध में एआई एप्स के प्रयोग पर प्रकाश डाला। विशिष्ट अतिथि डॉ. अंशु यादव (डीन छात्र कल्याण) ने एआई को शिक्षा की भावी संरचना का हिस्सा बताया।
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डीन एकेडमिक्स प्रो. बृष्टि मित्रा ने इसे महाविद्यालयों तक विस्तारित करने की आवश्यकता बताई। प्रथम तकनीकी सत्र में डॉ. अनुराधा कलानी ने एकेडमिक राइटिंग विषय पर व्याख्यान दिया। कार्यशाला में प्राध्यापक व शोधार्थी मौजूद रहे।