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Kanpur News: फास्ट फूड बनाना सीख रहीं समूह की 35 महिलाएं
Sun, 27 Sep 2026 12:34 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Sun, 27 Sep 2026 12:34 AM IST
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कानपुर देहात। समूह की 35 महिलाएं आरसेटी (ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान) से फास्ट फूड बनाने का प्रशिक्षण प्राप्त कर रही हैं। प्रशिक्षित होने के बाद यह खुद का कारोबार शुरू कर सकेंगी और आत्मनिर्भर बनेंगी। इसके लिए इन्हें सीएम युवा उद्यम योजना के तहत पांच लाख रुपये तक ऋण प्रदान किया जाएगा।
ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले में 10 हजार से अधिक स्वयं सहायता समूह संचालित हैं। इनसे जुड़ी एक लाख से अधिक महिलाएं अपने कौशल के अनुसार प्रशिक्षण प्राप्त कर खुद का कारोबार कर रही हैं। साथ ही अन्य महिलाओं को भी रोजगार उपलब्ध करा रही हैं। मिशन की तरफ से एनआरएलएम विभाग को पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की महिलाओं को समूह में शामिल कर उन्हें लखपति दीदी की श्रेणी में लाने का प्रयास किया जा रहा है। इन्हें समूह में शामिल कर अलग-अलग कारोबार से संबंधित हुनर सिखाए जा रहे हैं।
आरसेटी प्रशिक्षक निखिल मिश्रा ने बताया कि अलग-अलग समूह से जुड़ी 35 महिलाओं ने फास्ट फूड का काम करने की इच्छा जाहिर करते हुए आवेदन किया था। इन्हें 30 दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण पूरा होने पर इन्हें सीसीएल के तहत मिलने वाले 1.5 लाख रुपये अलावा जो महिलाएं बड़े स्तर पर कारोबार करना चाहेंगी, उन्हें सीएम युवा उद्यम योजना के तहत पांच लाख रुपये तक का ऋण प्रदान कराने में सहायता दी जाएगी। इसके अलावा जल्द ही करीब 35 अन्य महिलाओं सॉफ्ट टॉय बनाने का प्रशिक्षण दिया जाएगा, इसके लिए आवेदन मांगे गए हैं।
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बयान.........
आरसेटी से समूह की महिलाओं को फास्ट फूड बनाने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण पूरा होने पर इन्हें प्रमाण पत्र के साथ कारोबार शुरू करने के लिए ऋण प्राप्त करने के लिए सहायता प्रदान की जाएगी। इसका उद्देश्य ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना है। - मयंक कटियार, निदेशक, आरसेटी
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ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले में 10 हजार से अधिक स्वयं सहायता समूह संचालित हैं। इनसे जुड़ी एक लाख से अधिक महिलाएं अपने कौशल के अनुसार प्रशिक्षण प्राप्त कर खुद का कारोबार कर रही हैं। साथ ही अन्य महिलाओं को भी रोजगार उपलब्ध करा रही हैं। मिशन की तरफ से एनआरएलएम विभाग को पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की महिलाओं को समूह में शामिल कर उन्हें लखपति दीदी की श्रेणी में लाने का प्रयास किया जा रहा है। इन्हें समूह में शामिल कर अलग-अलग कारोबार से संबंधित हुनर सिखाए जा रहे हैं।
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आरसेटी प्रशिक्षक निखिल मिश्रा ने बताया कि अलग-अलग समूह से जुड़ी 35 महिलाओं ने फास्ट फूड का काम करने की इच्छा जाहिर करते हुए आवेदन किया था। इन्हें 30 दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण पूरा होने पर इन्हें सीसीएल के तहत मिलने वाले 1.5 लाख रुपये अलावा जो महिलाएं बड़े स्तर पर कारोबार करना चाहेंगी, उन्हें सीएम युवा उद्यम योजना के तहत पांच लाख रुपये तक का ऋण प्रदान कराने में सहायता दी जाएगी। इसके अलावा जल्द ही करीब 35 अन्य महिलाओं सॉफ्ट टॉय बनाने का प्रशिक्षण दिया जाएगा, इसके लिए आवेदन मांगे गए हैं।
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आरसेटी से समूह की महिलाओं को फास्ट फूड बनाने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण पूरा होने पर इन्हें प्रमाण पत्र के साथ कारोबार शुरू करने के लिए ऋण प्राप्त करने के लिए सहायता प्रदान की जाएगी। इसका उद्देश्य ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना है। - मयंक कटियार, निदेशक, आरसेटी