फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   ज्योति को था हत्या का अहसास: पिता

ज्योति को था हत्या का अहसास: पिता

Sat, 06 Sep 2014 05:31 AM IST
Kanpur
Kanpur Updated Sat, 06 Sep 2014 05:31 AM IST
विज्ञापन
कानपुर। ‘ज्योति श्यामदासानी को अपने साथ अनहोनी का अहसास हो गया था। हत्या के करीब 20 मिनट पहले ज्योति ने अपनी बुआ मोनिका से मोबाइल पर बातचीत में कहा था कि पीयूष आज बहुत ज्यादा प्यार से पेश आ रहा है। रेस्टोरेंट में खाना भी खिलाने लाया है। उसे अपनी जान का खतरा लग रहा है।’ इस बात का खुलासा गुरुवार को ज्योति के पिता शंकर लाल नागदेव ने प्रेस क्लब में पत्रकारों से बातचीत में किया।
विज्ञापन

जबलपुर में रहने वाले शंकर लाल नागदेव ने कहा कि ज्योति अपनी मां और बुआ कोपीयूष की हरकते बताती थी। इसी वजह से उसे इस बार रक्षाबंधन पर मायके आने को कहा था। वह सीधे बेटी ज्योति से बात करना चाहते थे। पर इसकेपहले ही ज्योति की हत्या हो गई। उन्होंने कहा कि मनीषा माखीजा के चलते ही पीयूष ने भाड़े के हत्यारों से ज्योति की हत्या करवाई है। इसलिए पीयूष के साथ मनीषा को भी कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। पीयूष की मां पूनम और पिता ओम प्रकाश की संलिप्तता भी प्रतीत हो रही है। शंकर लाल ने आरोप लगाया कि कुछ राजनेता और बड़े कारोबारी मामले को दबाने का अभी भी प्रयास कर रहे हैं। पर, पुलिस की भूमिका अभी तक सही है। मनीषा का प्रेगनेंसी टेस्ट न कराने, पीयूष और मनीषा को आमने-सामने बिठाकर पूछताछ न करने, पीयूष और मनीषा के हथेली के निशान न लेने जैसी कई बातों को लेकर उन्हें पुलिस की विवेचना पर शक जरूर हुआ। इस सिलसिले में वह पुलिस अफसरों और अधिवक्ताओं से जानकारी लेने कानपुर आए हैं।
विज्ञापन

उन्होंने आईजी आशुतोष पांडेय, एसएसपी के. सुनील इमैनुएल और एसपी पूर्वी प्रभाकर चौधरी से बातचीत भी की और कहा कि निर्दोष को न फंसाया जाए और दोषी को बख्शा न जाए। वे हाईकोर्ट में भी अभियुक्तों की जमानत का विरोध करेंगे। मनीषा के मोबाइल की कॉल डिटेल और एसएमएस का ब्योरा पुलिस को नहीं मिला है। ब्लैक बैरी कंपनी अपने उपभोक्ताओं के मोबाइल का डिटेल नहीं देती है। इसलिए उन्होंने मध्य प्रदेश के सांसदों के जरिए केंद्रीय मंत्री सुषमा स्वराज से गुहार लगाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


मिली सुरक्षा
ज्योति हत्याकांड की पैरवी करने आए शंकर लाल नागदेव को सुरक्षा मुहैया कराई गई है। उन्हें एक गनर और शैडो के साथ पुलिस की एक गाड़ी भी मिली है। मालूम हो कि शंकर लाल ने इटावा के फत्तूराम पर धमकी देने का आरोप लगाते हुए सीएम अखिलेश यादव और आईजी आशुतोष पांडेय से सुरक्षा की गुहार लगाई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed